ईरान में लगातार तीसरे दिन धमाके, हमलों की जिम्मेदारी पर सस्पेंस बरकरार
ईरान के दक्षिणी हिस्सों में लगातार तीसरे दिन विस्फोटों की खबरों से क्षेत्रीय तनाव फिर बढ़ गया है। बुशहर, चोघादक और कोनारक समेत कई इलाकों में देर रात धमाकों की आवाजें सुनी गईं। हालांकि, इन विस्फोटों की आधिकारिक वजह अब तक स्पष्ट नहीं हुई है। अमेरिका ने इन घटनाओं में अपनी किसी भी सैन्य भूमिका से इनकार किया है, जबकि कुछ रक्षा विशेषज्ञों ने इजरायल की संभावित भूमिका पर अटकलें जताई हैं। फिलहाल किसी भी पक्ष ने हमलों की जिम्मेदारी नहीं ली है।
दक्षिणी ईरान के कई इलाकों में सुने गए धमाके
ईरानी मीडिया रिपोर्टों के अनुसार, गुरुवार देर रात दक्षिणी ईरान के बुशहर, चोघादक और कोनारक क्षेत्रों में कई विस्फोटों की आवाजें सुनाई दीं। बुशहर, जहां परमाणु ऊर्जा संयंत्र स्थित है, वहां की स्थानीय प्रशासनिक टीम ने भी धमाकों की पुष्टि की है। हालांकि अब तक यह स्पष्ट नहीं हो पाया है कि विस्फोटों की वजह हवाई रक्षा प्रणाली की कार्रवाई थी, किसी ड्रोन को मार गिराया गया या कोई अन्य सैन्य गतिविधि हुई।
अमेरिका ने सैन्य कार्रवाई से किया इनकार
अमेरिकी रक्षा अधिकारियों ने कहा है कि इन ताजा घटनाओं में अमेरिका की कोई भूमिका नहीं है। अधिकारियों के मुताबिक, न तो वर्तमान समय में और न ही हाल के घंटों में अमेरिकी सेना ने ईरान के भीतर कोई सैन्य अभियान चलाया है। यह बयान उन अटकलों के बीच आया है, जिनमें हालिया विस्फोटों को लेकर विभिन्न संभावनाएं जताई जा रही थीं।
विशेषज्ञों ने इजरायल की संभावित भूमिका पर जताई अटकल
कुछ रक्षा विशेषज्ञों ने कहा है कि यदि अमेरिका ने सैन्य कार्रवाई से इनकार किया है, तो अन्य संभावनाओं पर भी विचार किया जा सकता है। अमेरिकी रक्षा मामलों के विश्लेषक डैन ग्रेजियर ने मीडिया से बातचीत में कहा कि मौजूदा परिस्थितियों में इजरायल की संभावित भूमिका से इनकार नहीं किया जा सकता। हालांकि उन्होंने यह भी स्पष्ट किया कि जब तक किसी सरकार की आधिकारिक पुष्टि नहीं होती, तब तक किसी निष्कर्ष पर पहुंचना उचित नहीं होगा।
ईरान की जांच जारी, नुकसान की जानकारी नहीं
ईरानी सरकारी मीडिया के अनुसार, स्थानीय प्रशासन यह पता लगाने में जुटा है कि धमाकों का वास्तविक कारण क्या था। अधिकारियों का कहना है कि यह जांच की जा रही है कि आवाजें हवाई रक्षा प्रणाली की कार्रवाई से आईं, किसी ड्रोन को निशाना बनाया गया या कोई अन्य कारण था। फिलहाल किसी बड़े नुकसान या हताहत होने की आधिकारिक पुष्टि नहीं की गई है।
क्षेत्रीय तनाव के बीच बढ़ी वैश्विक चिंता
मध्य पूर्व में हाल के घटनाक्रमों के कारण पहले से ही तनावपूर्ण माहौल बना हुआ है। लगातार सामने आ रही सैन्य गतिविधियों और सुरक्षा घटनाओं ने अंतरराष्ट्रीय समुदाय की चिंता बढ़ा दी है। विशेषज्ञों का मानना है कि जब तक घटनाओं की आधिकारिक पुष्टि नहीं होती, तब तक सभी दावों और अटकलों को सावधानी से देखा जाना चाहिए।