गुरुग्राम में बुजुर्ग की हत्या के बाद शव जलाया, अंगूठी बेचकर फरार—3 आरोपी गिरफ्तार
गुरुग्राम के खांडसा गांव में 64 वर्षीय बुजुर्ग बलराम की हत्या के मामले में पुलिस ने बड़ा खुलासा किया है। जांच में सामने आया कि आरोपियों ने पहले पीट-पीटकर हत्या की और फिर सबूत मिटाने के लिए शव को जला दिया। इतना ही नहीं, मृतक के हाथ से सोने की अंगूठी निकालकर उसे 70 हजार रुपये में बेच भी दिया गया। पुलिस ने तीनों आरोपियों को गिरफ्तार कर लिया है और मामले की गहन जांच जारी है।
लापता होने की शिकायत से शुरू हुई जांच
14 जून को बलराम के अचानक लापता होने के बाद परिवार ने काफी तलाश की, लेकिन कोई सुराग नहीं मिला। इसके बाद बेटे ने सेक्टर-37 थाने में गुमशुदगी की रिपोर्ट दर्ज कराई। पुलिस ने मामला दर्ज कर सीसीटीवी फुटेज, तकनीकी सर्विलांस और स्थानीय पूछताछ के जरिए जांच शुरू की। शुरुआती जांच में ही पुलिस को शक हुआ कि यह सिर्फ गुमशुदगी नहीं बल्कि गंभीर अपराध का मामला हो सकता है।
सीसीटीवी और सुरागों से खुला हत्या का राज
जांच के दौरान मिले सुरागों ने पुलिस को अहम दिशा दी। इसके बाद पुलिस ने शुक्रवार को बीकानेर टी-प्वाइंट के पास से तीन आरोपियों विशेष तोमर, मिथुन और संदीप को गिरफ्तार किया। पूछताछ में तीनों ने हत्या की वारदात स्वीकार की। उन्होंने बताया कि विवाद के बाद उन्होंने बलराम की हत्या कर शव को सुनसान इलाके में जलाकर पहचान छिपाने की कोशिश की।
गाली-गलौज से शुरू हुआ विवाद, बन गया हत्या का कारण
आरोपियों के अनुसार, वे खांडसा इलाके में पशुपालन और ऑटो चलाने का काम करते हैं। उनका कहना है कि बलराम अक्सर उनके साथ गाली-गलौज करता था। 12-13 जून की रात इसी बात को लेकर विवाद बढ़ा और गुस्से में आकर उन्होंने लाठी-डंडों से हमला कर दिया, जिससे बलराम की मौत हो गई।
अंगूठी बेचकर उड़ाए पैसे, पुलिस ने बरामद की
हत्या के बाद आरोपियों ने मृतक की सोने की अंगूठी निकालकर उसे एक सुनार को करीब 70 हजार रुपये में बेच दिया। पुलिस ने अंगूठी बरामद कर ली है। जांच में यह भी सामने आया कि आरोपी संदीप पहले से हत्या के मामले में शामिल रहा है, जबकि मिथुन पर मारपीट के दो केस दर्ज हैं।
पुलिस रिमांड पर लेगी आरोपी, आगे की जांच जारी
पुलिस अब तीनों आरोपियों को रिमांड पर लेकर वारदात में इस्तेमाल हथियार और अन्य सबूत जुटाने की तैयारी कर रही है। अधिकारियों का कहना है कि पूरे मामले के हर पहलू की गहराई से जांच की जा रही है और किसी भी अन्य संलिप्त व्यक्ति को बख्शा नहीं जाएगा।