पाकिस्तान में पेट्रोल-डीजल फिर महंगा, ईंधन आपूर्ति को लेकर बढ़ी चिंता; भारत में फिलहाल कीमतें स्थिर
पाकिस्तान में पेट्रोल और डीजल की कीमतों में एक बार फिर बढ़ोतरी की गई है, जिससे आम लोगों और परिवहन क्षेत्र पर अतिरिक्त आर्थिक दबाव बढ़ने की आशंका है। अंतरराष्ट्रीय बाजार में कच्चे तेल की कीमतों और पश्चिम एशिया में बढ़ते भू-राजनीतिक तनाव को इसकी प्रमुख वजह बताया जा रहा है। वहीं भारत में फिलहाल ईंधन की खुदरा कीमतों में कोई बड़ा बदलाव नहीं हुआ है और अधिकांश शहरों में दरें स्थिर बनी हुई हैं।
पाकिस्तान में बढ़े पेट्रोल-डीजल के दाम
पाकिस्तान सरकार ने 11 जुलाई 2026 से पेट्रोल और डीजल की नई कीमतें लागू की हैं। नई दरों के अनुसार पेट्रोल की कीमत में 13.18 पाकिस्तानी रुपये प्रति लीटर और हाई-स्पीड डीजल में 13.80 पाकिस्तानी रुपये प्रति लीटर की बढ़ोतरी की गई है। इसके बाद पेट्रोल लगभग 310.71 पाकिस्तानी रुपये प्रति लीटर और डीजल 323.30 पाकिस्तानी रुपये प्रति लीटर के स्तर पर पहुंच गया है।
महंगाई पर पड़ सकता है सीधा असर
ईंधन की कीमतों में वृद्धि का असर केवल वाहन चालकों तक सीमित नहीं रहता। परिवहन लागत बढ़ने से खाद्य पदार्थों, रोजमर्रा के सामान और अन्य आवश्यक वस्तुओं की कीमतों में भी बढ़ोतरी की संभावना रहती है। आर्थिक विशेषज्ञों का मानना है कि यदि अंतरराष्ट्रीय बाजार में कच्चे तेल की कीमतें ऊंची बनी रहती हैं तो महंगाई का दबाव और बढ़ सकता है।
ईंधन आपूर्ति को लेकर भी बढ़ी चिंता
रिपोर्टों के अनुसार पाकिस्तान में पेट्रोल का उपलब्ध स्टॉक सीमित स्तर पर पहुंच गया है। ईंधन की मांग बढ़ने, आयात में देरी और वैश्विक शिपिंग चुनौतियों के कारण आपूर्ति व्यवस्था पर दबाव बना हुआ है। हालांकि आने वाले दिनों में कुछ नई खेप पहुंचने की उम्मीद जताई जा रही है, लेकिन विशेषज्ञ स्थिति पर लगातार नजर बनाए हुए हैं।
मध्य पूर्व तनाव का असर
पश्चिम एशिया में बढ़ते तनाव और प्रमुख समुद्री मार्गों पर सुरक्षा चिंताओं के कारण अंतरराष्ट्रीय तेल बाजार में अनिश्चितता बनी हुई है। यदि कच्चे तेल की आपूर्ति प्रभावित होती है या शिपिंग लागत बढ़ती है, तो इसका असर कई देशों की ऊर्जा लागत पर पड़ सकता है। इसी वजह से तेल आयात करने वाले देशों की चिंता भी बढ़ी हुई है।
भारत में क्या है स्थिति?
भारत में फिलहाल पेट्रोल और डीजल की खुदरा कीमतों में कोई बड़ा बदलाव नहीं हुआ है। राजधानी दिल्ली में पेट्रोल लगभग 102.12 रुपये प्रति लीटर और डीजल 95.20 रुपये प्रति लीटर बिक रहा है। हालांकि विभिन्न राज्यों में वैट और स्थानीय करों के कारण ईंधन की कीमतें अलग-अलग हो सकती हैं। फिलहाल घरेलू बाजार में आपूर्ति सामान्य बनी हुई है।
बाजार की नजर वैश्विक घटनाक्रम पर
ऊर्जा बाजार के जानकारों का कहना है कि आने वाले दिनों में अंतरराष्ट्रीय कच्चे तेल की कीमतें, मध्य पूर्व की स्थिति और समुद्री व्यापार मार्गों की सुरक्षा ईंधन बाजार की दिशा तय करेंगी। यदि वैश्विक तनाव कम होता है तो कीमतों में स्थिरता बनी रह सकती है, जबकि तनाव बढ़ने की स्थिति में नए उतार-चढ़ाव देखने को मिल सकते हैं।