बूंदी रेलवे स्टेशन पर ट्रेन की सीट के नीचे मिला 1 साल का मासूम, परिजनों की तलाश जारी
राजस्थान के बूंदी रेलवे स्टेशन पर एक दिल को झकझोर देने वाली घटना सामने आई है। आगरा फोर्ट-रतलाम एक्सप्रेस के जनरल कोच में करीब एक साल का मासूम बच्चा लावारिस हालत में सीट के नीचे बैठा मिला। बच्चे के साथ कोई परिजन मौजूद नहीं था। सूचना मिलने पर चाइल्ड हेल्पलाइन और बाल कल्याण समिति की टीम ने बच्चे को सुरक्षित रेस्क्यू कर शिशु गृह भेज दिया है। फिलहाल उसके माता-पिता और परिजनों की तलाश की जा रही है।
जनरल कोच में अकेला मिला मासूम
जानकारी के अनुसार आगरा फोर्ट-रतलाम एक्सप्रेस के एक जनरल डिब्बे में यह बच्चा अकेला मिला। ट्रेन में यात्रा कर रहे यात्रियों ने जब उसे सीट के नीचे देखा तो शुरुआत में उन्हें लगा कि बच्चा किसी यात्री का होगा। काफी देर तक कोई भी उसके पास नहीं आया तो यात्रियों को शक हुआ कि वह लावारिस है। हैरानी की बात यह रही कि बच्चा रो भी नहीं रहा था और चुपचाप बैठा हुआ था।
सहयात्री की सतर्कता से बची मासूम की जान
कोटा से यात्रा कर रहे सहयात्री लव कुश की नजर बच्चे पर पड़ी। उन्होंने आसपास बैठे लोगों से जानकारी ली, लेकिन कोई भी बच्चे को पहचान नहीं पाया। इसके बाद उन्होंने ट्रेन में मौजूद सुरक्षा कर्मियों को सूचना दी और चाइल्ड हेल्पलाइन 1098 पर भी संपर्क कर मामले की जानकारी दी। उनकी सतर्कता के चलते बच्चे को समय रहते सुरक्षित संरक्षण मिल सका।
चाइल्ड हेल्पलाइन ने किया रेस्क्यू
सूचना मिलते ही बूंदी चाइल्ड हेल्पलाइन की टीम सक्रिय हो गई। टीम ने रेलवे स्टेशन पहुंचकर बच्चे को अपने संरक्षण में लिया और उसे बाल कल्याण समिति के समक्ष प्रस्तुत किया। आवश्यक स्वास्थ्य परीक्षण के बाद समिति के निर्देशानुसार बच्चे को देखभाल और संरक्षण के लिए शिशु गृह (क्रैच होम) भेज दिया गया।
बाल कल्याण समिति ने जताई चिंता
बाल कल्याण समिति की अध्यक्ष सीमा पोद्दार ने कहा कि एक साल के मासूम का इस तरह ट्रेन में अकेले मिलना बेहद गंभीर मामला है। उन्होंने कहा कि फिलहाल बच्चे की सुरक्षा, स्वास्थ्य और देखभाल को प्राथमिकता दी जा रही है। साथ ही यह पता लगाने का प्रयास किया जा रहा है कि बच्चा अपने परिवार से बिछड़ गया है या उसे जानबूझकर छोड़ दिया गया।
CCTV फुटेज खंगाल रही टीम
बच्चे के परिजनों की तलाश के लिए पुलिस, चाइल्ड हेल्पलाइन और बाल कल्याण समिति की संयुक्त टीम काम कर रही है। रेलवे स्टेशन और आसपास के क्षेत्रों के सीसीटीवी फुटेज खंगाले जा रहे हैं। साथ ही नजदीकी रेलवे स्टेशनों को भी सूचना भेजी गई है ताकि बच्चे की पहचान और उसके परिवार तक पहुंचा जा सके।
जांच जारी, परिजनों का इंतजार
फिलहाल बच्चा सुरक्षित है और शिशु गृह में उसकी देखभाल की जा रही है। प्रशासन को उम्मीद है कि जल्द ही उसके परिजनों का पता चल सकेगा। इस घटना ने एक बार फिर बच्चों की सुरक्षा और अभिभावकों की जिम्मेदारी को लेकर कई सवाल खड़े कर दिए हैं।