जंतर-मंतर पर कॉकरोच जनता पार्टी का प्रदर्शन, अभिजीत दिपके पहुंचे दिल्ली, सुरक्षा व्यवस्था कड़ी
दिल्ली के जंतर-मंतर पर कॉकरोच जनता पार्टी (CJP) के संस्थापक अभिजीत दिपके के प्रस्तावित शांतिपूर्ण प्रदर्शन को लेकर राजधानी में हलचल तेज हो गई है। दिपके ने समर्थकों को किताब और तिरंगा लेकर जुटने का आह्वान किया है। पुलिस ने प्रदर्शन की अनुमति की पुष्टि के साथ ही सुरक्षा व्यवस्था को मजबूत कर दिया है। आईजीआई एयरपोर्ट से लेकर जंतर-मंतर और सीमावर्ती इलाकों तक अतिरिक्त पुलिस बल तैनात किया गया है।
अभिजीत दिपके पहुंचे दिल्ली, सोशल मीडिया से किया आह्वान
कॉकरोच जनता पार्टी (CJP) के संस्थापक अभिजीत दिपके शनिवार को दिल्ली पहुंच गए। दिल्ली पहुंचते ही उन्होंने सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म पर पोस्ट जारी कर अपने समर्थकों से जंतर-मंतर पर एकत्र होने की अपील की। उन्होंने कहा कि यह आंदोलन पूरी तरह शांतिपूर्ण और लोकतांत्रिक तरीके से किया जाएगा। दिपके ने समर्थकों से अपील की कि वे अपने साथ एक किताब और राष्ट्रीय ध्वज (तिरंगा) लेकर पहुंचे, ताकि आंदोलन को विचार और शांति के प्रतीक के रूप में प्रस्तुत किया जा सके।
दिल्ली पुलिस ने दी अनुमति, सुरक्षा व्यवस्था सख्त
दिल्ली पुलिस ने पुष्टि की है कि CJP को जंतर-मंतर पर प्रदर्शन की अनुमति प्रदान की गई है। हालांकि, किसी भी संभावित स्थिति से निपटने के लिए पुलिस प्रशासन पूरी तरह सतर्क है। विशेष आयुक्त (कानून व्यवस्था) ने बताया कि आईजीआई एयरपोर्ट, सीमावर्ती क्षेत्रों और प्रदर्शन स्थल के आसपास अतिरिक्त सुरक्षा बलों की तैनाती की गई है। पुलिस का उद्देश्य है कि प्रदर्शन शांतिपूर्ण तरीके से संपन्न हो और किसी प्रकार की अव्यवस्था उत्पन्न न हो।
एयरपोर्ट से जंतर-मंतर तक सुरक्षा घेरे में दिल्ली
दिपके के दिल्ली पहुंचने के बाद सुरक्षा व्यवस्था को और मजबूत कर दिया गया है। एयरपोर्ट से लेकर शहर के प्रमुख मार्गों और संवेदनशील स्थानों पर पुलिस की निगरानी बढ़ा दी गई है। खुफिया इकाइयां भी स्थिति पर नजर बनाए हुए हैं। अधिकारियों के अनुसार, सोशल मीडिया पर चल रही गतिविधियों को भी ट्रैक किया जा रहा है ताकि किसी भी अप्रत्याशित स्थिति से पहले ही निपटा जा सके।
संस्था का दावा—शांतिपूर्ण और ऐतिहासिक आंदोलन
CJP के प्रवक्ता आशुतोष रांका ने कहा कि अभिजीत दिपके दिल्ली पहुंच चुके हैं और यह आंदोलन भारतीय राजनीति में एक नया संदेश देगा। उनके अनुसार, समर्थकों के साथ बातचीत के बाद आगे की रणनीति तय की जाएगी। संगठन का दावा है कि यह प्रदर्शन पूरी तरह अहिंसक और लोकतांत्रिक मूल्यों पर आधारित होगा। वहीं प्रशासन पूरी स्थिति पर नजर बनाए हुए है और किसी भी स्थिति से निपटने के लिए तैयार है।