CJP प्रोटेस्ट की वायरल रील्स पर भड़कीं कंगना, बोलीं- ऐसी भाषा चिंताजनक
NEET पेपर लीक मामले को लेकर जंतर-मंतर पर चले CJP (कॉकरोच जनता पार्टी) के आंदोलन के खत्म होने के बाद अब सोशल मीडिया पर वायरल हुई कुछ रील्स और वीडियो को लेकर विवाद शुरू हो गया है। भाजपा सांसद और अभिनेत्री कंगना रनौत ने इन वीडियो पर कड़ी प्रतिक्रिया देते हुए प्रदर्शनकारियों की भाषा और व्यवहार पर सवाल उठाए हैं। उन्होंने Gen Z की डिजिटल संस्कृति और सोशल मीडिया पर दिखने वाली अभिव्यक्ति को लेकर चिंता जताई है।
वायरल वीडियो को लेकर कंगना ने जताई नाराजगी
कंगना रनौत ने सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म इंस्टाग्राम पर एक लंबा नोट साझा करते हुए CJP प्रदर्शन के दौरान वायरल हुई रील्स पर अपनी नाराजगी जाहिर की। उन्होंने कहा कि इन वीडियो में इस्तेमाल की गई भाषा और प्रस्तुति देखकर वह काफी असहज महसूस हुईं। कंगना ने दावा किया कि उन्होंने एक ही जगह पर इतनी नकारात्मकता और असंवेदनशीलता पहले कभी नहीं देखी। उन्होंने सोशल मीडिया कंटेंट के बढ़ते प्रभाव और उसके समाज पर पड़ने वाले असर को लेकर भी चिंता जताई।
प्रदर्शनकारियों की भाषा और परवरिश पर उठाए सवाल
कंगना ने अपने पोस्ट में प्रदर्शनकारियों की भाषा और व्यवहार को लेकर सवाल खड़े किए। उन्होंने कहा कि भारत अपनी संस्कृति, परंपरा और विविधता के लिए जाना जाता है, लेकिन कुछ वायरल वीडियो में जिस तरह की भाषा और अंदाज दिखाई दे रहा है, वह देश की छवि से मेल नहीं खाता। उन्होंने सवाल किया कि आखिर ऐसी सोच और व्यवहार को बढ़ावा कौन दे रहा है। कंगना ने इसे युवाओं की डिजिटल आदतों और सामाजिक जिम्मेदारी से जोड़कर देखा।
‘कॉकरोच’ नाम और प्रदर्शन शैली पर भी टिप्पणी
कंगना ने CJP के नाम और आंदोलन की शैली पर भी प्रतिक्रिया दी। उन्होंने कहा कि अगर कोई संगठन खुद को एक खास पहचान के साथ पेश करता है और उसी तरह की भाषा या व्यवहार सोशल मीडिया पर दिखाता है, तो यह उसकी छवि को प्रभावित करता है। उन्होंने आरोप लगाया कि ऐसी वायरल सामग्री देश और समाज की गलत तस्वीर पेश कर सकती है। हालांकि, CJP समर्थकों की ओर से इस प्रतिक्रिया पर अभी कोई आधिकारिक बयान सामने नहीं आया है।
डिजिटल डिटॉक्स की बात कही
कंगना रनौत ने अपनी पोस्ट के अंत में कहा कि इस तरह के वीडियो देखने के बाद वह मानसिक रूप से परेशान महसूस कर रही हैं। उन्होंने कुछ समय के लिए सोशल मीडिया से दूरी बनाने और डिजिटल डिटॉक्स करने की बात कही। उन्होंने युवाओं से भी सोशल मीडिया के इस्तेमाल में जिम्मेदारी और मर्यादा बनाए रखने की अपील की।
फर्जी पोस्ट को लेकर भी सामने आई जानकारी
इस बीच सोशल मीडिया पर कंगना रनौत के नाम से एक पोस्ट वायरल हुई, जिसमें दावा किया गया कि उन्होंने प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी से खुद को शिक्षा मंत्री बनाए जाने की मांग की है। हालांकि, उपलब्ध जानकारी के अनुसार यह पोस्ट फर्जी बताई जा रही है और कंगना के आधिकारिक सोशल मीडिया अकाउंट से ऐसा कोई बयान जारी नहीं किया गया है।
धर्मेंद्र प्रधान के इस्तीफे के बाद खत्म हुआ आंदोलन
बता दें कि NEET पेपर लीक और परीक्षा व्यवस्था में सुधार की मांग को लेकर CJP ने दिल्ली के जंतर-मंतर पर लंबे समय तक प्रदर्शन किया था। आंदोलन के बीच केंद्रीय शिक्षा मंत्री धर्मेंद्र प्रधान ने अपने पद से इस्तीफा दे दिया था। इसके बाद प्रदर्शन खत्म कर दिया गया। प्रधान ने अपने इस्तीफे में कहा था कि शिक्षा और छात्रों के हित उनके लिए हमेशा प्राथमिकता रहे हैं। इस्तीफे के बाद प्रल्हाद जोशी ने शिक्षा मंत्रालय का कार्यभार संभा