बार में शराब पीने की गिरफ्तारी पर जोधपुर में विवाद, थाने में देर रात हुआ हंगामा
गिरफ्तारी के बाद थाने पहुंचा परिवार, शुरू हुआ विवाद
जोधपुर के मंडोर थाना क्षेत्र में शराब पीने के मामले में की गई पुलिस कार्रवाई विवाद का कारण बन गई। पुलिस द्वारा एक व्यक्ति को हिरासत में लेने के बाद उसके परिजन देर रात थाने पहुंच गए और कार्रवाई का विरोध करने लगे। घटना का वीडियो सोशल मीडिया पर भी तेजी से वायरल हो रहा है। परिजनों का आरोप है कि पुलिस ने बिना उचित कारण उनके परिवार के सदस्य को गिरफ्तार किया, जबकि पुलिस का कहना है कि संबंधित व्यक्ति सार्वजनिक स्थान पर शराब पीते हुए मिला था। इस घटनाक्रम के बाद कुछ समय के लिए थाने का माहौल तनावपूर्ण हो गया।
पुलिस का दावा- सार्वजनिक स्थान पर शराब पी रहा था युवक
मंडोर थाना पुलिस के अनुसार संबंधित व्यक्ति मोटरसाइकिल पर बैठकर शराब का सेवन कर रहा था। पुलिस ने उसे रोककर पूछताछ की और बाद में थाने ले आई। पुलिस अधिकारियों का कहना है कि सार्वजनिक स्थान पर नशे की हालत में मिलने और शांति व्यवस्था प्रभावित होने की आशंका के चलते उसके खिलाफ शांतिभंग की कार्रवाई की गई। पुलिस का दावा है कि पूरी कार्रवाई कानून और निर्धारित प्रक्रिया के तहत की गई है तथा किसी प्रकार की अवैध कार्रवाई नहीं हुई।
परिजनों ने पुलिस पर लगाए गंभीर आरोप
गिरफ्तार व्यक्ति की पत्नी और बेटे ने थाने पहुंचकर पुलिस कार्रवाई पर सवाल उठाए। उनका कहना है कि संबंधित व्यक्ति किसी सार्वजनिक स्थान पर नहीं, बल्कि एक बार के भीतर बैठकर शराब पी रहा था। परिजनों ने आरोप लगाया कि पुलिस ने उसके साथ दुर्व्यवहार किया और उसके पर्स से नकदी भी गायब हो गई। हालांकि पुलिस ने इन सभी आरोपों को निराधार बताते हुए खारिज कर दिया है। परिजन लगातार सीसीटीवी फुटेज दिखाने की मांग करते रहे ताकि पूरे घटनाक्रम की सच्चाई सामने आ सके।
सीसीटीवी फुटेज को लेकर बढ़ी बहस
घटना के दौरान परिजनों ने थाने और पुलिस वाहन में लगे कैमरों की रिकॉर्डिंग सार्वजनिक करने की मांग की। उनका कहना था कि फुटेज सामने आने पर स्पष्ट हो जाएगा कि गिरफ्तारी किन परिस्थितियों में हुई। दूसरी ओर पुलिस अधिकारियों ने आश्वासन दिया कि पूरे मामले की जांच नियमों के अनुसार की जाएगी। काफी देर तक चली बहस और विरोध प्रदर्शन के बाद थाना अधिकारियों ने समझाइश देकर माहौल शांत कराया। इसके बाद स्थिति सामान्य हुई और कानूनी प्रक्रिया आगे बढ़ाई गई।
हाईकोर्ट के आदेश के बाद बढ़ी सख्ती
राजस्थान हाईकोर्ट के निर्देशों के बाद राज्यभर में शराब से जुड़े मामलों में निगरानी और कार्रवाई तेज की गई है। आबकारी विभाग और पुलिस प्रशासन को देर रात शराब बिक्री पर नियंत्रण रखने तथा नशे की हालत में वाहन चलाने वालों के खिलाफ कार्रवाई करने के निर्देश दिए गए हैं। इसी क्रम में जोधपुर पुलिस भी लगातार अभियान चला रही है। अधिकारियों का कहना है कि अदालत के आदेशों की पालना करना उनकी जिम्मेदारी है और किसी भी तरह की लापरवाही अवमानना की स्थिति पैदा कर सकती है।
पुलिस और आमजन के बीच बढ़ रही चुनौती
हालिया घटना ने पुलिस कार्रवाई और आम नागरिकों की अपेक्षाओं के बीच संतुलन की चुनौती को फिर उजागर कर दिया है। एक ओर पुलिस पर कानून लागू करने का दबाव है, वहीं दूसरी ओर कार्रवाई से प्रभावित लोग अपने अधिकारों और निष्पक्ष व्यवहार की मांग कर रहे हैं। इस मामले के बाद पुलिस महकमे में भी चर्चा है कि अदालत के आदेशों का पालन करते हुए जनभावनाओं का ध्यान रखना एक बड़ी चुनौती बनता जा रहा है। फिलहाल पूरे मामले को लेकर पुलिस का कहना है कि कार्रवाई कानूनी दायरे में की गई है और आगे भी कानून के अनुसार कदम उठाए जाएंगे।