जयपुर की बड़ी चौपड़ बाजार में भीषण आग, 20 से ज्यादा दुकानें-गोदाम चपेट में
जयपुर के त्रिपोलिया बाजार स्थित पुरोहित जी के कटला में गुरुवार सुबह भीषण आग लग गई। आग दूसरी मंजिल पर कपड़ों की दुकान के बाहर रखे कार्टन से शुरू होने की बात सामने आई है। कुछ ही देर में आग आसपास की दुकानों और गोदामों तक फैल गई। दूसरी मंजिल की 20 से ज्यादा दुकानें आग की चपेट में आ गईं। कपड़े, प्लास्टिक और चूड़ी-बैंगल्स जैसे ज्वलनशील सामान के कारण आग बुझाने में दमकलकर्मियों को काफी मशक्कत करनी पड़ी।
सुबह 7 बजे के करीब लगी आग
जानकारी के अनुसार, गुरुवार सुबह करीब 7 बजे सेठी कॉम्प्लेक्स मणिहारी कटला, जिसे पुरोहित जी का कटला भी कहा जाता है, में आग लगी।
बताया जा रहा है कि दूसरी मंजिल पर कपड़ों की दुकान के बाहर कार्टन में रखा सामान आग की चपेट में आया। इसके बाद आग ने तेजी से आसपास की दुकानों और गोदामों को अपनी चपेट में ले लिया।
20 से ज्यादा दुकानें और गोदाम प्रभावित
आग दूसरी मंजिल पर तेजी से फैलती गई। इसके चलते 20 से ज्यादा दुकानें और गोदाम प्रभावित हुए। यहां कपड़ों के अलावा प्लास्टिक सामान और चूड़ी-बैंगल्स का कारोबार होता है।
दुकानों के अंदर ज्वलनशील सामान होने के कारण आग ने तेजी से विकराल रूप लिया। शटर बंद होने से अंदर धुआं भी भर गया, जिससे राहत कार्य और चुनौतीपूर्ण हो गया।
सुभाष चौक से चांदपोल तक दिखा धुआं
आग की लपटों और धुएं का गुबार इतना ज्यादा था कि इसे सुभाष चौक से लेकर चांदपोल तक देखा गया। घटना के बाद पूरे बाजार में अफरा-तफरी का माहौल बन गया।
आग वाली जगह से कुछ ही दूरी पर माणक चौक थाना है। धुआं दिखाई देने के बाद पुलिसकर्मी तत्काल मौके पर पहुंचे और दमकल विभाग को सूचना दी।
आधा दर्जन से ज्यादा दमकल वाहन मौके पर
सूचना मिलने के बाद करीब 8 बजे दमकल की पांच गाड़ियां मौके पर पहुंचीं। इसके बाद आग पर काबू पाने के लिए और दमकल वाहन भेजे गए।
बाद में करीब आधा दर्जन दमकल वाहनों के साथ पुलिस और प्रशासनिक अधिकारी भी मौके पर पहुंच गए। दमकलकर्मी लगातार आग बुझाने और प्रभावित हिस्से को सुरक्षित करने में जुटे रहे।
संकरी गलियों ने बढ़ाई दमकल की परेशानी
पुरोहित जी का कटला पुराने शहर के व्यस्त बाजार क्षेत्र में स्थित है। यहां दुकानें आपस में जुड़ी हुई हैं और रास्ते भी काफी संकरे हैं।
व्यापारियों के मुताबिक, अतिक्रमण के कारण कई जगह बाजार की करीब 5 फीट चौड़ी सड़क घटकर 2 फीट तक रह गई है। इससे दमकल वाहनों को मौके तक पहुंचने में परेशानी हुई।
रेस्टोरेंट संचालन को लेकर व्यापारियों के आरोप
आग की घटना के बाद व्यापारियों ने बाजार की ऊपरी मंजिल पर संचालित हो रहे एक रेस्टोरेंट को लेकर भी सवाल उठाए हैं।
व्यापारियों का आरोप है कि यह रेस्टोरेंट अवैध रूप से संचालित किया जा रहा है। उनका कहना है कि मकर संक्रांति के दौरान भी रेस्टोरेंट से जुड़ी जगह पर छत पर आग लगी थी।
व्यापारियों के अनुसार, उस घटना को लेकर माणक चौक थाने में शिकायत भी दी गई थी। हालांकि, रेस्टोरेंट के अवैध होने के आरोपों की स्वतंत्र पुष्टि नहीं हुई है।
फायर सेफ्टी व्यवस्था पर उठे सवाल
पुरोहित जी का कटला महिलाओं के कपड़ों, साड़ियों, ब्राइडल लहंगों और शादी के सामान का प्रमुख थोक बाजार बताया जाता है। व्यापारियों के मुताबिक यहां 535 से ज्यादा दुकानें हैं।
व्यापारियों का आरोप है कि बाजार में लगे कई फायर हाइड्रेंट खराब हैं। कुछ हाइड्रेंट के वाल्व और कपलिंग भी गायब होने का दावा किया गया है।
इसके अलावा दुकानों के आसपास खुले बिजली के स्विच और लटकते तारों को लेकर भी व्यापारियों ने चिंता जताई है।
अतिक्रमण से आपातकालीन रास्तों पर सवाल
व्यापारियों का कहना है कि बाजार में दुकानों के अंदर के अलावा काफी सामान बाहर भी रखा रहता है। इससे आपात स्थिति में लोगों की आवाजाही प्रभावित हो सकती है।
आग जैसी घटना में दमकल और राहत टीमों को तेजी से पहुंचने के लिए पर्याप्त रास्ता जरूरी होता है। ऐसे में फायर सेफ्टी, बिजली व्यवस्था और अतिक्रमण को लेकर प्रशासन की भूमिका महत्वपूर्ण हो जाती है।
आग लगने की वजह की जांच जारी
फिलहाल आग लगने की सटीक वजह और इससे हुए नुकसान का पूरा आकलन सामने आना बाकी है। दमकल विभाग और प्रशासनिक टीमें घटनास्थल पर स्थिति का जायजा ले रही हैं।
आग के कारण दुकानदारों के सामान को कितना नुकसान हुआ, इसका आकलन भी किया जा रहा है। घटना के बाद बाजार की सुरक्षा व्यवस्था और फायर सेफ्टी इंतजामों को लेकर भी सवाल उठ रहे हैं।