उदयपुर फायरिंग केस में दो इनामी शूटर गिरफ्तार, भागने की कोशिश में टूटे पैर
Udaipur Firing Case: उदयपुर के सवीना थाना क्षेत्र में हुई फायरिंग के मामले में पुलिस ने गोगा गैंग से जुड़े दो और बदमाशों को गिरफ्तार किया है। पुलिस के अनुसार दोनों आरोपियों पर 10-10 हजार रुपये का इनाम घोषित था और उन्हें मथुरा से पकड़ा गया। उदयपुर लाते समय दोनों ने टॉयलेट जाने के बहाने पुलिस कस्टडी से भागने की कोशिश की, लेकिन सड़क किनारे गड्ढे में गिरकर घायल हो गए। दोनों के पैर में फ्रैक्चर हुआ है।
गोगा गैंग के दो सदस्य मथुरा से पकड़े गए
सवीना थाना पुलिस ने फायरिंग मामले में गोगा गैंग के सदस्य उस्मान गनी और मोहसिन गदनीया उर्फ काणा को गिरफ्तार किया है। पुलिस के मुताबिक, दोनों आरोपी वारदात के बाद लगातार अपने ठिकाने बदल रहे थे।
दोनों की तलाश में पुलिस ने अजमेर, भीलवाड़ा, जयपुर, दिल्ली, हरियाणा, उत्तर प्रदेश और गुजरात सहित कई स्थानों पर दबिश दी। आखिरकार पुलिस टीम ने दोनों को मथुरा से गिरफ्तार कर लिया।
टॉयलेट के बहाने भागने की कोशिश
पुलिस के अनुसार, दोनों आरोपियों को मथुरा से उदयपुर लाया जा रहा था। रास्ते में उन्होंने टॉयलेट जाने की बात कहकर पुलिस कस्टडी से भागने का प्रयास किया।
भागते समय दोनों गड्ढे में गिर गए और घायल हो गए। पुलिस ने दोनों को मौके से पकड़ लिया। गिरने की वजह से दोनों के पैर में चोट आई और फ्रैक्चर होने की जानकारी सामने आई है।
सवीना थानाधिकारी दलबीर सिंह के मुताबिक, दोनों को अब आगे की कानूनी कार्रवाई के तहत न्यायालय में पेश किया जाएगा।
30 अगस्त की रात होटल के बाहर हुई थी फायरिंग
पुलिस के अनुसार, घटना 30 अगस्त की रात करीब डेढ़ बजे की है। सवीना खेड़ा निवासी प्रेमसिंह सोलंकी अपने दोस्तों के साथ बलीचा स्थित महादेव होटल में जन्मदिन की पार्टी में गया था।
इसी दौरान एक कार में सवार चार लोग वहां पहुंचे। आरोप है कि बदमाशों ने अरदीन पर हमला करने की नीयत से उसकी कार के आगे अपनी कार लगा दी और फायरिंग शुरू कर दी।
पुलिस के मुताबिक, इस दौरान करीब चार राउंड गोलियां चलाई गईं, जिनमें से दो गोलियां अरदीन को लगीं। घटना के बाद इलाके में हड़कंप मच गया था।
पुरानी रंजिश में फायरिंग का पुलिस को शक
जांच के दौरान पुलिस के सामने यह बात आई कि फायरिंग की घटना अरदीन और उस्मान गनी के बीच चल रही कथित रंजिश से जुड़ी थी।
पुलिस ने मामले की जांच आगे बढ़ाते हुए वारदात की साजिश और इसमें शामिल अन्य लोगों की भूमिका का पता लगाया। इसी आधार पर फरार आरोपियों की तलाश शुरू की गई।
पहले ही चार आरोपी हो चुके हैं गिरफ्तार
फायरिंग मामले में पुलिस इससे पहले चार आरोपियों को गिरफ्तार कर चुकी है। इनमें कथित मुख्य सूत्रधार मुजफ्फर हुसैन उर्फ गोगा, उसके सहयोगी जयेश और गोविंद उर्फ सोनू शामिल हैं।
इसके अलावा पुलिस ने हथियार उपलब्ध कराने के आरोप में रौनक राव उर्फ रोनी को भी गिरफ्तार किया था। ये सभी आरोपी फिलहाल जेल में बताए जा रहे हैं।
उस्मान गनी और मोहसिन गदनीया की गिरफ्तारी के बाद इस मामले में अब तक छह आरोपियों की गिरफ्तारी हो चुकी है।
दोनों आरोपियों पर पहले से दर्ज हैं मामले
पुलिस के अनुसार, सेक्टर-12 निवासी और वर्तमान में चित्रकूट नगर, सवीना में रहने वाले उस्मान गनी के खिलाफ पहले से आर्म्स एक्ट और मारपीट सहित मामले दर्ज हैं।
वहीं सेक्टर-12 के मुर्शिद नगर निवासी मोहसिन गदनीया उर्फ काणा के खिलाफ भी कई आपराधिक मामले दर्ज होने की जानकारी पुलिस ने दी है। दोनों के खिलाफ सवीना थाने में आर्म्स एक्ट से जुड़े मामले भी बताए गए हैं।
रिमांड में हथियारों और मददगारों की होगी जांच
सवीना थाना पुलिस अब दोनों आरोपियों को न्यायालय में पेश कर रिमांड लेने की तैयारी में है। पुलिस का कहना है कि पूछताछ के दौरान फायरिंग में इस्तेमाल हथियारों की बरामदगी और हथियार उपलब्ध कराने वाले लोगों तक पहुंचने की कोशिश की जाएगी।
इसके अलावा पुलिस फरारी के दौरान आरोपियों को कथित तौर पर शरण देने या आर्थिक मदद पहुंचाने वाले लोगों की भूमिका की भी जांच करेगी। पुलिस ने ऐसे लोगों के खिलाफ भी कानूनी कार्रवाई की चेतावनी दी है।