#पॉलिटिक्स

‘आजाद भारत में ऐसा कभी नहीं देखा’, ममता बनर्जी पर अंडे फेंके जाने की घटना पर एस.टी. हसन का तीखा हमला

पश्चिम बंगाल में तृणमूल कांग्रेस (टीएमसी) की प्रमुख और पूर्व मुख्यमंत्री ममता बनर्जी की रैली के दौरान हुए विरोध और अंडे फेंके जाने की घटना पर राजनीतिक प्रतिक्रियाएं तेज हो गई हैं। समाजवादी पार्टी के वरिष्ठ नेता एवं पूर्व सांसद डॉ. एस.टी. हसन ने इस घटना की कड़ी निंदा करते हुए इसे लोकतांत्रिक मूल्यों पर हमला बताया। उन्होंने कहा कि आजाद भारत में किसी बड़े जननेता के साथ ऐसा व्यवहार पहले कभी नहीं देखा गया।

ममता की रैली में हंगामे पर एस.टी. हसन ने जताया आक्रोश

लखनऊ में मीडिया से बातचीत के दौरान समाजवादी पार्टी के वरिष्ठ नेता डॉ. एस.टी. हसन ने पश्चिम बंगाल की घटना पर तीखी प्रतिक्रिया दी। उन्होंने कहा कि किसी पूर्व मुख्यमंत्री और बड़े जननेता पर अंडे फेंकना, मारपीट करना और हिंसा फैलाना लोकतंत्र की गरिमा के खिलाफ है। हसन ने सवाल उठाया कि क्या देश की राजनीतिक संस्कृति और सभ्यता इतनी कमजोर हो गई है कि विरोध जताने के लिए इस तरह के तरीके अपनाए जाएं। उन्होंने कहा कि असहमति लोकतंत्र का हिस्सा है, लेकिन हिंसक विरोध किसी भी स्थिति में स्वीकार्य नहीं हो सकता।

दुष्कर्म-हत्या के विरोध मार्च के दौरान बढ़ा विवाद

यह घटना उस समय हुई जब कोलकाता में एक नाबालिग लड़की के साथ कथित दुष्कर्म और हत्या के विरोध में तृणमूल युवा कांग्रेस की ओर से विरोध मार्च निकाला जा रहा था। इस मार्च का नेतृत्व स्वयं ममता बनर्जी कर रही थीं। आरोप है कि रैली जैसे ही दक्षिण कोलकाता के एक इलाके से आगे बढ़ी, कुछ प्रदर्शनकारियों ने नारेबाजी शुरू कर दी और माहौल तनावपूर्ण हो गया। इसी दौरान ममता बनर्जी की ओर अंडे फेंके जाने का दावा किया गया, जिसके बाद दोनों पक्षों के समर्थकों के बीच धक्का-मुक्की और विवाद बढ़ गया।

झड़प के बाद पुलिस को करना पड़ा हस्तक्षेप

स्थिति बिगड़ने पर मौके पर मौजूद पुलिस बल ने भीड़ को नियंत्रित करने के लिए हस्तक्षेप किया। हंगामे के दौरान दोनों पक्षों के कई कार्यकर्ताओं के घायल होने की जानकारी सामने आई। प्रत्यक्षदर्शियों के अनुसार, कुछ समय के लिए इलाके में अफरा-तफरी का माहौल बन गया। प्रशासन ने स्थिति को नियंत्रित करने के बाद पूरे घटनाक्रम की जानकारी जुटानी शुरू कर दी है और मामले की जांच जारी है।

रैली के दौरान ममता बनर्जी की प्रतिक्रिया भी चर्चा में

घटना के दौरान एक और घटनाक्रम चर्चा का विषय बना, जब ममता बनर्जी ने कथित तौर पर अपनी ही पार्टी के कुछ कार्यकर्ताओं पर नाराजगी जाहिर की। इस पूरे घटनाक्रम का वीडियो सोशल मीडिया पर तेजी से वायरल हो रहा है। हालांकि, इस पर टीएमसी की ओर से विस्तृत आधिकारिक प्रतिक्रिया सामने नहीं आई है।

भाजपा और पुलिस पर टीएमसी के आरोप

घटना के बाद ममता बनर्जी ने भाजपा समर्थकों पर रैली में व्यवधान डालने का आरोप लगाया। उन्होंने यह भी कहा कि विरोध मार्च के लिए आवश्यक अनुमति ली गई थी और कार्यक्रम शांतिपूर्ण ढंग से आयोजित किया जा रहा था। ममता ने पुलिस प्रशासन की भूमिका पर भी सवाल उठाते हुए आरोप लगाया कि समय रहते पर्याप्त कार्रवाई नहीं की गई, जिससे स्थिति बिगड़ गई। दूसरी ओर, पूरे मामले को लेकर राजनीतिक बयानबाजी लगातार तेज होती जा रही है।

author avatar
stvnewsonline@gmail.com

Leave a comment

Your email address will not be published. Required fields are marked *