बेंगलुरु में 8वीं की छात्रा की मौत, सुसाइड नोट में स्कूल के घटनाक्रम का जिक्र; पुलिस जांच में जुटी
कर्नाटक के बेंगलुरु अर्बन जिले के अनेकल तालुक में एक सरकारी स्कूल की 8वीं कक्षा की छात्रा की संदिग्ध परिस्थितियों में मौत का मामला सामने आया है। छात्रा के पास से एक सुसाइड नोट मिलने का दावा किया गया है, जिसमें उसने स्कूल में हुई कुछ घटनाओं और शिक्षकों के व्यवहार का उल्लेख किया है। पुलिस ने मामला दर्ज कर जांच शुरू कर दी है। फिलहाल जांच पूरी होने तक किसी भी आरोप की आधिकारिक पुष्टि नहीं हुई है।
घर में मृत मिली छात्रा, पुलिस ने शुरू की जांच
जानकारी के अनुसार, छात्रा अनेकल तालुक के मारासुरु स्थित सरकारी हाईस्कूल में पढ़ती थी। गुरुवार रात वह अपने घर में मृत मिली। घटना की जानकारी मिलने पर परिजनों ने पुलिस को सूचना दी। पुलिस ने मौके पर पहुंचकर शव को कब्जे में लिया और आवश्यक कानूनी प्रक्रिया पूरी करते हुए मामले की जांच शुरू कर दी। अधिकारियों का कहना है कि मौत के कारणों और उससे पहले की परिस्थितियों की हर पहलू से जांच की जा रही है।
सुसाइड नोट में लगाए गए गंभीर आरोप
पुलिस के अनुसार, घटनास्थल से मिले कथित सुसाइड नोट में छात्रा ने स्कूल में अपने साथ हुए घटनाक्रम का उल्लेख किया है। नोट में दावा किया गया है कि उस पर कुछ रुपये चोरी करने का आरोप लगाया गया था, जिसके बाद उसे डांटा गया और मानसिक रूप से अपमानित महसूस हुआ। इसमें यह भी लिखा गया है कि होमवर्क पूरा नहीं करने पर उसे दंड दिया गया और स्कूल से ट्रांसफर सर्टिफिकेट (टीसी) जारी करने की धमकी मिलने का भी जिक्र किया गया है। हालांकि, इन आरोपों की सत्यता की जांच अभी जारी है।
परिजनों ने शिक्षकों पर लगाए प्रताड़ना के आरोप
मृतक छात्रा की मां ने आरोप लगाया है कि उनकी बेटी को स्कूल में प्रताड़ित किया गया था। उनका कहना है कि घर में किसी प्रकार का तनाव या विवाद नहीं था और यदि ऐसी कोई समस्या होती तो उनकी बेटी जरूर बताती। परिजनों ने पूरे मामले की निष्पक्ष जांच और दोषियों के खिलाफ कार्रवाई की मांग की है। वहीं, पुलिस परिवार के बयान के साथ-साथ स्कूल प्रशासन और संबंधित शिक्षकों से भी पूछताछ कर रही है।
पुलिस हर पहलू से कर रही जांच
सूर्यनगर पुलिस ने अप्राकृतिक मौत का मामला दर्ज किया है। अधिकारियों का कहना है कि कथित सुसाइड नोट की फोरेंसिक जांच कराई जाएगी और उसके आधार पर आगे की कार्रवाई होगी। साथ ही स्कूल प्रशासन, शिक्षकों और अन्य संबंधित लोगों के बयान दर्ज किए जा रहे हैं। पुलिस ने स्पष्ट किया है कि जांच पूरी होने के बाद ही घटना के वास्तविक कारणों और किसी की जिम्मेदारी को लेकर निष्कर्ष निकाला जाएगा।