खैरथल-तिजारा जिला अग्रवाल संस्थान की नई कार्यकारिणी घोषित, प्रमोद सिंघानिया बने महामंत्री
खैरथल-तिजारा जिला अग्रवाल संस्थान की नई जिला कार्यकारिणी की घोषणा कर दी गई है। जिलाध्यक्ष डॉ. शैलेंद्र गुप्ता ने टीम का विस्तार करते हुए विभिन्न पदों पर समाज के कई सक्रिय सदस्यों को जिम्मेदारी सौंपी है। इस कार्यकारिणी में प्रमोद सिंघानिया को महामंत्री नियुक्त किया गया है। संस्थान का उद्देश्य जिले में अग्रवाल समाज की इकाइयों को संगठित कर सामाजिक और कल्याणकारी कार्यों को गति देना है।
नई कार्यकारिणी की औपचारिक घोषणा
संस्थान के जिलाध्यक्ष डॉ. शैलेंद्र गुप्ता ने प्रेस वार्ता के दौरान नई जिला कार्यकारिणी की घोषणा की। इसमें ओमप्रकाश गर्ग (टीटू) को वरिष्ठ उपाध्यक्ष, संदीप अग्रवाल को उपाध्यक्ष, प्रमोद सिंघानिया को महामंत्री, सुरेश कुमार गोयल को मंत्री और सुभाष गोयल को कोषाध्यक्ष बनाया गया है। इसके अलावा विभिन्न क्षेत्रों से कई सदस्यों को कार्यकारिणी में शामिल कर संगठन को मजबूत करने का प्रयास किया गया है।
विभिन्न क्षेत्रों से जुड़े सदस्य शामिल
नई कार्यकारिणी में किशनगढ़ बास, तिजारा, भिवाड़ी, टपूकड़ा, कोटकासिम, हरसौली, मुण्डावर और अन्य क्षेत्रों से कई समाजसेवियों को सदस्य बनाया गया है। इनमें राजेंद्र मित्तल, संतोष अग्रवाल, प्रमोद कुमार (CA), रिंकू गोयल, सतीश अग्रवाल, अशोक गोयल, राकेश मोदी सहित कई नाम शामिल हैं। यह चयन समाज के विभिन्न इकाइयों को जोड़कर संगठनात्मक ढांचे को मजबूत करने के उद्देश्य से किया गया है।
संस्थापक और संरक्षक पदों पर वरिष्ठ समाजसेवी
संस्थान ने संरक्षक और संस्थापक पदों पर भी वरिष्ठ समाजसेवियों को जिम्मेदारी दी है। इनमें परमानंद अग्रवाल, अशोक सिंघानिया, ब्रजमोहन अग्रवाल (CA), पूरणचंद गर्ग, नरेश गर्ग, महेश कुमार (मुण्डावर प्रधान), ओमप्रकाश मंगल और अन्य प्रमुख नाम शामिल हैं। यह निर्णय समाज के अनुभवी और मार्गदर्शक व्यक्तियों के अनुभव का लाभ लेने के उद्देश्य से लिया गया है।
संस्थान के विस्तार और भविष्य की योजना
महामंत्री प्रमोद सिंघानिया और जिलाध्यक्ष डॉ. शैलेंद्र गुप्ता ने बताया कि यह अभी प्रारंभिक कार्यकारिणी है और आगे अन्य इकाइयों से भी सदस्यों को जोड़ा जाएगा। उन्होंने कहा कि खैरथल-तिजारा जिला बनने के बाद संस्थान को नई दिशा देने का प्रयास किया जा रहा है। आने वाले समय में शपथ ग्रहण समारोह आयोजित कर समाज के हित में बड़े कार्यों की रूपरेखा तैयार की जाएगी।