राजस्थान यूनिवर्सिटी में छात्रसंघ चुनाव को लेकर बवाल: ‘भूमि समाधि’ से पहले छात्र नेता हिरासत में, NSUI का आंदोलन तेज
राजस्थान यूनिवर्सिटी में छात्रसंघ चुनाव बहाल करने और राजस्थानी भाषा को संवैधानिक मान्यता देने की मांग को लेकर छात्र आंदोलन तेज हो गया है। शुक्रवार को ‘भूमि समाधि’ की घोषणा करने वाले छात्र नेता लक्ष्यराज को पुलिस ने विश्वविद्यालय परिसर पहुंचते ही हिरासत में ले लिया। दूसरी ओर, टोंक फाटक स्थित पानी की टंकी पर बैठे NSUI कार्यकर्ताओं का प्रदर्शन 30 घंटे से अधिक समय बाद भी जारी है। छात्रों ने आमरण अनशन शुरू करते हुए सरकार से वार्ता और मांगों पर निर्णय की अपील की है।
‘भूमि समाधि’ की घोषणा से पहले पुलिस की कार्रवाई
छात्र नेता लक्ष्यराज ने राजस्थान यूनिवर्सिटी परिसर में प्रतीकात्मक रूप से ‘भूमि समाधि’ लेने की घोषणा की थी। इसे देखते हुए पुलिस प्रशासन ने परिसर में सुरक्षा व्यवस्था बढ़ा दी। जैसे ही लक्ष्यराज विश्वविद्यालय पहुंचे, पुलिस ने उन्हें हिरासत में लेकर वहां से हटाया। इस दौरान मौजूद छात्र नेताओं और समर्थकों ने कार्रवाई का विरोध करते हुए नारेबाजी की। पुलिस का कहना है कि यह कदम कानून-व्यवस्था बनाए रखने के उद्देश्य से उठाया गया।
हिरासत के बाद लक्ष्यराज ने रखा अपना पक्ष
हिरासत में लिए जाने के बाद लक्ष्यराज ने कहा कि उनका उद्देश्य किसी प्रकार की हिंसा या अव्यवस्था फैलाना नहीं था, बल्कि छात्रसंघ चुनाव बहाली और राजस्थानी भाषा को संवैधानिक मान्यता देने की मांग को शांतिपूर्ण तरीके से सरकार तक पहुंचाना था। उन्होंने कहा कि छात्रों की मांगों पर गंभीरता से विचार किया जाना चाहिए। यह छात्र नेता लक्ष्यराज का पक्ष है।
NSUI का धरना और आमरण अनशन जारी
उधर, गांधी नगर रेलवे स्टेशन के पास पानी की टंकी पर चढ़े NSUI कार्यकर्ताओं का प्रदर्शन लगातार जारी है। संगठन का दावा है कि 30 घंटे से अधिक समय बीत जाने के बावजूद सरकार की ओर से कोई वार्ता नहीं हुई। इसके विरोध में प्रदर्शनकारियों ने आमरण अनशन शुरू कर दिया है। यह दावा NSUI की ओर से किया गया है। प्रशासन की ओर से प्रदर्शन स्थल पर सुरक्षा व्यवस्था बनाए रखी गई है।
टोंक रोड जाम की चेतावनी, सुरक्षा व्यवस्था बढ़ाई गई
NSUI कार्यकर्ताओं ने चेतावनी दी है कि यदि सरकार और विश्वविद्यालय प्रशासन ने छात्रसंघ चुनाव बहाली को लेकर कोई ठोस निर्णय नहीं लिया, तो वे टोंक रोड पर चक्का जाम करेंगे। इसे देखते हुए राजस्थान यूनिवर्सिटी परिसर, टोंक फाटक और आसपास के क्षेत्रों में अतिरिक्त पुलिस बल तैनात किया गया है। प्रशासन का प्रयास है कि किसी भी अप्रिय स्थिति से बचते हुए कानून-व्यवस्था और यातायात व्यवस्था सुचारु बनी रहे। फिलहाल आंदोलन और प्रशासन के बीच गतिरोध जारी है।
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