राजकुमार राव ने ‘मोदी है तो मुमकिन है’ गाने पर तोड़ी चुप्पी, बोले- ‘मेरी अंतरात्मा कभी नहीं बिक सकती’
NEET पेपर लीक और छात्र आंदोलन पर सोशल मीडिया पोस्ट करने के बाद अभिनेता राजकुमार राव ऑनलाइन बहस का केंद्र बन गए। एक यूजर ने उन्हें पहले किए गए ‘मोदी है तो मुमकिन है’ गीत में उनकी भागीदारी को लेकर सवाल किया, जिस पर अभिनेता ने जवाब देते हुए कहा कि एक गाना उनके सिद्धांतों या व्यक्तित्व को परिभाषित नहीं कर सकता। साथ ही उन्होंने यह भी लिखा कि लोग यह नहीं जानते कि कई बार कलाकारों पर कितना दबाव होता है।
छात्र आंदोलन पर पोस्ट के बाद शुरू हुआ विवाद
राजकुमार राव ने छात्र आंदोलन को लेकर सोशल मीडिया पर लिखा कि हर आवाज को सम्मानपूर्वक सुना जाना चाहिए और किसी भी समस्या का समाधान संवाद और शांति के रास्ते से निकलना चाहिए। उनके इस संदेश के बाद सोशल मीडिया पर मिली-जुली प्रतिक्रियाएं देखने को मिलीं। कुछ लोगों ने उनके रुख का समर्थन किया, जबकि कई यूजर्स ने उनके पुराने राजनीतिक प्रचार गीत में शामिल होने को लेकर सवाल उठाए।
यूजर ने पुराने गाने को लेकर किया सवाल
एक सोशल मीडिया यूजर ने टिप्पणी करते हुए लिखा कि पहले वह राजकुमार राव का सम्मान करता था, लेकिन एक प्रचार गीत में शामिल होने के कारण उसकी राय बदल गई। यूजर ने आरोप लगाया कि अभिनेता ने अपने सिद्धांतों से समझौता किया। इस टिप्पणी के बाद राजकुमार राव ने सार्वजनिक रूप से जवाब दिया।
‘एक गाना तय नहीं करता कि मैं कौन हूं’
यूजर के सवाल पर अभिनेता ने लिखा कि उनकी अंतरात्मा कभी नहीं बिक सकती। उन्होंने कहा कि किसी एक गाने के आधार पर उनके विचारों, सिद्धांतों या व्यक्तित्व का आकलन नहीं किया जाना चाहिए। राजकुमार राव ने लिखा कि वह हमेशा उसी बात के साथ खड़े रहते हैं जिसे वह सही मानते हैं और जो लोगों को एक-दूसरे से जोड़ती है।
‘आप नहीं जानते कितना दबाव होता है’
अपने जवाब में राजकुमार राव ने यह भी कहा कि बाहरी लोग यह नहीं समझ सकते कि कई बार कलाकारों पर कितना दबाव होता है। हालांकि उन्होंने यह स्पष्ट नहीं किया कि वह किस प्रकार के दबाव की बात कर रहे थे और न ही किसी व्यक्ति, संस्था या संगठन का नाम लिया। इसी टिप्पणी को लेकर सोशल मीडिया पर अलग-अलग तरह की व्याख्याएं और प्रतिक्रियाएं सामने आने लगीं।
‘मेरा जमीर साफ है’
अभिनेता ने आगे लिखा कि जब तक उनका जमीर साफ है और वे ईमानदारी से अपना काम करते हैं, तब तक बाकी बातें उनके लिए मायने नहीं रखतीं। उन्होंने कहा कि जो लोग उन्हें व्यक्तिगत रूप से जानते हैं, वे उनके स्वभाव और मूल्यों से परिचित हैं। साथ ही उन्होंने आलोचना करने वाले यूजर के लिए भी शुभकामनाएं व्यक्त कीं।
सोशल मीडिया पर जारी है बहस
राजकुमार राव की इस टिप्पणी के बाद सोशल मीडिया पर बहस और तेज हो गई। कुछ यूजर्स ने उनके बयान को कलाकारों पर पड़ने वाले दबाव के संदर्भ में देखा, जबकि अन्य ने अलग-अलग निष्कर्ष निकाले। अभिनेता ने अपने जवाब में किसी राजनीतिक दल, सरकार या अन्य संस्था का नाम नहीं लिया है। फिलहाल इस मुद्दे पर चर्चा सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म्स पर जारी है।