भाजपा नेता समेत तीन लोगों को जिंदा जलाने वाले मामले में बड़ा अपडेट, 4 आरोपियों ने किया सरेंडर
छत्तीसगढ़ के कोरिया जिले में भाजपा नेता समेत तीन लोगों की नृशंस हत्या के चर्चित मामले में बड़ा घटनाक्रम सामने आया है। फॉर्च्यूनर कार में जिंदा जलाकर की गई तिहरी हत्या के पांच दिन बाद फरार चल रहे चार आरोपियों ने पुलिस के सामने आत्मसमर्पण कर दिया है। इस मामले ने पूरे प्रदेश में सनसनी फैला दी थी।
मनेंद्रगढ़ थाने में किया सरेंडर
पुलिस के अनुसार फरार आरोपी मनोज त्रिपाठी, आशुतोष त्रिपाठी, निशांत त्रिपाठी और अमन त्रिपाठी ने एमसीबी जिले के मनेंद्रगढ़ कोतवाली थाने में सरेंडर किया। एमसीबी एसपी रत्ना सिंह की निगरानी में चारों आरोपियों को हिरासत में लिया गया और बाद में कोरिया पुलिस को सौंप दिया गया।
हालांकि मामले में आरोपी गौरव त्रिपाठी अभी भी फरार है और उसकी तलाश जारी है।
फॉर्च्यूनर कार में जिंदा जलाए गए थे तीन लोग
16 जून की रात कोरिया जिले के ग्राम नौगई में हुए इस सनसनीखेज हमले में भाजपा नेता एवं पूर्व जनपद उपाध्यक्ष भरत सिंह उर्फ लल्ला सिंह, शिक्षक नागेंद्र सिंह और वीरेंद्र सिंह की मौत हो गई थी। आरोप है कि हमलावरों ने फॉर्च्यूनर कार को घेरकर उसमें पेट्रोल डालकर आग लगा दी थी।
घटना में योगेंद्र सिंह और मयंक सिंह गंभीर रूप से घायल हुए थे, जिनका इलाज अब भी जारी है।
पहले चार आरोपी भेजे जा चुके हैं जेल
घटना के अगले दिन पुलिस ने विशाल त्रिपाठी, अक्षय त्रिपाठी, महेंद्र त्रिपाठी और सत्यकुमार त्रिपाठी को गिरफ्तार कर जेल भेज दिया था। इसके बाद बाकी आरोपियों की तलाश में लगातार दबिश दी जा रही थी।
पुलिस के दबाव और लगातार कार्रवाई के चलते अब चार और आरोपियों ने आत्मसमर्पण कर दिया है।
रेत कारोबार और वसूली बना विवाद की वजह
जांच में सामने आया है कि रेत खनन और परिवहन से जुड़ी कथित अवैध वसूली को लेकर दोनों पक्षों के बीच लंबे समय से विवाद चल रहा था। बताया जा रहा है कि भाजपा नेता भरत सिंह उर्फ लल्ला सिंह और मनोज त्रिपाठी के बीच रेत कारोबार को लेकर रंजिश बढ़ती गई थी।
घटना से पहले भी दोनों पक्षों के बीच मारपीट हुई थी और थाने में शिकायत दर्ज कराई गई थी।
समझौते की बैठक बनी खूनी संघर्ष
पुलिस के अनुसार 16 जून की रात समझौते के उद्देश्य से भरत सिंह अपने साथियों के साथ नौगई गांव पहुंचे थे। इसी दौरान दोनों पक्ष आमने-सामने आ गए और विवाद हिंसक हो गया।
आरोप है कि हमलावरों ने वाहन को घेरकर पेट्रोल डालकर आग लगा दी और धारदार हथियारों से भी हमला किया। इस हमले में तीन लोगों की मौत हो गई।
पुलिस जांच जारी
कोरिया पुलिस अब सरेंडर करने वाले आरोपियों से पूछताछ कर पूरे षड्यंत्र और अन्य आरोपियों की भूमिका की जांच कर रही है। पुलिस का कहना है कि फरार आरोपी गौरव त्रिपाठी की तलाश जारी है और जल्द ही उसे भी गिरफ्तार कर लिया जाएगा।