भारत का बड़ा एक्शन: UAPA के तहत 23 आतंकवादी घोषित, हाफिज सईद का दामाद वलीद भी सूची में शामिल
आतंकवाद के खिलाफ भारत ने एक और बड़ा कदम उठाते हुए पाकिस्तान और पाकिस्तान अधिकृत जम्मू-कश्मीर (PoK) में सक्रिय 23 लोगों को गैर-कानूनी गतिविधियां (रोकथाम) अधिनियम (UAPA) के तहत आतंकवादी घोषित किया है। गृह मंत्रालय की ओर से जारी इस सूची में लश्कर-ए-तैयबा और जैश-ए-मोहम्मद से जुड़े कई वरिष्ठ चेहरे शामिल हैं। इनमें लश्कर सरगना हाफिज सईद का दामाद हाफिज खालिद वलीद भी शामिल है, जिस पर कई आतंकी साजिशों में भूमिका निभाने के आरोप हैं।
गृह मंत्रालय ने जारी की 23 आतंकवादियों की सूची
केंद्रीय गृह मंत्रालय ने शनिवार को UAPA की चौथी अनुसूची के तहत 23 आतंकवादियों को अधिसूचित किया। सूची में पाकिस्तान और PoK में सक्रिय ऐसे व्यक्तियों को शामिल किया गया है, जिन पर भारत में आतंकी गतिविधियों, घुसपैठ, हथियारों की तस्करी, आतंकी वित्तपोषण और आतंकियों की भर्ती कराने जैसे गंभीर आरोप हैं। सरकार का कहना है कि यह कदम आतंकवाद के नेटवर्क पर कानूनी और रणनीतिक दबाव बढ़ाने की दिशा में महत्वपूर्ण है। सूची में लश्कर-ए-तैयबा और जैश-ए-मोहम्मद के कई कमांडर, संचालक और सहयोगी शामिल किए गए हैं।
हाफिज सईद के दामाद वलीद पर गंभीर आरोप
सूची में शामिल हाफिज खालिद वलीद को लश्कर-ए-तैयबा का वरिष्ठ सदस्य और संगठन प्रमुख हाफिज सईद का दामाद बताया गया है। गृह मंत्रालय के अनुसार, वलीद पर वर्ष 2016 के पंपोर आतंकी हमले की साजिश रचने सहित कई आतंकी गतिविधियों में शामिल होने के आरोप हैं। वह लंबे समय से संगठन की केंद्रीय सलाहकार समिति का हिस्सा रहा है। अमेरिका भी उसे पहले वैश्विक आतंकवादी घोषित कर चुका है। भारतीय एजेंसियों के अनुसार, वह सीमा पार से आतंकी नेटवर्क के संचालन में सक्रिय भूमिका निभाता रहा है।
राम जन्मभूमि और आरएसएस मुख्यालय की रेकी करने वालों के नाम भी शामिल
गृह मंत्रालय की सूची में जैश-ए-मोहम्मद से जुड़े मोहम्मद मुसद्दिक का नाम भी शामिल है। उस पर अयोध्या स्थित राम जन्मभूमि परिसर, नागपुर में आरएसएस मुख्यालय और पानीपत की इंडियन ऑयल रिफाइनरी की रेकी करने का आरोप है। जांच एजेंसियों के मुताबिक वह भारत में घुसपैठ कराने, सुरंगों और ड्रोन के जरिए हथियार पहुंचाने तथा आतंकियों को रसद उपलब्ध कराने में सक्रिय रहा है। इसके अलावा मसूद इलियास कश्मीरी, मुफ्ती मोहम्मद असगर खान और हाफिज अब्दुल शकूर जैसे कई अन्य नाम भी सूची में शामिल किए गए हैं।
भारतीय नागरिक भी सूची में शामिल
गृह मंत्रालय द्वारा जारी सूची में छह भारतीय नागरिकों के नाम भी शामिल हैं, जिनके बारे में आरोप है कि वे पाकिस्तान जाकर आतंकी संगठनों से जुड़े और बाद में भारत विरोधी गतिविधियों में सक्रिय हो गए। इनमें फिरदौस अहमद भट, हारून राशिद गनई, बिलाल अहमद मीर, आबिद कय्यूम लोन, नजीर अहमद गुज्जर, ओवैस फारूज और मोहम्मद शाहिद फैसल जैसे नाम शामिल हैं। जांच एजेंसियों के अनुसार, इन पर युवाओं की भर्ती, हथियारों की तस्करी, ड्रोन के जरिए हथियार पहुंचाने और सीमा पार आतंकी मॉड्यूल का संचालन करने जैसे आरोप हैं।
आतंकवाद के खिलाफ सख्त रणनीति का हिस्सा
सरकार का कहना है कि आतंकवाद के खिलाफ जीरो टॉलरेंस नीति के तहत यह कार्रवाई की गई है। गृह मंत्रालय के अनुसार, सूची में शामिल व्यक्तियों पर कानूनी कार्रवाई के साथ उनकी गतिविधियों पर अंतरराष्ट्रीय स्तर पर भी निगरानी बढ़ाने का प्रयास किया जाएगा। इस कदम का उद्देश्य सीमा पार संचालित आतंकी नेटवर्क को कमजोर करना, उनकी वित्तीय गतिविधियों पर रोक लगाना और भारत की सुरक्षा के खिलाफ काम करने वाले तत्वों पर प्रभावी कार्रवाई सुनिश्चित करना है।