रामगढ़ में CPI का प्रदर्शन, महंगाई-बेरोजगारी और पेपर लीक के खिलाफ SDM को सौंपा ज्ञापन
रामगढ़ (अलवर)
भारतीय कम्यूनिस्ट पार्टी (सीपीआई) तहसील कमेटी रामगढ़ ने सोमवार दोपहर बढ़ती महंगाई, बेरोजगारी, भ्रष्टाचार और पेपर लीक जैसे गंभीर मुद्दों को लेकर प्रधानमंत्री के नाम उपखंड अधिकारी (SDM) रामगढ़ को ज्ञापन सौंपा। यह ज्ञापन सीपीआई के तहसील सचिव कॉमरेड शम्भु सोनी के नेतृत्व में दिया गया।
ज्ञापन में आम जनता, मजदूरों, किसानों और विद्यार्थियों से जुड़े कई महत्वपूर्ण मुद्दों को उठाते हुए केंद्र सरकार से त्वरित कार्रवाई की मांग की गई। इस दौरान कार्यकर्ताओं ने एसडीएम कार्यालय के बाहर प्रदर्शन करते हुए अपनी मांगों को लेकर जोरदार विरोध जताया तथा शिक्षा मंत्री मदन दिलावर के इस्तीफे की मांग भी उठाई।
सीपीआई नेताओं ने कहा कि लगातार बढ़ रही महंगाई ने आम आदमी का जीवन कठिन बना दिया है। डीजल, पेट्रोल और रसोई गैस की कीमतों में वृद्धि से घरेलू बजट बुरी तरह प्रभावित हो रहा है, वहीं रुपये की गिरती कीमत का भी आम जनता पर नकारात्मक असर पड़ रहा है। पार्टी ने ईंधन और गैस की कीमतों को तत्काल वापस लेने की मांग की।
मजदूर वर्ग की समस्याओं को उठाते हुए पार्टी ने न्यूनतम मजदूरी बढ़ाकर 26 हजार रुपये प्रतिमाह करने की मांग की। साथ ही श्रम कानूनों में किए गए बदलावों को वापस लेने की बात कहते हुए आरोप लगाया कि वर्तमान नीतियों से श्रमिकों के अधिकार प्रभावित हो रहे हैं।
छात्रों के भविष्य से जुड़े पेपर लीक मामलों पर चिंता जताते हुए सीपीआई ने केंद्रीय शिक्षा मंत्री धर्मेंद्र प्रधान से नैतिक जिम्मेदारी लेते हुए इस्तीफे की मांग की। नेताओं का कहना है कि लगातार हो रहे पेपर लीक से प्रतियोगी परीक्षाओं की विश्वसनीयता पर सवाल खड़े हो रहे हैं और युवाओं का भविष्य संकट में है।
किसानों की समस्याओं का जिक्र करते हुए पार्टी ने समय पर खाद और बीज उपलब्ध कराने की मांग भी रखी। उनका कहना है कि कृषि सीजन के दौरान संसाधनों की कमी से उत्पादन प्रभावित होता है।
सीपीआई नेताओं ने उम्मीद जताई कि सरकार उनकी मांगों पर गंभीरता से विचार कर आवश्यक कदम उठाएगी। ज्ञापन सौंपने के दौरान पार्टी के कई कार्यकर्ता और पदाधिकारी मौजूद रहे।