जालोर में दर्दनाक हादसा: हाइड्रा क्रेन की चपेट में आए तीन बच्चे, 10 वर्षीय मासूम की मौत
राजस्थान के जालोर शहर में सोमवार रात एक भीषण सड़क हादसे में हाइड्रा क्रेन ने स्कूटी सवार तीन बच्चों को टक्कर मार दी। हादसे में 10 वर्षीय एक बच्चे की मौके पर ही मौत हो गई, जबकि दो अन्य बच्चे गंभीर रूप से घायल हो गए। घायलों में एक की हालत नाजुक होने पर उसे जोधपुर रेफर किया गया है। घटना के बाद क्षेत्र में शोक का माहौल है और पुलिस ने क्रेन को जब्त कर जांच शुरू कर दी है।
दूध लेकर घर लौट रहे थे तीनों बच्चे
जानकारी के अनुसार तीनों बच्चे स्कूटी पर सवार होकर दूध लेकर अपने घर लौट रहे थे। बच्चों के पिता स्थानीय स्तर पर किराने की दुकान संचालित करते हैं। परिजनों के मुताबिक दुकान बंद करने से पहले उन्होंने बच्चों को घर जाने के लिए कहा था और सावधानी बरतने की हिदायत भी दी थी। बच्चे निर्धारित रास्ते से घर लौट रहे थे, लेकिन रास्ते में एक दर्दनाक हादसे का शिकार हो गए। परिवार को इस बात का अंदाजा भी नहीं था कि कुछ ही देर में खुशियों का माहौल मातम में बदल जाएगा।
सड़क पार करने के दौरान हुआ हादसा
प्रत्यक्ष जानकारी के अनुसार जालोर-बागरा मार्ग पर बच्चे एक तरफ की सड़क पार कर चुके थे और डिवाइडर के पास खड़े होकर दूसरी ओर जाने का इंतजार कर रहे थे। इसी दौरान तेज रफ्तार से आ रही हाइड्रा क्रेन ने उन्हें अपनी चपेट में ले लिया। टक्कर इतनी जबरदस्त थी कि 10 वर्षीय लक्ष्य कुमार गंभीर रूप से घायल हो गया और उसकी मौके पर ही मौत हो गई। हादसे की भयावहता देखकर आसपास मौजूद लोग भी स्तब्ध रह गए।
दो बच्चों की हालत गंभीर, एक जोधपुर रेफर
घटना के तुरंत बाद स्थानीय लोगों ने राहत कार्य शुरू किया और आपातकालीन सेवाओं को सूचना दी। मौके पर पहुंची एम्बुलेंस टीम ने घायलों को तत्काल अस्पताल पहुंचाया। चिकित्सकों ने प्राथमिक उपचार के बाद एक बच्चे की गंभीर स्थिति को देखते हुए उसे बेहतर इलाज के लिए जोधपुर रेफर कर दिया। दूसरे घायल बच्चे का इलाज जालोर के अस्पताल में जारी है। डॉक्टर लगातार उसकी स्थिति पर नजर बनाए हुए हैं।
पुलिस ने क्रेन जब्त कर शुरू की जांच
हादसे की सूचना मिलते ही पुलिस मौके पर पहुंची और स्थिति का जायजा लिया। मृतक बच्चे के शव को जिला अस्पताल की मोर्चरी में रखवाया गया है, जहां पोस्टमार्टम की प्रक्रिया पूरी की जाएगी। पुलिस ने हादसे में शामिल हाइड्रा क्रेन को जब्त कर लिया है और दुर्घटना के कारणों की जांच शुरू कर दी है। अधिकारियों का कहना है कि जांच रिपोर्ट के आधार पर आगे की कानूनी कार्रवाई की जाएगी।
हादसे से परिवार और इलाके में शोक
मासूम बच्चे की असमय मौत से परिवार पर दुखों का पहाड़ टूट पड़ा है। पूरे इलाके में शोक का माहौल है और स्थानीय लोग भी घटना से स्तब्ध हैं। लोगों ने सड़क सुरक्षा और भारी वाहनों की गति पर नियंत्रण की आवश्यकता जताई है। वहीं परिजन घायल बच्चों के जल्द स्वस्थ होने की प्रार्थना कर रहे हैं। यह हादसा एक बार फिर सड़क सुरक्षा नियमों के पालन और यातायात व्यवस्था को लेकर गंभीर सवाल खड़े करता है।