अलवर में बस ऑपरेटर्स की हड़ताल तीसरे दिन भी जारी, जयपुर-भरतपुर रूट ठप; यात्रियों को भारी परेशानी…
अलवर में पांच सूत्रीय मांगों को लेकर प्राइवेट और लोक परिवहन बस ऑपरेटर्स की हड़ताल आज तीसरे दिन भी जारी रही। हालांकि आज केवल जयपुर और भरतपुर रूट की बसों का संचालन पूरी तरह ठप रहा, जबकि आसपास के ग्रामीण क्षेत्रों के लिए प्राइवेट और लोक परिवहन बसें सीमित रूप से चलती रहीं।
मंडी मोड़ स्थित प्राइवेट बस स्टैंड पर जयपुर और भरतपुर रूट की बसों को खड़ा कर दिया गया है। बुधवार को हड़ताल के चलते छह प्रमुख मार्गों पर कुल 450 में से करीब 150 बसों का संचालन नहीं हो पाया था। आज जयपुर और भरतपुर रूट पर लोक परिवहन की करीब 50 बसें बंद रहीं।
बसों के संचालन बाधित होने से यात्रियों को भारी परेशानी का सामना करना पड़ा। कई यात्रियों को निजी वाहनों या अन्य वैकल्पिक साधनों का सहारा लेना पड़ा।
बस ऑपरेटर्स की प्रमुख मांगें हैं—
रूटीन चेकिंग के दौरान आरसी सस्पेंड करने की कार्रवाई पर रोक लगाई जाए।
बसों की छत पर सामान रखने के लिए लगेज कैरियर की अनुमति दोबारा दी जाए।
ओवरलोडिंग या अन्य नियमों के नाम पर बीच रास्ते यात्रियों को उतारने की कार्रवाई बंद हो।
गलत चालानों को निरस्त किया जाए।
मोटर व्हीकल एक्ट की नई धारा 153 के तहत पुरानी बसों पर भारी जुर्माना लगाने की कार्रवाई रोकी जाए।
बस मालिकों का कहना है कि नियमों के नाम पर हो रही सख्ती से उनका व्यवसाय प्रभावित हो रहा है और यात्रियों को भी असुविधा झेलनी पड़ रही है। यदि मांगों पर जल्द निर्णय नहीं लिया गया, तो हड़ताल को और तेज किया जा सकता है।