राजस्थान में कोर्ट को बम से उड़ाने की धमकी: 4 शहरों में हड़कंप, सुरक्षा एजेंसियां अलर्ट
राजस्थान में एक बार फिर बम धमकी ने सुरक्षा व्यवस्था पर सवाल खड़े कर दिए हैं। उदयपुर, बाड़मेर, बारां और सीकर के कोर्ट परिसरों को उड़ाने की धमकी मिलने के बाद प्रशासन में अफरा-तफरी मच गई। एहतियातन कोर्ट खाली करवाए गए और सुरक्षा एजेंसियों ने सघन तलाशी अभियान शुरू कर दिया है।
चार जिलों के कोर्ट निशाने पर, एक साथ मिली धमकी
राजस्थान के चार प्रमुख जिलों—उदयपुर, बाड़मेर, बारां और सीकर—के जिला न्यायालयों को बम से उड़ाने की धमकी मिलने से पूरे राज्य में सनसनी फैल गई। सोमवार सुबह जैसे ही यह सूचना सामने आई, कोर्ट परिसरों में मौजूद लोगों को तुरंत बाहर निकाला गया। एक साथ कई शहरों में धमकी मिलना सुरक्षा एजेंसियों के लिए बड़ी चुनौती बन गया है और इसे गंभीर खतरे के रूप में देखा जा रहा है।
तुरंत खाली कराए गए कोर्ट, चारों ओर सुरक्षा घेरा
धमकी मिलते ही प्रशासन ने बिना देर किए कोर्ट परिसरों को खाली करवा दिया। वकीलों, कर्मचारियों और आम लोगों को सुरक्षित बाहर निकालकर पूरे इलाके को सील कर दिया गया। पुलिस ने सभी एंट्री और एग्जिट पॉइंट बंद कर दिए, जिससे किसी भी संदिग्ध गतिविधि को रोका जा सके। इस दौरान कोर्ट परिसर में अफरा-तफरी का माहौल बना रहा, लेकिन सुरक्षा बलों ने स्थिति को नियंत्रित रखा।
डॉग स्क्वॉड और ATS की सघन जांच
घटना के बाद पुलिस, डॉग स्क्वॉड और एंटी टेररिज्म स्क्वॉड (ATS) की टीमों ने मौके पर पहुंचकर तलाशी अभियान शुरू कर दिया। हर कमरे, फाइल रूम, पार्किंग एरिया और आसपास के स्थानों की बारीकी से जांच की जा रही है। सुरक्षा एजेंसियां किसी भी तरह के विस्फोटक या संदिग्ध वस्तु की तलाश में जुटी हैं। शुरुआती जांच में अभी तक कुछ संदिग्ध नहीं मिला है, लेकिन जांच पूरी होने तक सतर्कता बरती जा रही है।
बार-बार मिल रही धमकियों से बढ़ी चिंता
राजस्थान में हाल के दिनों में बम धमकियों की घटनाएं लगातार सामने आ रही हैं, जिससे आमजन में डर का माहौल बनता जा रहा है। सुरक्षा एजेंसियों के लिए यह एक बड़ा सिरदर्द बन गया है कि आखिर ये धमकियां कौन दे रहा है और इसका मकसद क्या है। फिलहाल पुलिस साइबर एंगल से भी जांच कर रही है, ताकि धमकी देने वालों तक जल्द पहुंचा जा सके।
प्रशासन सतर्क, हर एंगल से जांच जारी
प्रशासन का कहना है कि सुरक्षा से किसी भी तरह का समझौता नहीं किया जाएगा। सभी संवेदनशील स्थानों पर निगरानी बढ़ा दी गई है और खुफिया एजेंसियों को भी अलर्ट मोड पर रखा गया है। पुलिस का दावा है कि जल्द ही धमकी देने वाले आरोपियों की पहचान कर ली जाएगी और उनके खिलाफ सख्त कार्रवाई की जाएगी।