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Sariska Tiger Reserve: कल से खुलेगा सरिस्का, अक्टूबर की सफारी बुकिंग फुल; 35 गाड़ियों से जंगल सफारी

करीब तीन महीने के इंतजार के बाद अलवर का सरिस्का टाइगर रिजर्व 1 अक्टूबर से पर्यटकों के लिए फिर खुल जाएगा। मानसून के दौरान बंद रहे पर्यटक मार्गों की मरम्मत और जरूरी तैयारियां पूरी कर ली गई हैं। रिजर्व खुलने से पहले ही अक्टूबर की ऑनलाइन सफारी बुकिंग में अधिकांश सीटें भर चुकी हैं। इससे वन्यजीव प्रेमियों और पर्यटकों में खासा उत्साह है। इस बार भी सरिस्का में रोजाना दो पारियों में जंगल सफारी कराई जाएगी। पर्यटक सरिस्का और टहला गेट से जंगल में प्रवेश कर सकेंगे।

1 अक्टूबर से फिर शुरू होगी जंगल सफारी

मानसून के कारण करीब तीन महीने से बंद सरिस्का टाइगर रिजर्व अब पर्यटकों के लिए खुलने जा रहा है। 1 अक्टूबर से पर्यटक फिर से जंगल सफारी का आनंद ले सकेंगे।वन विभाग की ओर से पर्यटक मार्गों की जरूरी मरम्मत और व्यवस्थाओं को पूरा किया गया है। जंगल खुलने के साथ ही पर्यटकों की आवाजाही भी बढ़ने की उम्मीद है।

दो पारियों में होगी सफारी

सरिस्का में पर्यटकों को रोजाना दो पारियों में जंगल भ्रमण कराया जाएगा। पहली पारी सुबह 6:30 बजे से 10 बजे तक रहेगी।वहीं दूसरी पारी दोपहर 2:30 बजे से शाम 6 बजे तक होगी। निर्धारित समय के अनुसार पर्यटकों को जंगल में प्रवेश और वापसी की व्यवस्था की जाएगी।

सरिस्का और टहला गेट से मिलेगा प्रवेश

इस बार पर्यटक सरिस्का और टहला गेट से जंगल में प्रवेश कर सकेंगे। दोनों गेट से अलग-अलग पर्यटक जोन में सफारी कराई जाएगी।टहला क्षेत्र में एक और सरिस्का गेट क्षेत्र में दो पर्यटक जोन भ्रमण के लिए उपलब्ध रहेंगे। इससे अलग-अलग रूट पर पर्यटकों को जंगल देखने का अवसर मिलेगा।

35 गाड़ियों से होगी जंगल सफारी

रेंजर पर्यटन कृष्ण कुमार के अनुसार इस बार भी जंगल सफारी के लिए 35 गाड़ियां उपलब्ध रहेंगी।एक पारी में अधिकतम 392 पर्यटकों को जंगल भ्रमण कराया जा सकता है। अक्टूबर में पर्यटकों की संख्या बढ़ने की संभावना को देखते हुए वन विभाग ने सफारी व्यवस्था तैयार कर ली है।

अक्टूबर की ऑनलाइन बुकिंग में अधिकांश सीटें फुल

सरिस्का खुलने से पहले ही अक्टूबर महीने की ऑनलाइन सफारी बुकिंग में अधिकांश सीटें भर चुकी हैं। खासकर शुरुआती दिनों में पर्यटकों की मांग अधिक रहने की संभावना है।अक्टूबर के पहले सप्ताह में ऑफलाइन टिकट मिलना आसान नहीं हो सकता। हालांकि यदि ऑनलाइन बुकिंग के बाद किसी पारी में सीट या गाड़ी उपलब्ध रहती है, तो ऑफलाइन टिकट भी जारी किए जा सकते हैं।

ऑनलाइन बुकिंग वाले पर्यटकों को प्राथमिकता

वन विभाग के अनुसार सफारी में ऑनलाइन टिकट बुक कराने वाले पर्यटकों को प्राथमिकता दी जाएगी।यदि किसी पारी में ऑनलाइन बुकिंग के बाद सीटें उपलब्ध रहती हैं, तभी ऑफलाइन टिकट के जरिए सफारी का विकल्प मिल सकेगा। इसलिए पर्यटकों को यात्रा से पहले टिकट की उपलब्धता जांचने की सलाह दी गई है।

गाइडों को दिए गए पर्यटकों से व्यवहार के टिप्स

सरिस्का खुलने से पहले क्षेत्र निदेशक संग्राम सिंह कटियार और डीएफओ अभिमन्यु सहारण ने गाइडों के साथ बैठक की।अधिकारियों ने गाइडों को पर्यटकों के साथ बेहतर व्यवहार करने के निर्देश दिए। साथ ही जंगल और वन्यजीवों से जुड़ी सही एवं उपयोगी जानकारी देने पर जोर दिया गया।अधिकारियों ने कहा कि पर्यटकों को अच्छा अनुभव मिले, ताकि वे दोबारा सरिस्का भ्रमण के लिए आएं।

प्लास्टिक और कचरे को लेकर भी निर्देश

गाइडों को जंगल की स्वच्छता और पर्यावरण संरक्षण से जुड़े नियमों की जानकारी भी दी गई। पर्यटकों को जंगल में प्लास्टिक की बोतल या अन्य कचरा नहीं फेंकने के लिए जागरूक किया जाएगा।इसके अलावा प्रतिबंधित वस्तुओं को जंगल में नहीं ले जाने के निर्देश भी दिए गए हैं। सफारी के दौरान वन क्षेत्र की स्वच्छता बनाए रखने पर विशेष जोर रहेगा।

मोबाइल फोन के इस्तेमाल से बचने की सलाह

जंगल सफारी के दौरान पर्यटकों को मोबाइल फोन के अनावश्यक इस्तेमाल से बचने की सलाह दी गई है।वन्यजीवों के प्राकृतिक व्यवहार को प्रभावित न करने और जंगल के शांत वातावरण को बनाए रखने के लिए सफारी के दौरान नियमों का पालन करना जरूरी होगा। गाइड पर्यटकों को इन नियमों की जानकारी देंगे।

पर्यटकों का इंतजार होगा खत्म

तीन महीने बाद सरिस्का खुलने के साथ वन्यजीव प्रेमियों और पर्यटकों का इंतजार खत्म हो जाएगा। अक्टूबर में बड़ी संख्या में पर्यटकों के पहुंचने की उम्मीद है।ऑनलाइन बुकिंग में शुरुआती उत्साह के बाद अब निगाह इस बात पर रहेगी कि सीजन शुरू होने के बाद सरिस्का में पर्यटकों की संख्या कैसी रहती है। वन विभाग के सामने पर्यटकों की सुविधा के साथ जंगल और वन्यजीवों की सुरक्षा बनाए रखने की जिम्मेदारी भी रहेगी।

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Stv News Rajasthan

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