AIIMS जोधपुर में छात्र की मौत के बाद बवाल, रेजिडेंट डॉक्टरों की अनिश्चितकालीन हड़ताल
जोधपुर। AIIMS जोधपुर में मंगलवार, 22 सितंबर को PG फर्स्ट ईयर के छात्र डॉ. राजनरेश यादव की मौत के बाद रेजिडेंट डॉक्टरों और छात्रों में आक्रोश है। घटना के बाद रेजिडेंट डॉक्टरों ने अनिश्चितकालीन हड़ताल शुरू कर दी है। प्रदर्शनकारी छात्रों और डॉक्टरों ने प्रशासन के सामने चार प्रमुख मांगें रखी हैं। इनमें संस्थान की ओर से सार्वजनिक रूप से माफी, मृतक डॉक्टर के परिवार को 5 करोड़ रुपये की आर्थिक सहायता, जवाबदेही तय करने के लिए कार्रवाई और रेजिडेंट डॉक्टर्स एसोसिएशन (RDA) व स्टूडेंट यूनियन को आधिकारिक मान्यता देने की मांग शामिल है। प्रदर्शनकारियों का कहना है कि मांगें पूरी होने तक हड़ताल जारी रहेगी।
डॉ. राजनरेश यादव की मौत के बाद बढ़ा आक्रोश
मृतक डॉ. राजनरेश यादव AIIMS जोधपुर के एनेस्थीसियोलॉजी विभाग में PG फर्स्ट ईयर के छात्र थे। उनकी मौत के बाद रेजिडेंट डॉक्टरों और छात्रों ने संस्थान में काम के माहौल, ड्यूटी आवर्स, कार्यभार, रेजिडेंट वेलफेयर और संस्थागत सुरक्षा व्यवस्था से जुड़े मुद्दे उठाए हैं। प्रदर्शनकारियों ने इन विषयों को लेकर प्रशासन से तत्काल कार्रवाई की मांग की है। रेजिडेंट डॉक्टरों और छात्रों ने AIIMS निदेशक को पत्र सौंपकर अपनी मांगों से अवगत कराया और रेजिडेंट प्रतिनिधियों के साथ बातचीत शुरू करने की मांग रखी।
चार प्रमुख मांगों को लेकर सौंपा पत्र
रेजिडेंट डॉक्टरों और छात्रों की ओर से AIIMS प्रशासन को सौंपे गए पत्र में चार प्रमुख मांगें रखी गई हैं। पहली मांग संस्थान की ओर से सार्वजनिक रूप से स्वीकारोक्ति और माफी की है। साथ ही भविष्य में ऐसी घटनाओं की रोकथाम के लिए उठाए जा रहे कदमों में पारदर्शिता की मांग की गई है। दूसरी मांग दिवंगत डॉक्टर के परिवार को 5 करोड़ रुपये की आर्थिक सहायता देने की है। तीसरी मांग मामले में जवाबदेही तय करने के लिए आवश्यक कार्रवाई करने की है। चौथी मांग RDA और स्टूडेंट यूनियन को आधिकारिक मान्यता देने की है, ताकि रेजिडेंट डॉक्टर और छात्र अपनी समस्याएं संस्थागत स्तर पर उठा सकें।
मांगें पूरी होने तक हड़ताल जारी रखने का ऐलान
प्रदर्शनकारी रेजिडेंट डॉक्टरों और छात्रों ने कहा है कि जब तक उनकी मांगों पर कार्रवाई नहीं होती, तब तक अनिश्चितकालीन हड़ताल जारी रहेगी। उनका कहना है कि प्रशासन को मामले में कार्रवाई के साथ रेजिडेंट प्रतिनिधियों के साथ बातचीत भी शुरू करनी चाहिए। इस दौरान संस्थान में कामकाज पर असर पड़ने की स्थिति बनी हुई है। प्रदर्शनकारियों ने अपनी मांगों को लेकर प्रशासन के सामने स्पष्ट रुख रखा है और मांगें पूरी होने तक आंदोलन जारी रखने की बात कही है।
इलेक्टिव ओटी और नियमित OPD सेवाएं रहेंगी बंद
हड़ताल के दौरान इलेक्टिव ऑपरेशन थिएटर यानी नियमित रूप से निर्धारित ऑपरेशन और नियमित OPD सेवाएं बंद रहेंगी। हालांकि, जरूरी सेवाओं को जारी रखने की बात कही गई है। इमरजेंसी OPD और इमरजेंसी ऑपरेशन थिएटर चलते रहेंगे, ताकि आपात स्थिति में मरीजों को आवश्यक चिकित्सा सुविधा मिलती रहे। इस व्यवस्था के जरिए प्रदर्शनकारी डॉक्टरों ने नियमित सेवाओं को रोकते हुए आपातकालीन स्वास्थ्य सेवाओं को जारी रखने का फैसला किया है।
प्रशासन के सामने रेजिडेंट वेलफेयर को लेकर सवाल
डॉ. राजनरेश यादव की मौत के बाद रेजिडेंट डॉक्टरों और छात्रों ने संस्थान में काम के माहौल और रेजिडेंट वेलफेयर से जुड़े मुद्दों को प्रमुखता से उठाया है। प्रदर्शनकारियों का कहना है कि घटना ने ड्यूटी आवर्स, कार्यभार और संस्थागत सुरक्षा व्यवस्था को लेकर गंभीर सवाल खड़े किए हैं। फिलहाल रेजिडेंट डॉक्टर अपनी मांगों पर कार्रवाई की मांग को लेकर अनिश्चितकालीन हड़ताल पर हैं। मामले में प्रशासन की ओर से आगे क्या कदम उठाए जाते हैं और प्रदर्शनकारी डॉक्टरों के साथ बातचीत का क्या परिणाम निकलता है, इस पर नजर बनी हुई है।