कोटा बाल संप्रेषण गृह की रसोई में घुसा 5 फीट लंबा ब्लैक कोबरा, रेस्क्यू से टला बड़ा हादसा
कोटा के नयागांव स्थित बाल संप्रेषण गृह में देर रात उस समय हड़कंप मच गया, जब रसोई में करीब पांच फीट लंबा जहरीला ब्लैक कोबरा दिखाई दिया। सांप को देखकर वहां मौजूद नाबालिगों और कर्मचारियों में डर का माहौल बन गया। सूचना मिलने पर स्नेक रेस्क्यू टीम मौके पर पहुंची और कड़ी मशक्कत के बाद कोबरा को सुरक्षित पकड़कर वन विभाग की मदद से जंगल में छोड़ दिया गया।
रसोई में कोबरा दिखते ही मचा हड़कंप
कोटा के रावतभाटा रोड स्थित बाल संप्रेषण गृह में देर रात कर्मचारी जब रसोई की ओर पहुंचे तो वहां एक विशालकाय सांप दिखाई दिया। करीब पांच फीट लंबे ब्लैक कोबरा को देखकर वहां मौजूद लोगों में अफरा-तफरी मच गई। संप्रेषण गृह में कई नाबालिग मौजूद होने के कारण स्थिति और भी चिंताजनक हो गई थी। कर्मचारियों ने बिना देरी किए इसकी सूचना संबंधित अधिकारियों और रेस्क्यू टीम को दी।
स्नेक कैचर ने सावधानी से किया रेस्क्यू
सूचना मिलते ही स्नेक कैचर गोविंद शर्मा अपनी टीम के साथ मौके पर पहुंचे। उन्होंने रसोई की दीवार के पास छिपे कोबरा को काफी सावधानी और सतर्कता के साथ बाहर निकाला। रेस्क्यू के दौरान पूरी टीम ने सुरक्षा मानकों का ध्यान रखा, ताकि किसी भी तरह की अनहोनी न हो। काफी प्रयासों के बाद सांप को सुरक्षित पकड़ लिया गया।
वन विभाग की मदद से जंगल में छोड़ा गया
रेस्क्यू के बाद ब्लैक कोबरा को वन विभाग के सहयोग से उसके प्राकृतिक आवास में छोड़ दिया गया। समय रहते की गई कार्रवाई से बाल संप्रेषण गृह में एक बड़ा हादसा टल गया। अधिकारियों और कर्मचारियों ने राहत की सांस ली, क्योंकि जहरीले सांप की मौजूदगी से वहां रहने वाले बच्चों और स्टाफ की सुरक्षा पर खतरा बन सकता था।
मानसून में सांपों से सतर्क रहने की अपील
स्नेक कैचर गोविंद शर्मा ने बताया कि बारिश के मौसम में सांप अक्सर सुरक्षित जगह की तलाश में घरों और भवनों में पहुंच जाते हैं। उन्होंने लोगों से अपील की कि सांप दिखाई देने पर उसे मारने की कोशिश न करें, बल्कि तुरंत प्रशिक्षित रेस्क्यू टीम या वन विभाग को सूचना दें। उन्होंने कहा कि सावधानी और सही जानकारी से मानव और वन्यजीव दोनों की सुरक्षा की जा सकती है।