CJP आंदोलन के बीच बातचीत की पहल, जेपी नड्डा से मिलने रवाना हुए संगठन के प्रतिनिधि
दिल्ली में चल रहे CJP के ‘संसद चलो’ आंदोलन के बीच बातचीत की संभावना बनती दिख रही है। संगठन का दावा है कि सरकार की पहल पर उसके प्रतिनिधि केंद्रीय मंत्री जेपी नड्डा से मुलाकात के लिए रवाना हुए हैं। दूसरी ओर, संसद की ओर बढ़ रहे प्रदर्शनकारियों को पुलिस ने रास्ते में रोक दिया, जिससे कुछ स्थानों पर तनाव की स्थिति भी बनी।
संगठन का दावा- सरकार ने बातचीत के लिए किया संपर्क
CJP के मुख्य प्रवक्ता सौरव दास ने सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म ‘एक्स’ पर पोस्ट साझा करते हुए दावा किया कि सोमवार सुबह सरकार की ओर से बातचीत के लिए संपर्क किया गया। उनके अनुसार, वह और संगठन के प्रतिनिधि आशुतोष रंका केंद्रीय मंत्री एवं भाजपा अध्यक्ष जेपी नड्डा से मुलाकात के लिए रवाना हुए हैं। सौरव दास ने कहा कि संगठन अपनी मांगों पर कायम है, लेकिन बातचीत के माध्यम से समाधान निकालने की दिशा में आगे बढ़ना चाहता है।
संसद की ओर बढ़े प्रदर्शनकारी, पुलिस ने रोका
इसी दौरान CJP के प्रदर्शनकारी निर्धारित कार्यक्रम के अनुसार संसद की ओर बढ़े। सुरक्षा व्यवस्था के मद्देनज़र पुलिस ने उन्हें निर्धारित बैरिकेडिंग पर रोक दिया। प्रत्यक्षदर्शियों और प्रारंभिक रिपोर्टों के अनुसार, कुछ स्थानों पर प्रदर्शनकारियों और पुलिस के बीच धक्का-मुक्की और नारेबाजी भी हुई। स्थिति को नियंत्रित करने के लिए पुलिस ने भीड़ को आगे बढ़ने से रोका।
पुलिस कार्रवाई और हिरासत की खबरें
प्रदर्शन के दौरान पुलिस कार्रवाई की भी खबरें सामने आईं। विभिन्न मीडिया रिपोर्टों के अनुसार, भीड़ को नियंत्रित करने के लिए पुलिस ने बल प्रयोग किया। वहीं, CJP का कहना है कि उसके प्रवक्ता सौरव दास को अधिकारियों से बातचीत के लिए डिप्टी कमिश्नर कार्यालय ले जाया गया। इस संबंध में पुलिस की ओर से विस्तृत आधिकारिक बयान का इंतजार है।
शिक्षा सुधार की मांग पर केंद्रित है आंदोलन
CJP का आंदोलन शिक्षा व्यवस्था में सुधार, परीक्षा प्रणाली में पारदर्शिता, पेपर लीक की घटनाओं पर रोक और जवाबदेही जैसे मुद्दों को लेकर चल रहा है। संगठन का कहना है कि बड़ी संख्या में युवा इन मांगों के समर्थन में प्रदर्शन कर रहे हैं। यदि सरकार और संगठन के बीच औपचारिक वार्ता होती है, तो इससे आंदोलन के समाधान की दिशा में महत्वपूर्ण प्रगति हो सकती है।
बातचीत के नतीजे पर टिकी निगाहें
फिलहाल सभी की नजर संभावित बैठक और उसके परिणाम पर है। यदि दोनों पक्षों के बीच सकारात्मक बातचीत होती है, तो लंबे समय से जारी गतिरोध में कमी आ सकती है। हालांकि, अब तक सरकार की ओर से जेपी नड्डा और CJP प्रतिनिधियों की प्रस्तावित बैठक को लेकर कोई आधिकारिक पुष्टि सार्वजनिक नहीं की गई है।