झुंझुनूं के 19 निकायों में कांग्रेस के 10 बोर्ड, BJP के 8; सूरजगढ़ में निर्दलीय ने मारी बाजी
झुंझुनूं जिले में नगर निकाय अध्यक्ष पद के चुनाव के बाद सभी 19 निकायों की तस्वीर साफ हो गई है। कांग्रेस ने 10 निकायों में अध्यक्ष पद हासिल किया, जबकि भाजपा के खाते में 8 निकाय गए। सूरजगढ़ में निर्दलीय प्रत्याशी नरेंद्र सिंह ने अध्यक्ष पद जीता। 18 निकायों में सोमवार को मतदान और परिणाम घोषित हुए, जबकि खेतड़ी में भाजपा की गीता देवी पहले ही निर्विरोध अध्यक्ष चुनी जा चुकी थीं। बगड़, बुहाना और मलसीसर में भाजपा-कांग्रेस के वोट बराबर रहे, इसलिए लॉटरी से अध्यक्ष का फैसला हुआ।
झुंझुनूं नगर परिषद में कांग्रेस के अब्दुल्ला गुलाम सभापति
झुंझुनूं नगर परिषद के सभापति पद पर कांग्रेस के अब्दुल्ला गुलाम नबी अगवान ने जीत दर्ज की। उन्हें 35 वोट मिले, जबकि भाजपा प्रत्याशी को 25 वोट प्राप्त हुए।इस तरह कांग्रेस प्रत्याशी ने 10 वोट के अंतर से जीत हासिल की। झुंझुनूं नगर परिषद जिले के सबसे प्रमुख निकायों में शामिल है। यहां कांग्रेस के बोर्ड बनने से पार्टी को महत्वपूर्ण राजनीतिक बढ़त मिली है।
बगड़ में बराबरी के बाद लॉटरी से कांग्रेस की जीत
बगड़ नगर पालिका में अध्यक्ष पद का मुकाबला बेहद करीबी रहा। भाजपा और कांग्रेस दोनों प्रत्याशियों को 10-10 वोट मिले।वोट बराबर होने के बाद निर्वाचन प्रक्रिया के तहत लॉटरी से फैसला किया गया। इसमें कांग्रेस के राकेश कुमार शर्मा विजयी रहे और अध्यक्ष पद कांग्रेस के खाते में चला गया।
बिसाऊ में कांग्रेस की सलमा एक वोट से जीतीं
बिसाऊ नगर पालिका में कांग्रेस की सलमा ने भाजपा प्रत्याशी को सिर्फ एक वोट से हराया। सलमा को 13 वोट मिले, जबकि भाजपा प्रत्याशी के खाते में 12 वोट आए।करीबी मुकाबले में एक वोट के अंतर से कांग्रेस ने अध्यक्ष पद अपने नाम किया।
बुहाना में लॉटरी से BJP की मंजूबाला अध्यक्ष
बुहाना नगर पालिका में भाजपा और कांग्रेस प्रत्याशियों को बराबर 10-10 वोट मिले। इसके बाद लॉटरी के जरिए अध्यक्ष पद का फैसला किया गया।लॉटरी भाजपा के पक्ष में गई और मंजूबाला अध्यक्ष निर्वाचित हुईं। इस तरह बराबरी के मुकाबले में भाजपा को अध्यक्ष पद मिला।
चिड़ावा में कांग्रेस की सुमित्रा सैनी की बड़ी जीत
चिड़ावा नगर पालिका में कांग्रेस की सुमित्रा सैनी ने 26 वोट हासिल किए। भाजपा प्रत्याशी को 19 वोट मिले।सुमित्रा सैनी ने 7 वोट के अंतर से जीत दर्ज की। इसके साथ ही चिड़ावा नगर पालिका का अध्यक्ष पद कांग्रेस के खाते में गया।
डूंडलोद में भाजपा के सचिन सैनी विजयी
डूंडलोद नगर पालिका में भाजपा के सचिन सैनी ने अध्यक्ष पद का चुनाव जीता। उन्हें 11 वोट मिले, जबकि कांग्रेस प्रत्याशी को 9 वोट प्राप्त हुए।दो वोट के अंतर से जीत दर्ज करते हुए सचिन सैनी भाजपा के अध्यक्ष बने।
जाखल में भाजपा के भगवान सिंह की 10 वोट से जीत
जाखल नगर पालिका में भाजपा के भगवान सिंह ने कांग्रेस प्रत्याशी को बड़े अंतर से हराया। भगवान सिंह को 15 वोट मिले, जबकि कांग्रेस को 5 वोट मिले।इस तरह भाजपा प्रत्याशी ने 10 वोट के अंतर से अध्यक्ष पद अपने नाम किया।
खेतड़ी में गीता देवी निर्विरोध अध्यक्ष
खेतड़ी नगर पालिका में भाजपा की गीता देवी पहले ही निर्विरोध अध्यक्ष निर्वाचित हो चुकी थीं। इसलिए सोमवार को यहां अध्यक्ष पद के लिए मतदान नहीं हुआ।इस जीत के साथ खेतड़ी नगर पालिका का अध्यक्ष पद भाजपा के खाते में गया।
मलसीसर में बराबरी के बाद भाजपा को लॉटरी से जीत
मलसीसर नगर पालिका में भाजपा और कांग्रेस दोनों प्रत्याशियों को 10-10 वोट मिले।बराबरी के बाद लॉटरी से अध्यक्ष पद का फैसला हुआ। इसमें भाजपा के पवन कुमार के नाम पर फैसला आया और वे अध्यक्ष निर्वाचित हुए।
मंडावा में कांग्रेस के सज्जन लाल मिश्रा जीते
मंडावा नगर पालिका में कांग्रेस के सज्जन लाल मिश्रा ने 17 वोट हासिल किए। भाजपा प्रत्याशी को 8 वोट मिले।सज्जन लाल मिश्रा ने 9 वोट के अंतर से जीत दर्ज की और अध्यक्ष पद कांग्रेस के खाते में गया।
मंड्रेला में कांग्रेस की प्रवीण बानो विजयी
मंड्रेला नगर पालिका में कांग्रेस की प्रवीण बानो ने अध्यक्ष पद का चुनाव जीता। उन्हें 16 वोट मिले, जबकि भाजपा प्रत्याशी को 9 वोट मिले।कांग्रेस ने यहां 7 वोट के अंतर से जीत दर्ज की।
मुकुंदगढ़ में कांग्रेस के सत्यनारायण सैनी अध्यक्ष
मुकुंदगढ़ नगर पालिका में कांग्रेस के सत्यनारायण सैनी ने 15 वोट हासिल किए। भाजपा प्रत्याशी को 10 वोट मिले।इस तरह कांग्रेस ने 5 वोट के अंतर से अध्यक्ष पद अपने नाम किया।
नवलगढ़ में कांग्रेस की माया देवी की जीत
नवलगढ़ नगर पालिका में कांग्रेस की माया देवी ने 26 वोट हासिल किए। भाजपा प्रत्याशी को 19 वोट मिले।माया देवी ने 7 वोट के अंतर से जीत दर्ज की। इसके साथ ही नवलगढ़ में कांग्रेस का बोर्ड बना।
पिलानी में भाजपा के नगेंद्र कुमार एक वोट से जीते
पिलानी नगर पालिका में भाजपा के नगेंद्र कुमार ने बेहद करीबी मुकाबले में जीत दर्ज की। उन्हें 18 वोट मिले, जबकि निर्दलीय प्रत्याशी को 17 वोट मिले।कांग्रेस प्रत्याशी को कोई वोट नहीं मिला। एक वोट के अंतर से नगेंद्र कुमार अध्यक्ष निर्वाचित हुए।
सिंघाना में कांग्रेस की पिंकी बनीं अध्यक्ष
सिंघाना नगर पालिका में कांग्रेस की पिंकी ने 19 वोट हासिल किए। भाजपा प्रत्याशी को 16 वोट मिले।कांग्रेस प्रत्याशी ने 3 वोट के अंतर से जीत दर्ज की और अध्यक्ष पद अपने नाम किया।
सुलताना में कांग्रेस की सोनिया ने 9 वोट से जीता चुनाव
सुलताना नगर पालिका में कांग्रेस की सोनिया को 17 वोट मिले। भाजपा प्रत्याशी के खाते में 8 वोट आए।सोनिया ने 9 वोट के अंतर से जीत दर्ज की। इसके साथ ही सुलताना का अध्यक्ष पद कांग्रेस के खाते में गया।
सूरजगढ़ में निर्दलीय नरेंद्र सिंह का बोर्ड
सूरजगढ़ नगर पालिका में निर्दलीय नरेंद्र सिंह ने अध्यक्ष पद पर जीत दर्ज की। उन्हें 14 वोट मिले, जबकि भाजपा प्रत्याशी को 10 वोट मिले।कांग्रेस प्रत्याशी को कोई वोट नहीं मिला। नरेंद्र सिंह ने 4 वोट के अंतर से जीत दर्ज की और सूरजगढ़ में निर्दलीय बोर्ड का रास्ता साफ हुआ।
उदयपुरवाटी में भाजपा की अनुराधा एक वोट से जीतीं
उदयपुरवाटी नगर पालिका में भाजपा की अनुराधा ने करीबी मुकाबले में जीत दर्ज की। उन्हें 18 वोट मिले, जबकि कांग्रेस प्रत्याशी को 17 वोट मिले।एक वोट के अंतर से भाजपा ने अध्यक्ष पद अपने नाम किया।
विद्याविहार पिलानी में सिकंदर की जीत
विद्याविहार पिलानी नगर पालिका में भाजपा के सिकंदर ने अध्यक्ष पद का चुनाव जीता। उन्हें 13 वोट मिले, जबकि निर्दलीय प्रत्याशी को 12 वोट मिले।कांग्रेस प्रत्याशी को कोई वोट नहीं मिला। भाजपा ने यहां भी सिर्फ एक वोट के अंतर से जीत दर्ज की।
झुंझुनूं में कांग्रेस के 10, भाजपा के 8 और एक निर्दलीय बोर्ड
अध्यक्ष पद के चुनाव के बाद झुंझुनूं जिले के सभी 19 निकायों की तस्वीर सामने आ गई है। उपलब्ध परिणामों के अनुसार कांग्रेस ने 10 निकायों में अध्यक्ष पद जीता, जबकि भाजपा को 8 निकायों में सफलता मिली।सूरजगढ़ में निर्दलीय नरेंद्र सिंह अध्यक्ष बने। वहीं खेतड़ी में भाजपा की गीता देवी निर्विरोध अध्यक्ष चुनी गई थीं।बगड़, बुहाना और मलसीसर में मुकाबला बराबरी पर रहा था। तीनों जगह लॉटरी से फैसला हुआ। बगड़ कांग्रेस के खाते में गया, जबकि बुहाना और मलसीसर में भाजपा को जीत मिली।इन परिणामों के साथ अब झुंझुनूं जिले के सभी निकायों में बोर्ड गठन की तस्वीर स्पष्ट हो गई है।