अलवर में पुरानी बाइक कारोबारी की दुकान से तिजोरी चोरी, नकदी और दस्तावेज ले उड़े बदमाश
अलवर शहर के कोतवाली थाना क्षेत्र में चोरों ने एक दुकान को निशाना बनाते हुए तिजोरी समेत नकदी, बैंकिंग दस्तावेज और अन्य महत्वपूर्ण कागजात चोरी कर लिए। वारदात का खुलासा तब हुआ जब दुकान संचालक सुबह दुकान खोलने पहुंचे। पुलिस ने मामला दर्ज कर जांच शुरू कर दी है और आसपास के सीसीटीवी फुटेज खंगाले जा रहे हैं।
रात में बंद दुकान को बनाया निशाना
पुलिस के अनुसार स्कीम नंबर-10 स्थित यूआईटी कॉम्प्लेक्स में जैन मंदिर के पास दुकान संचालित करने वाले 52 वर्षीय इंदर सैनी ने चोरी की रिपोर्ट दर्ज कराई है। इंदर सैनी पुरानी मोटरसाइकिलों की खरीद-बिक्री का कारोबार करते हैं। उन्होंने बताया कि 17 जून की रात करीब 9 बजे वह रोज की तरह दुकान बंद कर घर चले गए थे। रात के दौरान अज्ञात बदमाशों ने दुकान को निशाना बनाया और शटर की कुंडी तोड़कर अंदर प्रवेश कर गए। वारदात को सुनियोजित तरीके से अंजाम दिया गया।
सुबह पहुंचने पर टूटा मिला शटर
अगले दिन सुबह जब इंदर सैनी अपनी दुकान पर पहुंचे तो उन्हें शटर की कुंडी टूटी हुई दिखाई दी। दुकान की हालत देखकर उन्हें चोरी की आशंका हुई। अंदर प्रवेश करने पर पता चला कि दुकान में रखी पूरी तिजोरी ही गायब थी। घटना देखकर व्यापारी के होश उड़ गए। उन्होंने तुरंत आसपास के लोगों को जानकारी दी और पुलिस को सूचना दी। दिनदहाड़े व्यस्त बाजार क्षेत्र में हुई इस चोरी ने व्यापारियों में भी चिंता बढ़ा दी है।
तिजोरी में रखे थे नकद और जरूरी दस्तावेज
पीड़ित व्यापारी के अनुसार चोरी हुई तिजोरी में करीब 90 हजार रुपये नकद रखे हुए थे। इसके अलावा दो एटीएम कार्ड, तीन चेक बुक और व्यापार से जुड़े कई महत्वपूर्ण दस्तावेज भी उसी तिजोरी में मौजूद थे। बदमाश नकदी के साथ-साथ सभी जरूरी कागजात भी अपने साथ ले गए। व्यापारी का कहना है कि दस्तावेजों के चोरी होने से आर्थिक नुकसान के साथ प्रशासनिक और बैंकिंग कार्यों में भी परेशानी खड़ी हो सकती है।
पुलिस ने शुरू की जांच, खंगाले जा रहे सीसीटीवी
घटना की सूचना मिलने पर कोतवाली थाना पुलिस मौके पर पहुंची और घटनास्थल का निरीक्षण किया। पुलिस ने आसपास लगे सीसीटीवी कैमरों की फुटेज एकत्रित करना शुरू कर दिया है ताकि आरोपियों की पहचान की जा सके। बाजार क्षेत्र में देर रात आने-जाने वाले संदिग्ध लोगों की गतिविधियों की भी जांच की जा रही है। पुलिस का मानना है कि फुटेज और तकनीकी साक्ष्यों से मामले के खुलासे में मदद मिल सकती है।
एएसआई को सौंपी गई जांच
कोतवाली थाना पुलिस ने पीड़ित की रिपोर्ट के आधार पर मामला दर्ज कर लिया है। प्रकरण की जांच एएसआई विजेंद्र सिंह को सौंपी गई है। पुलिस भारतीय न्याय संहिता (BNS) की संबंधित धाराओं के तहत कार्रवाई कर रही है। अधिकारियों का कहना है कि चोरी की वारदात को अंजाम देने वाले आरोपियों की पहचान और गिरफ्तारी के लिए विशेष प्रयास किए जा रहे हैं। पुलिस जल्द ही मामले के खुलासे की उम्मीद जता रही है।