#पॉलिटिक्स #राज्य-शहर

जंतर-मंतर पहुंचे सौरभ भारद्वाज हिरासत में, बोले- छह दिन पहले मांगी थी अनुमति

दिल्ली में चुनाव आयोग और मुख्य चुनाव आयुक्त ज्ञानेश कुमार के खिलाफ प्रस्तावित प्रदर्शन को लेकर शुक्रवार को सुरक्षा व्यवस्था कड़ी रही। जंतर-मंतर पर प्रदर्शन में शामिल होने पहुंचे आम आदमी पार्टी के दिल्ली प्रदेश अध्यक्ष सौरभ भारद्वाज को पुलिस ने हिरासत में ले लिया। प्रदर्शन का आह्वान चुनाव आयोग के कामकाज और मतदाता सूची के विशेष गहन पुनरीक्षण यानी SIR से जुड़े मुद्दों को लेकर किया गया था। दिल्ली पुलिस ने प्रदर्शन के लिए अनुमति नहीं दी थी। पुलिस ने जंतर-मंतर और आसपास के इलाकों में बैरिकेडिंग के साथ अतिरिक्त सुरक्षा बल तैनात किए।

सौरभ भारद्वाज ने उठाया अनुमति का सवाल

जंतर-मंतर पहुंचने के बाद सौरभ भारद्वाज ने कहा कि वह प्रदर्शन में शामिल होने के लिए पहुंचे हैं। उन्होंने दावा किया कि आम आदमी पार्टी ने शांतिपूर्ण प्रदर्शन के लिए कई दिन पहले अनुमति मांगी थी। भारद्वाज ने सवाल उठाया कि यदि प्रदर्शन की अनुमति नहीं दी गई थी, तो उन्हें और अन्य लोगों को प्रदर्शन स्थल की ओर जाने से क्यों रोका जा रहा है। उनका कहना था कि शांतिपूर्ण तरीके से अपनी बात रखना लोकतांत्रिक अधिकार है।

पुलिस ने प्रदर्शन की अनुमति नहीं दी

दिल्ली पुलिस के मुताबिक जंतर-मंतर पर प्रस्तावित प्रदर्शन के लिए अनुमति नहीं दी गई थी। पुलिस ने पहले ही क्षेत्र में सुरक्षा व्यवस्था बढ़ा दी थी। अधिकारियों के अनुसार बड़ी संख्या में लोगों के जुटने की संभावना को देखते हुए अतिरिक्त बल लगाया गया। जंतर-मंतर की ओर जाने वाले रास्तों पर बैरिकेडिंग की गई और प्रदर्शनकारियों को आगे बढ़ने से रोका गया।

500 से ज्यादा लोग हिरासत में

प्रदर्शन के दौरान पुलिस ने बड़ी संख्या में लोगों को हिरासत में लिया। रिपोर्टों के अनुसार सौरभ भारद्वाज के अलावा पूर्व दिल्ली मुख्यमंत्री आतिशी और छात्र संगठन AISA की नेता नेहा बोरा समेत 500 से अधिक लोगों को हिरासत में लिया गया। प्रदर्शनकारियों को अलग-अलग पुलिस थानों में ले जाया गया।

SIR को लेकर उठाए जा रहे सवाल

प्रदर्शन का मुख्य मुद्दा चुनाव आयोग की विशेष गहन पुनरीक्षण प्रक्रिया यानी SIR और चुनाव आयोग की कार्यप्रणाली से जुड़ा है। प्रदर्शनकारी चुनावी प्रक्रिया में पारदर्शिता और जवाबदेही की मांग कर रहे हैं। प्रदर्शन से जुड़े संगठनों ने मुख्य चुनाव आयुक्त ज्ञानेश कुमार के खिलाफ भी कार्रवाई की मांग उठाई है। ये मांगें प्रदर्शनकारियों और आयोजकों के बयान हैं। चुनाव आयोग ने SIR से जुड़े निर्णयों को लेकर अलग रुख रखा है और कहा है कि आयोग के निर्णय सर्वसम्मति से लिए गए।

दिल्ली में सुरक्षा व्यवस्था कड़ी

प्रदर्शन को देखते हुए नई दिल्ली जिले में BNSS की धारा 163 के तहत प्रतिबंध लागू किए गए। जंतर-मंतर और आसपास के इलाकों में अतिरिक्त पुलिस बल तैनात किया गया। अधिकारियों ने संभावित भीड़ को देखते हुए सुरक्षा व्यवस्था बढ़ाई। जंतर-मंतर की ओर जाने वाले रास्तों पर भी निगरानी रखी गई।

11 मेट्रो स्टेशनों के गेट बंद

सुरक्षा व्यवस्था के तहत दिल्ली मेट्रो के 11 स्टेशनों पर प्रवेश और निकास बंद किया गया। इनमें जनपथ, पटेल चौक, केंद्रीय सचिवालय, राजीव चौक, सेवा तीर्थ, मंडी हाउस, लोक कल्याण मार्ग, INA, चावड़ी बाजार, रामकृष्ण आश्रम मार्ग और नई दिल्ली स्टेशन शामिल हैं। कुछ स्टेशनों पर इंटरचेंज की सुविधा जारी रखी गई।

प्रदर्शन और हिरासत के बीच बढ़ी राजनीतिक हलचल

जंतर-मंतर पर प्रस्तावित प्रदर्शन को लेकर पिछले कुछ दिनों से राजनीतिक और सामाजिक संगठनों की गतिविधियां बढ़ी हुई थीं। इससे पहले भी सितंबर में SIR के मुद्दे पर जंतर-मंतर के आसपास प्रदर्शनकारियों को हिरासत में लिया गया था। अब 2 अक्टूबर के प्रदर्शन में बड़ी संख्या में लोगों के पहुंचने के बाद पुलिस ने पहले से कड़े इंतजाम किए थे।

author avatar
Stv News Rajasthan

Leave a comment

Your email address will not be published. Required fields are marked *