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Dark Circles Health Alert: सिर्फ खूबसूरती नहीं, कई गंभीर बीमारियों का संकेत भी हो सकते हैं आंखों के नीचे काले घेरे

आंखों के नीचे दिखने वाले डार्क सर्कल्स को अक्सर लोग सिर्फ नींद की कमी या सौंदर्य से जुड़ी समस्या मानते हैं, लेकिन विशेषज्ञों के अनुसार लगातार बने रहने वाले काले घेरे कई गंभीर स्वास्थ्य समस्याओं का संकेत भी हो सकते हैं। कुछ शोधों में एनीमिया, थायराइड विकार, सूजन संबंधी बीमारियों और कुछ दुर्लभ कैंसर से भी इनके संबंध की बात सामने आई है। ऐसे में लंबे समय तक बने रहने वाले डार्क सर्कल्स को नजरअंदाज करना नुकसानदायक हो सकता है।

डार्क सर्कल्स को केवल ब्यूटी प्रॉब्लम मानना हो सकता है गलत

अधिकांश लोग आंखों के नीचे काले घेरों को दूर करने के लिए घरेलू उपाय और कॉस्मेटिक उत्पादों का सहारा लेते हैं। हालांकि, यदि ये समस्या लंबे समय तक बनी रहे और लगातार बढ़ती जाए, तो इसके पीछे शरीर में पोषण की कमी या कोई बीमारी भी जिम्मेदार हो सकती है। विशेषज्ञों का कहना है कि लगातार रहने वाले डार्क सर्कल्स शरीर के भीतर चल रही किसी समस्या का शुरुआती संकेत हो सकते हैं, इसलिए समय रहते जांच कराना जरूरी है।

एनीमिया की वजह से भी उभर सकते हैं काले घेरे

स्वास्थ्य विशेषज्ञों के मुताबिक शरीर में आयरन और हीमोग्लोबिन की कमी होने पर त्वचा तक पर्याप्त ऑक्सीजन नहीं पहुंच पाती। इसकी वजह से आंखों के नीचे की नसें अधिक गहरी दिखाई देने लगती हैं और डार्क सर्कल्स उभर आते हैं। लगातार थकान, कमजोरी और चक्कर आने जैसी समस्याओं के साथ अगर काले घेरे भी दिख रहे हैं तो यह एनीमिया का संकेत हो सकता है। संतुलित आहार और चिकित्सकीय सलाह से इस समस्या को नियंत्रित किया जा सकता है।

थायराइड असंतुलन भी बन सकता है कारण

थायराइड हार्मोन में गड़बड़ी होने पर त्वचा शुष्क और पतली होने लगती है। विशेषज्ञों के अनुसार हाइपोथायरायडिज्म से पीड़ित मरीजों में आंखों के आसपास सूजन और काले घेरे सामान्य रूप से देखे जाते हैं। यदि डार्क सर्कल्स के साथ वजन बढ़ना, सुस्ती या बाल झड़ने जैसी समस्याएं भी दिखाई दें, तो थायराइड की जांच कराना जरूरी हो सकता है।

कुछ दुर्लभ बीमारियों और कैंसर से भी जुड़ सकता है संबंध

विशेषज्ञों के अनुसार डर्मेटोमायोसाइटिस जैसी दुर्लभ सूजन संबंधी बीमारी में आंखों के आसपास बैंगनी या गहरे लाल रंग के घेरे दिखाई दे सकते हैं। कुछ मामलों में यह बीमारी शरीर के अंदर मौजूद कैंसर से भी जुड़ी पाई गई है। वहीं बच्चों में होने वाले दुर्लभ कैंसर न्यूरोब्लास्टोमा में आंखों के आसपास चोट जैसे काले-नीले निशान दिखाई दे सकते हैं। हालांकि हर डार्क सर्कल कैंसर का संकेत नहीं होता, लेकिन लगातार बने रहने पर डॉक्टर से सलाह लेना जरूरी है।

लक्षणों को नजरअंदाज करने के बजाय विशेषज्ञ से लें सलाह

डॉक्टरों का मानना है कि डार्क सर्कल्स के पीछे नींद की कमी, तनाव, बढ़ती उम्र और आनुवंशिक कारण भी हो सकते हैं। लेकिन यदि घरेलू उपायों के बावजूद समस्या खत्म नहीं हो रही है या इसके साथ अन्य शारीरिक लक्षण भी दिखाई दे रहे हैं, तो मेडिकल जांच कराना बेहतर विकल्प है। समय पर पहचान से कई गंभीर बीमारियों का उपचार शुरुआती चरण में ही संभव हो सकता है।

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