NEET परीक्षा रद्द होने से गड़बड़ियों पर सवाल उठे, निष्पक्ष जांच जरूरी: टीकाराम जूली
जयपुर, 12 मई 2026
राजस्थान विधानसभा में नेता प्रतिपक्ष टीकाराम जूली ने NEET परीक्षा रद्द होने और मामले की जांच CBI को सौंपे जाने के बाद अपनी प्रतिक्रिया दी है। उन्होंने कहा कि परीक्षा रद्द होना इस बात का संकेत है कि पूरे प्रकरण में गंभीर अनियमितताओं की आशंका बनी है, जिसकी निष्पक्ष और पारदर्शी जांच आवश्यक है।
जूली ने कहा कि इस घटनाक्रम से देशभर के लाखों विद्यार्थियों और उनके अभिभावकों में चिंता का माहौल है, क्योंकि इससे उनके भविष्य पर असर पड़ता है। उन्होंने कहा कि प्रतियोगी परीक्षाओं की विश्वसनीयता बनाए रखना सरकार और संबंधित एजेंसियों की जिम्मेदारी है।
उन्होंने यह भी कहा कि यदि परीक्षार्थियों की ओर से पहले शिकायतें सामने आई थीं, तो उन पर समय रहते गंभीरता से कार्रवाई होनी चाहिए थी। जूली के अनुसार, ऐसे मामलों में पारदर्शिता और त्वरित कदम उठाना बेहद जरूरी है ताकि किसी भी प्रकार की शंका की स्थिति न बने।
नेता प्रतिपक्ष ने पूर्व में हुए पेपर लीक मामलों का जिक्र करते हुए कहा कि बार-बार सामने आ रही ऐसी घटनाएं परीक्षा प्रणाली की मजबूती पर सवाल खड़े करती हैं। उन्होंने मांग की कि दोषियों की पहचान कर उनके खिलाफ सख्त कार्रवाई की जाए, ताकि भविष्य में इस तरह की घटनाओं की पुनरावृत्ति न हो।
उन्होंने राज्य सरकार की भूमिका पर भी सवाल उठाते हुए कहा कि ऐसे संवेदनशील मामलों में पूरी पारदर्शिता बरतना जरूरी है। जूली ने कहा कि यदि कहीं भी लापरवाही या चूक सामने आती है, तो उसकी निष्पक्ष जांच होनी चाहिए।
अंत में उन्होंने कहा कि विद्यार्थियों के हितों की रक्षा सर्वोपरि होनी चाहिए और उन्हें न्याय दिलाने के लिए हर स्तर पर आवश्यक कदम उठाए जाने चाहिए।