कोटा महंत हत्याकांड: 20 मिनट में रची गई साजिश, दूसरे संत को कमरे में बंद कर महंत की कर दी हत्या
कोटा के चंद्रेसल मठ में महंत देवानंद महाराज की हत्या ने पूरे हाड़ौती क्षेत्र को झकझोर दिया है। पुलिस की प्रारंभिक जांच में सामने आया है कि आरोपियों ने बेहद सुनियोजित तरीके से महज 20 मिनट के भीतर वारदात को अंजाम दिया। घटना से पहले मठ में सब कुछ सामान्य था, लेकिन कुछ ही देर बाद महंत खून से लथपथ मिले जबकि दूसरे संत के कमरे की बाहर से कुंडी लगी हुई थी। पुलिस अब हत्या के पीछे की साजिश और आरोपियों की तलाश में जुटी है।
रात 10:30 बजे तक सब कुछ था सामान्य
जानकारी के अनुसार चंद्रेसल गांव निवासी राजू पंडित रोजाना की तरह शुक्रवार रात करीब 10:30 बजे मठ में पूजा-अर्चना और माला जप करने के बाद अपने घर लौटे थे। उस समय महंत देवानंद महाराज और संत नंदनवन महाराज अपने-अपने कक्षों में विश्राम कर रहे थे। कुछ देर बाद गांव में देवकिशन नामक व्यक्ति ने बताया कि संत नंदनवन महाराज का फोन आया है और उन्होंने कहा कि कुछ लोग मठ में आए थे तथा उनके कमरे की बाहर से कुंडी लगाकर चले गए हैं।
दूसरे संत को बंद कर दिया, फिर मिला खौफनाक मंजर
सूचना मिलने पर ग्रामीणों का एक समूह मठ पहुंचा। वहां पहुंचकर उन्होंने देखा कि संत नंदनवन महाराज का कमरा बाहर से बंद था। कुंडी खोलने के बाद जब लोगों ने आसपास देखा तो महंत देवानंद महाराज खून से लथपथ अवस्था में पड़े मिले। यह दृश्य देखकर मौके पर अफरा-तफरी मच गई। गंभीर हालत में उन्हें अस्पताल ले जाया गया, जहां उपचार के दौरान उनकी मौत हो गई।
20 मिनट में वारदात को अंजाम देने की आशंका
पुलिस जांच में सामने आया है कि रात 10:30 बजे तक मठ में सब कुछ सामान्य था। इसके कुछ ही मिनट बाद यह वारदात हुई। प्रारंभिक अनुमान है कि आरोपियों ने पहले दूसरे संत को कमरे में बंद किया और फिर महंत देवानंद महाराज पर हमला कर दिया। पूरी घटना लगभग 20 मिनट के भीतर अंजाम दी गई। पुलिस यह पता लगाने का प्रयास कर रही है कि आरोपी मठ तक कैसे पहुंचे और वारदात के बाद किस रास्ते से फरार हुए।
एफएसएल और डॉग स्क्वॉड ने जुटाए अहम सबूत
घटना की सूचना मिलते ही कोटा रेंज आईजी हरेंद्र महावर, सिटी एसपी तेजस्विनी गौतम सहित वरिष्ठ अधिकारी मौके पर पहुंचे। एफएसएल टीम और डॉग स्क्वॉड को भी बुलाया गया। फॉरेंसिक टीम ने घटनास्थल से कई महत्वपूर्ण साक्ष्य एकत्र किए हैं। वहीं डॉग स्क्वॉड की मदद से आरोपियों के आने-जाने के संभावित रास्तों की जांच की गई।
संत समाज और श्रद्धालुओं में आक्रोश
महंत की हत्या की खबर फैलते ही संत समाज और श्रद्धालुओं में भारी आक्रोश फैल गया। अखिल भारतीय संत समिति हाड़ौती मंडल के पदाधिकारी, विभिन्न अखाड़ों के संत और बड़ी संख्या में श्रद्धालु अस्पताल पहुंचे। मोर्चरी के बाहर संतों ने धरना देकर आरोपियों की जल्द गिरफ्तारी की मांग की। संतों ने इसे धार्मिक आस्था पर हमला बताते हुए सख्त कार्रवाई की मांग की है।
नेताओं ने जताया दुख, जांच तेज
लोकसभा अध्यक्ष ओम बिरला ने घटना को दुर्भाग्यपूर्ण बताते हुए दोषियों की शीघ्र गिरफ्तारी के निर्देश दिए हैं। वहीं विधायक संदीप शर्मा ने पुलिस से विशेष टीम बनाकर आरोपियों को जल्द गिरफ्तार करने की मांग की। पूर्व गृहमंत्री शांति धारीवाल ने भी घटना पर दुख जताते हुए कानून व्यवस्था पर सवाल उठाए हैं। पुलिस का कहना है कि मामले की हर एंगल से जांच की जा रही है और जल्द ही महत्वपूर्ण खुलासे हो सकते हैं।