“मुझे ढूंढने की कोशिश मत करना”… संदेश भेजने के बाद शिवनाथ नदी में मिली SI की पत्नी की लाश, कई एंगल से जांच
छत्तीसगढ़ के बिलासपुर जिले में बलौदाबाजार यातायात थाने में पदस्थ एक उपनिरीक्षक (SI) की पत्नी का शव शिवनाथ नदी से बरामद होने के बाद सनसनी फैल गई। महिला लापता होने से पहले अपने पति को “मुझे ढूंढने की कोशिश मत करना” का संदेश भेजकर गई थी। पुलिस को पहले उसकी लावारिस स्कूटी मिली और फिर तलाशी के दौरान नदी से क्षत-विक्षत शव बरामद हुआ। फिलहाल पुलिस आत्महत्या समेत सभी संभावित पहलुओं को ध्यान में रखकर जांच कर रही है।
लावारिस स्कूटी से शुरू हुई जांच, नदी में मिला शव
बिलासपुर जिले के बिल्हा थाना क्षेत्र में अमलडीहा के पास ग्रामीणों ने एक लावारिस स्कूटी देख पुलिस को सूचना दी। मौके पर पहुंची पुलिस को स्कूटी की डिक्की से चाबी मिली, जिसके आधार पर वाहन के मालिक की पहचान की गई। जांच में पता चला कि स्कूटी प्रीति जॉन के उपयोग में थी। पुलिस ने परिजनों से संपर्क कर जानकारी जुटाई, लेकिन महिला का कोई सुराग नहीं मिला। इसके बाद आसपास के इलाके में व्यापक तलाशी अभियान चलाया गया। स्कूटी मिलने के स्थान से करीब पांच किलोमीटर दूर बेलटुकरी-पथर्रा घाट के पास शिवनाथ नदी से महिला का शव बरामद हुआ।
कई दिन पुराना था शव, पोस्टमार्टम रिपोर्ट का इंतजार
पुलिस के अनुसार नदी से बरामद शव कई दिन पुराना होने के कारण काफी हद तक सड़ चुका था और उसकी पहचान करना भी चुनौतीपूर्ण था। चिकित्सकों की टीम ने पोस्टमार्टम की प्रक्रिया पूरी कर ली है, लेकिन विस्तृत रिपोर्ट अभी पुलिस को नहीं मिली है। अधिकारियों का कहना है कि मौत के वास्तविक कारणों की पुष्टि पोस्टमार्टम रिपोर्ट आने के बाद ही हो सकेगी। फिलहाल मर्ग कायम कर मामले की जांच जारी है और सभी साक्ष्यों को वैज्ञानिक तरीके से एकत्र किया जा रहा है।
छह महीने से पति से अलग रह रही थी महिला
प्रारंभिक जांच में सामने आया है कि प्रीति जॉन और उनके पति, जो बलौदाबाजार यातायात थाने में उपनिरीक्षक के पद पर कार्यरत हैं, के बीच लंबे समय से पारिवारिक विवाद चल रहा था। बताया गया कि करीब छह महीने पहले दोनों अलग हो गए थे और महिला बिलासपुर के तिफरा स्थित आश्रय परिसर में रह रही थीं। इस दौरान दोनों के बीच बातचीत भी लगभग बंद हो चुकी थी। पुलिस पारिवारिक विवाद और अन्य व्यक्तिगत परिस्थितियों को भी जांच का हिस्सा बनाकर तथ्यों की पड़ताल कर रही है।
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पति को भेजा था आखिरी संदेश
जांच के दौरान पुलिस को जानकारी मिली कि लापता होने से पहले महिला ने अपने पति को एक संदेश भेजा था, जिसमें लिखा था, “मुझे ढूंढने की कोशिश मत करना।” इस संदेश को जांच का महत्वपूर्ण हिस्सा माना जा रहा है। हालांकि पुलिस का कहना है कि केवल इस संदेश के आधार पर किसी निष्कर्ष पर नहीं पहुंचा जा सकता। घटना के पीछे की वास्तविक परिस्थितियों का पता लगाने के लिए डिजिटल और तकनीकी साक्ष्यों की भी जांच की जा रही है।
गुमशुदगी दर्ज नहीं होने से बढ़े सवाल
पुलिस के अनुसार महिला 12 जुलाई से लापता थीं, लेकिन इस दौरान न तो परिजनों और न ही पति की ओर से किसी थाने में गुमशुदगी की रिपोर्ट दर्ज कराई गई। पुलिस को महिला के लापता होने की जानकारी तब मिली, जब उनकी स्कूटी बरामद हुई। जांच के दौरान महिला का मोबाइल फोन भी नहीं मिला है। अधिकारियों का मानना है कि मोबाइल की बरामदगी से कॉल रिकॉर्ड, अंतिम लोकेशन और अन्य डिजिटल साक्ष्यों के जरिए मामले की कई अहम कड़ियां सामने आ सकती हैं।
हर पहलू से जांच में जुटी पुलिस
बिल्हा थाना पुलिस का कहना है कि फिलहाल इस मामले में किसी भी संभावना से इनकार नहीं किया गया है। आत्महत्या, दुर्घटना या अन्य किसी कारण से हुई मौत समेत सभी पहलुओं पर जांच की जा रही है। पोस्टमार्टम रिपोर्ट, फोरेंसिक जांच, मोबाइल डेटा और संबंधित लोगों के बयान के आधार पर आगे की कार्रवाई की जाएगी। पुलिस का कहना है कि जांच पूरी होने के बाद ही घटना के वास्तविक कारणों का खुलासा किया जा सकेगा।
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