राखी सावंत ने आकांक्षा चमोला के खुलासों पर उठाए सवाल, बोलीं- ‘तलाक की कहानी पर कई बातें साफ होनी बाकी’
टीवी अभिनेत्री आकांक्षा चमोला द्वारा रियलिटी शो लॉक अप में अपनी शादी और तलाक को लेकर किए गए खुलासों पर विवाद गहराता जा रहा है। अब इस पूरे मामले में राखी सावंत भी खुलकर सामने आई हैं। उन्होंने आकांक्षा के दावों पर सवाल उठाते हुए कहा कि निजी रिश्तों को सहानुभूति या चर्चा का माध्यम नहीं बनाया जाना चाहिए। वहीं, आकांक्षा के पति गौरव खन्ना ने अब तक इस विवाद पर कोई सार्वजनिक प्रतिक्रिया नहीं दी है।
रियलिटी शो के खुलासों के बाद बढ़ी चर्चा
लॉक अप में आकांक्षा चमोला ने अपनी निजी जिंदगी और वैवाहिक रिश्ते से जुड़े कई भावनात्मक अनुभव साझा किए, जिसके बाद सोशल मीडिया पर इस विषय पर बहस तेज हो गई। उनके बयान के बाद दर्शकों के बीच अलग-अलग प्रतिक्रियाएं देखने को मिलीं। कुछ लोगों ने उनके साहस की सराहना की, जबकि कुछ ने सवाल उठाए कि निजी रिश्तों से जुड़े मामलों को सार्वजनिक मंच पर किस हद तक साझा किया जाना चाहिए।
राखी सावंत ने जताई अपनी आपत्ति
मीडिया से बातचीत के दौरान राखी सावंत ने आकांक्षा चमोला के दावों पर अपनी राय रखते हुए कहा कि यदि किसी रिश्ते में वास्तव में गंभीर समस्या हो तो उसका प्रभाव व्यक्ति के व्यवहार में भी दिखाई देता है। उन्होंने यह भी कहा कि रियलिटी शो में निजी जीवन से जुड़े संवेदनशील मुद्दों को इस तरह पेश करने से दर्शकों के मन में सवाल उठ सकते हैं। राखी ने यह भी दावा किया कि उन्हें इस मामले में कुछ जानकारियां मिली हैं, हालांकि उन्होंने अपने दावों के समर्थन में कोई सार्वजनिक प्रमाण पेश नहीं किया।
गौरव खन्ना की चुप्पी बनी चर्चा का विषय
पूरे विवाद के दौरान गौरव खन्ना ने अब तक तलाक या रिश्ते को लेकर कोई सार्वजनिक बयान नहीं दिया है। उन्होंने किसी भी मंच पर आकांक्षा के खिलाफ टिप्पणी करने से परहेज किया है। उनकी यही चुप्पी सोशल मीडिया पर चर्चा का विषय बनी हुई है। कई यूजर्स का मानना है कि जब तक दोनों पक्ष अपनी-अपनी बात स्पष्ट रूप से सामने नहीं रखते, तब तक किसी निष्कर्ष पर पहुंचना जल्दबाजी होगी।
सोशल मीडिया पर बंटी हुई है राय
राखी सावंत के बयान सामने आने के बाद सोशल मीडिया पर प्रतिक्रियाओं का दौर तेज हो गया है। एक वर्ग का मानना है कि निजी रिश्तों को टीआरपी या लोकप्रियता का जरिया नहीं बनाना चाहिए। वहीं, दूसरे पक्ष का कहना है कि हर व्यक्ति को अपने जीवन के अनुभव साझा करने का अधिकार है और किसी की व्यक्तिगत परिस्थितियों पर बिना पूरी जानकारी के टिप्पणी करना उचित नहीं है। फिलहाल इस पूरे मामले पर संबंधित पक्षों की ओर से कोई नया आधिकारिक बयान सामने नहीं आया है।