अलवर की सोनावा डूंगरी पर बनेगी भव्य श्रीराम वाटिका, दिखेंगे रामायण के प्रसंग
अलवर शहर को जल्द ही एक नया धार्मिक और पर्यटन आकर्षण मिलने वाला है। वन विभाग सोनावा डूंगरी पर करीब तीन हेक्टेयर क्षेत्र में भव्य ‘श्रीराम वाटिका’ विकसित करने की तैयारी कर रहा है। इस परियोजना को भगवान श्रीराम के जीवन और रामायण की थीम पर तैयार किया जाएगा। प्रस्ताव अंतिम चरण में है और जुलाई से निर्माण कार्य शुरू होने की संभावना है।
रामायण थीम पर विकसित होगी वाटिका
वन विभाग की योजना के अनुसार श्रीराम वाटिका में भगवान राम के जीवन से जुड़े प्रमुख प्रसंगों को आकर्षक तरीके से प्रदर्शित किया जाएगा। पार्क में आने वाले लोगों को धार्मिक, सांस्कृतिक और प्राकृतिक वातावरण का अनुभव मिलेगा। इसे परिवारों, बच्चों और पर्यटकों के लिए विशेष आकर्षण के रूप में विकसित किया जाएगा।
झूले, लाइट शो और वॉकिंग ट्रैक होंगे आकर्षण
वाटिका में बच्चों के लिए धनुष-बाण और वानर थीम आधारित झूले लगाए जाएंगे। इसके अलावा क्लाइंबिंग वॉल और अन्य मनोरंजक गतिविधियों की व्यवस्था भी होगी। शाम के समय रामायण के प्रसंगों पर आधारित लेजर और लाइट शो आयोजित किया जाएगा। पर्यटकों के लिए आधुनिक वॉकिंग ट्रैक भी बनाया जाएगा।
अशोक वाटिका और पंचवटी की झलक
परियोजना के तहत रामायण काल से जुड़े वृक्षों का विशेष रूप से रोपण किया जाएगा। यहां अशोक, पीपल, बरगद, कदंब और बेलपत्र जैसे पौधे लगाए जाएंगे। पार्क में अशोक वाटिका और पंचवटी की थीम को भी दर्शाया जाएगा, जिससे पर्यटकों को धार्मिक महत्व का अनुभव हो सके।
तालाब और राम सेतु बनेगा सेल्फी प्वाइंट
वाटिका के बीच में एक सुंदर तालाब या फव्वारा विकसित किया जाएगा, जिसमें कमल के फूल लगाए जाएंगे। तालाब के किनारे राम सेतु की तर्ज पर पत्थरों का आकर्षक मार्ग तैयार किया जाएगा। यह क्षेत्र पर्यटकों और युवाओं के लिए प्रमुख सेल्फी प्वाइंट बन सकता है।
मूर्तियों के जरिए जीवंत होंगे प्रसंग
पार्क में रामेश्वरम में शिवलिंग स्थापना, केवट प्रसंग और शबरी के बेर जैसे महत्वपूर्ण प्रसंगों को मूर्तियों और कलाकृतियों के माध्यम से दर्शाया जाएगा। रास्तों और दीवारों पर रामायण से जुड़े भित्ति चित्र और रामचरितमानस की चौपाइयां भी अंकित की जाएंगी। साथ ही भजन, सांस्कृतिक कार्यक्रम और रामलीला मंचन के लिए ओपन एयर एम्फीथिएटर भी बनाया जाएगा।
नया पर्यटन केंद्र बनेगी सोनावा डूंगरी
वन विभाग का मानना है कि श्रीराम वाटिका बनने के बाद सोनावा डूंगरी अलवर का प्रमुख पर्यटन और धार्मिक स्थल बन जाएगी। जिस तरह मोती डूंगरी पर बड़ी संख्या में लोग घूमने पहुंचते हैं, उसी तरह सोनावा डूंगरी भी स्थानीय लोगों और पर्यटकों के लिए आकर्षण का केंद्र बनेगी।