तेल सस्ता होने की उम्मीद से बाजार में तेजी, एविएशन स्टॉक्स भी बढ़े
अंतरराष्ट्रीय बाजार में कच्चे तेल (क्रूड ऑयल) की कीमतों में भारी गिरावट का असर भारतीय शेयर बाजार पर साफ दिखा। सरकारी तेल कंपनियों BPCL, IOCL और HPCL के शेयरों में जोरदार तेजी दर्ज की गई, वहीं एविएशन स्टॉक्स भी उछल गए। हालांकि पेट्रोल-डीजल की कीमतों में तुरंत राहत मिलने की संभावना अभी अनिश्चित बनी हुई है, क्योंकि कंपनियां पुराने नुकसान की भरपाई में जुटी हैं।
क्रूड ऑयल में बड़ी गिरावट
सोमवार को वैश्विक बाजार में कच्चे तेल की कीमतों में 5% से अधिक की गिरावट देखी गई। WTI क्रूड लगभग 4.67% गिरकर करीब 80.92 डॉलर प्रति बैरल पर पहुंच गया, जबकि ब्रेंट क्रूड भी 4% से ज्यादा टूटकर लगभग 83.79 डॉलर प्रति बैरल पर ट्रेड करता दिखा। दिन के दौरान कीमतों में थोड़ी रिकवरी भी देखने को मिली, लेकिन कुल मिलाकर कच्चे तेल में कमजोरी का रुख बना रहा।
तेल कंपनियों के शेयरों में जोरदार तेजी
क्रूड ऑयल सस्ता होने का सीधा फायदा सरकारी तेल कंपनियों को मिला। HPCL का शेयर करीब 3.67% की तेजी के साथ 403 रुपये तक पहुंच गया, जबकि BPCL में 2.55% और IOCL में लगभग 3% की बढ़त दर्ज की गई। इसी तरह गेल इंडिया के शेयर में भी लगभग 3.85% की तेजी देखी गई। निवेशकों को उम्मीद है कि कच्चे तेल की कीमतों में गिरावट से इन कंपनियों की लागत घटेगी और मुनाफा बढ़ सकता है।
एविएशन सेक्टर में भी उछाल
क्रूड ऑयल सस्ता होने से एविएशन फ्यूल की कीमतों में भी कमी की उम्मीद बढ़ गई है। इसका सीधा फायदा एयरलाइन कंपनियों के शेयरों को मिला। इंडिगो के शेयर में 4% से अधिक की तेजी देखी गई, जबकि स्पाइसजेट भी करीब 4.78% उछल गया। निवेशकों का मानना है कि ईंधन लागत घटने से एयरलाइंस की ऑपरेटिंग मार्जिन में सुधार हो सकता है।
पेट्रोल-डीजल की कीमतों पर असर कब?
फिलहाल पेट्रोल-डीजल की कीमतों में कोई बदलाव नहीं किया गया है। विशेषज्ञों के अनुसार, ऑयल मार्केटिंग कंपनियां अभी पुराने महंगे क्रूड ऑयल और रुपये में गिरावट से हुए नुकसान की भरपाई कर रही हैं। मई में पेट्रोल-डीजल की कीमतों में कई बार बढ़ोतरी हो चुकी है। यदि क्रूड ऑयल में लगातार गिरावट बनी रहती है, तो आने वाले समय में उपभोक्ताओं को पेट्रोल-डीजल पर राहत मिल सकती है।