बीकानेर में गर्भवती महिला की मौत का मामला गहराया, लिव-इन पार्टनर समेत 6 लोगों पर हत्या का केस
बीकानेर जिले के श्रीडूंगरगढ़ क्षेत्र में लिव-इन रिलेशनशिप में रह रही एक गर्भवती महिला की संदिग्ध मौत के मामले ने नया मोड़ ले लिया है। मृतका के पिता की शिकायत पर न्यायालय के आदेश से महिला के लिव-इन पार्टनर और उसके परिवार के सदस्यों सहित छह लोगों के खिलाफ हत्या, मारपीट और साक्ष्य मिटाने जैसे गंभीर आरोपों में मामला दर्ज किया गया है। पुलिस ने प्रकरण दर्ज कर जांच शुरू कर दी है और पूरे घटनाक्रम की गहराई से पड़ताल की जा रही है।
लिव-इन संबंध और गर्भावस्था बनी जांच का केंद्र
पुलिस के अनुसार मृतका कविता पहले विवाहित थी, लेकिन बाद में वह अपने पति से अलग होकर रामवतार नायक के साथ लिव-इन रिलेशनशिप में रह रही थी। शिकायतकर्ता और मृतका के पिता भागुराम मेघवाल का आरोप है कि उस दौरान कविता गर्भवती भी थी। परिवार का दावा है कि गर्भ को लेकर घर में विवाद की स्थिति बनी हुई थी। इसी विवाद को लेकर कथित रूप से महिला पर मानसिक और शारीरिक दबाव बनाया जा रहा था। पुलिस अब मृतका की निजी परिस्थितियों और उसके संबंधों से जुड़े सभी पहलुओं की जांच कर रही है।
मारपीट के आरोपों ने बढ़ाई गंभीरता
परिवाद में आरोप लगाया गया है कि घटना से पहले महिला के साथ मारपीट की गई थी। शिकायतकर्ता का कहना है कि मृतका के साथ उसके लिव-इन पार्टनर और परिवार के अन्य लोगों ने कथित रूप से दुर्व्यवहार किया। आरोप है कि इस दौरान उसकी तबीयत बिगड़ गई और वह बेहोश हो गई। इसके बाद उसे अस्पताल ले जाया गया। शिकायतकर्ता ने दावा किया है कि महिला को गंभीर हालत में पहले स्थानीय अस्पताल और बाद में बीकानेर रेफर किया गया था।
अस्पताल ले जाते समय विषाक्त पदार्थ देने का आरोप
मामले में सबसे गंभीर आरोप यह है कि महिला को अस्पताल ले जाते समय कथित रूप से कोई विषाक्त पदार्थ दिया गया। मृतका के पिता का आरोप है कि इसी कारण उसकी हालत और बिगड़ी तथा 3 जून को उसकी मौत हो गई। हालांकि इस दावे की पुष्टि अभी जांच के बाद ही हो सकेगी। पुलिस अब मेडिकल रिकॉर्ड, उपचार संबंधी दस्तावेज और अन्य साक्ष्यों की मदद से मौत के वास्तविक कारणों का पता लगाने में जुटी है।
बिना पोस्टमार्टम अंतिम संस्कार का आरोप
शिकायत में यह भी आरोप लगाया गया है कि महिला की मौत के बाद बिना पोस्टमार्टम कराए और बिना पुलिस या परिजनों को सूचना दिए उसका अंतिम संस्कार कर दिया गया। आरोप है कि रात के समय जल्दबाजी में श्मशान घाट पर शव का दाह संस्कार किया गया ताकि संभावित साक्ष्य नष्ट किए जा सकें। यही आरोप मामले को और अधिक संवेदनशील बना रहा है। पुलिस अब इस पहलू की भी जांच कर रही है कि अंतिम संस्कार किन परिस्थितियों में किया गया।
देह शोषण और आभूषण हड़पने के आरोप
मृतका के पिता ने आरोप लगाया है कि उनकी बेटी का लंबे समय तक शोषण किया गया और उसके गहने भी हड़प लिए गए। शिकायत में यह भी कहा गया है कि महिला के साथ लगातार दुर्व्यवहार किया गया और अंततः उसकी मौत हो गई। पुलिस ने न्यायालय के आदेश के बाद मामला दर्ज कर लिया है और सभी आरोपों की जांच शुरू कर दी है। अधिकारियों का कहना है कि साक्ष्यों और जांच रिपोर्ट के आधार पर आगे की कानूनी कार्रवाई की जाएगी।