नीट सुसाइड केस पर जयपुर में कांग्रेस का कैंडल मार्च, धर्मेंद्र प्रधान के इस्तीफे की मांग तेज
जयपुर में नीट पेपर लीक मामले को लेकर सियासत तेज हो गई है। देशभर में 20 से अधिक छात्रों की आत्महत्या के बाद कांग्रेस ने विरोध प्रदर्शन तेज करते हुए रविवार शाम कैंडल मार्च निकाला। राजस्थान कांग्रेस सेवा दल के नेतृत्व में यह मार्च पीसीसी मुख्यालय से शहीद स्मारक तक निकाला गया, जहां छात्रों को श्रद्धांजलि दी गई।
कैंडल मार्च में नेता प्रतिपक्ष टीकाराम जूली और कांग्रेस विधायक रफीक खान भी शामिल हुए। शाम 7:30 बजे शुरू हुआ यह मार्च रात 8 बजे शहीद स्मारक पहुंचा। इस दौरान कार्यकर्ता आत्महत्या करने वाले 22 छात्रों के पोस्टर और होर्डिंग लेकर चल रहे थे और केंद्र सरकार के खिलाफ नारेबाजी कर रहे थे।
मीडिया से बातचीत में टीकाराम जूली ने केंद्र सरकार पर तीखा हमला बोला। उन्होंने कहा कि सरकार छात्रों के मुद्दे पर संवेदनहीन है। 22 छात्रों की मौत के बावजूद प्रधानमंत्री की चुप्पी चिंताजनक है। उन्होंने केंद्रीय शिक्षा मंत्री धर्मेंद्र प्रधान के इस्तीफे की मांग दोहराते हुए कहा कि देश में अब तक कई पेपर लीक हो चुके हैं, लेकिन कोई ठोस कार्रवाई नहीं हुई।
जूली ने यह भी सवाल उठाया कि नेशनल टेस्टिंग एजेंसी (NTA) में नियुक्तियों को लेकर अब तक पारदर्शिता क्यों नहीं दिखाई गई। उन्होंने आरोप लगाया कि सरकार युवाओं के भविष्य के साथ खिलवाड़ कर रही है और जवाबदेही से बच रही है।