केंद्रीय विद्यालय की मांग को लेकर राजगढ़ बंद, दलालपुरा में आवंटन के विरोध में उग्र हुआ आंदोलन…..
राजगढ़ में केंद्रीय विद्यालय की स्थापना की मांग अब जनआंदोलन का रूप ले चुकी है। बुधवार को कस्बे में इस मुद्दे को लेकर पूर्ण बंद रखा गया, जहां व्यापारियों से लेकर आम नागरिकों तक ने एकजुट होकर दलालपुरा में किए गए भूमि आवंटन का विरोध किया और विद्यालय को राजगढ़ में ही खोलने की मांग दोहराई।
राजगढ़ आवाज मंच के आह्वान पर सम्पूर्ण बंद
राजगढ़ आवाज मंच के बैनर तले केंद्रीय विद्यालय की स्थापना को लेकर बुधवार को राजगढ़ कस्बे का सम्पूर्ण बाजार शांतिपूर्ण तरीके से बंद रहा। बंद के दौरान व्यापारिक प्रतिष्ठान पूरी तरह बंद रहे और कस्बे में जनसमर्थन स्पष्ट रूप से देखने को मिला।
जुलूस और नारेबाजी से गूंजा कस्बा
बंद से पूर्व मंच के सदस्य मुकेश जैमन के नेतृत्व में व्यापारी, सामाजिक कार्यकर्ता और स्थानीय नागरिक पंडित भवानी सहाय चौक पर एकत्रित हुए। यहां से प्रदर्शनकारियों ने नारेबाजी करते हुए मुख्य बाजार और प्रमुख मार्गों से जुलूस निकाला।
प्रदर्शनकारियों का एक ही स्वर था— “केंद्रीय विद्यालय राजगढ़ में ही खोला जाए।”
2021 में स्वीकृत विद्यालय, स्थान परिवर्तन पर नाराजगी
राजगढ़ आवाज मंच के सदस्य मुकेश जैमन ने बताया कि वर्ष 2021 में केंद्र सरकार द्वारा राजगढ़ के लिए केंद्रीय विद्यालय स्वीकृत किया गया था। उन्होंने आरोप लगाया कि बाद में कुछ स्थानीय नेताओं ने भूमि की कमी का बहाना बनाकर विद्यालय के लिए रैणी उपखंड के दलालपुरा में भूमि आवंटित करवा दी, जो राजगढ़ के लोगों को स्वीकार नहीं है।
दलालपुरा का आवंटन निरस्त करने की मांग
प्रदर्शनकारियों ने स्पष्ट मांग रखी कि दलालपुरा में किए गए भूमि आवंटन को तत्काल निरस्त किया जाए और केंद्रीय विद्यालय राजगढ़ कस्बे में ही स्थापित किया जाए।
मुकेश जैमन ने कहा कि यह आंदोलन किसी एक संगठन का नहीं, बल्कि पूरे राजगढ़ की जनता की आवाज है।
आंदोलन तेज करने की चेतावनी
मंच ने चेतावनी दी कि यदि मांगों पर शीघ्र निर्णय नहीं लिया गया, तो आंदोलन को और व्यापक तथा उग्र रूप दिया जाएगा। उन्होंने कहा कि जब तक केंद्रीय विद्यालय राजगढ़ में स्थापित नहीं होता, तब तक आंदोलन जारी रहेगा।
व्यापारियों और नागरिकों का व्यापक समर्थन
इस शांतिपूर्ण बंद और आंदोलन में राजगढ़ के सभी व्यापारी वर्गों के साथ-साथ बड़ी संख्या में स्थानीय नागरिकों ने भाग लिया। पूरे कार्यक्रम के दौरान माहौल अनुशासित और शांतिपूर्ण बना रहा।