ईरान में नई नेतृत्व भूमिका की तैयारी? मोजतबा खामेनेई पिता की प्रार्थना सभा की करेंगे अगुवाई
ईरान के नए सुप्रीम लीडर मोजतबा खामेनेई शनिवार को अपने दिवंगत पिता अयातुल्ला अली खामेनेई की सार्वजनिक प्रार्थना सभा का नेतृत्व कर सकते हैं। ईरानी मीडिया की रिपोर्टों के अनुसार यह उनका पद संभालने के बाद पहला सार्वजनिक कार्यक्रम हो सकता है। ऐसे में पूरी दुनिया की नजर इस आयोजन और ईरान के नए नेतृत्व की कार्यशैली पर टिकी हुई है।
सार्वजनिक कार्यक्रम में पहली बार दिख सकते हैं मोजतबा खामेनेई
ईरान की अर्ध-सरकारी तस्नीम न्यूज एजेंसी के अनुसार, मोजतबा खामेनेई शनिवार को आयोजित होने वाली सार्वजनिक प्रार्थना सभा की अगुवाई करेंगे। यह कार्यक्रम फातिमा मासूमेह की मजार परिसर स्थित इमाम खुमैनी प्रार्थना हॉल में आयोजित किया जाएगा। यदि मोजतबा इस कार्यक्रम में शामिल होते हैं, तो सुप्रीम लीडर का पद संभालने के बाद यह उनका पहला सार्वजनिक कार्यक्रम होगा। इससे पहले वे किसी बड़े सार्वजनिक आयोजन में नजर नहीं आए हैं, जिसके कारण उनकी सार्वजनिक मौजूदगी को लेकर लगातार चर्चाएं होती रही हैं।
पिता के अंतिम संस्कार से रहे थे दूर
अयातुल्ला अली खामेनेई के निधन के बाद आयोजित अंतिम संस्कार और शोक समारोह में मोजतबा खामेनेई शामिल नहीं हुए थे। मीडिया रिपोर्टों में दावा किया गया था कि संभावित सुरक्षा खतरों और हमले की आशंका को देखते हुए उन्होंने सार्वजनिक रूप से सामने नहीं आने का फैसला किया था। हालांकि, उनके अन्य भाई तेहरान में आयोजित धार्मिक कार्यक्रमों में दिखाई दिए थे। अब प्रस्तावित प्रार्थना सभा को उनकी सार्वजनिक सक्रियता की नई शुरुआत के रूप में देखा जा रहा है।
मशहद में हुआ था अंतिम संस्कार, हजारों श्रद्धालुओं ने दी श्रद्धांजलि
ईरानी मीडिया के अनुसार, अयातुल्ला अली खामेनेई का अंतिम संस्कार एक सप्ताह तक चले शोक कार्यक्रम के बाद उनके गृह नगर मशहद में किया गया। उन्हें इमाम रजा दरगाह परिसर में सुपुर्द-ए-खाक किया गया, जिसे शिया समुदाय का सबसे महत्वपूर्ण धार्मिक स्थलों में माना जाता है। अंतिम संस्कार और शोक सभाओं में बड़ी संख्या में लोगों के शामिल होने का दावा किया गया। सरकारी मीडिया ने इसे हाल के वर्षों के सबसे बड़े जनसमूहों में से एक बताया।
नई नेतृत्व व्यवस्था पर दुनिया की नजर
मोजतबा खामेनेई की संभावित सार्वजनिक उपस्थिति को केवल धार्मिक कार्यक्रम नहीं, बल्कि राजनीतिक दृष्टि से भी महत्वपूर्ण माना जा रहा है। विश्लेषकों का मानना है कि यह आयोजन ईरान की नई नेतृत्व व्यवस्था का सार्वजनिक संदेश बन सकता है। ऐसे समय में जब क्षेत्रीय तनाव और अंतरराष्ट्रीय दबाव जारी है, मोजतबा का सार्वजनिक रूप से सामने आना देश और दुनिया दोनों के लिए महत्वपूर्ण संकेत माना जा रहा है। फिलहाल सभी की निगाहें शनिवार को होने वाले इस कार्यक्रम पर टिकी हैं।