वार्ड 19 में SC आरक्षण पर विरोध तेज, मतदाताओं ने चुनाव बहिष्कार का किया ऐलान
नौगांवा। अलवर जिले की नौगांवा नगरपालिका के वार्ड 19 में निकाय चुनाव के लिए हुए आरक्षण को लेकर विवाद गहराता जा रहा है। रविवार को सीताराम मंदिर परिसर में हुई वार्डवासियों की बैठक में लोगों ने आरक्षण व्यवस्था पर नाराजगी जताते हुए आगामी निकाय चुनाव के बहिष्कार का निर्णय लिया। वार्डवासियों का दावा है कि हाल ही में हुई आरक्षण लॉटरी में वार्ड 19 को अनुसूचित जाति (SC) वर्ग के लिए आरक्षित किया गया है, जबकि उनके अनुसार वार्ड में SC वर्ग का कोई मतदाता नहीं है। लोगों ने आरक्षण लॉटरी दोबारा कराने की मांग की है और मांग पूरी नहीं होने पर आंदोलन तेज करने की चेतावनी दी है।
आरक्षण लॉटरी को लेकर वार्डवासियों में नाराजगी
वार्ड 19 में आरक्षण को लेकर पिछले कई दिनों से विरोध के स्वर सामने आ रहे हैं। वार्डवासियों का कहना है कि हाल में निकाली गई आरक्षण लॉटरी में सीट SC वर्ग के लिए आरक्षित किए जाने से क्षेत्र के लोगों में असंतोष पैदा हुआ है। उनका दावा है कि वार्ड में SC वर्ग का एक भी मतदाता नहीं है। इसी आधार पर वे आरक्षण प्रक्रिया की दोबारा समीक्षा और लॉटरी पुनः निकाले जाने की मांग कर रहे हैं। हालांकि, वार्डवासियों के इन दावों की आधिकारिक पुष्टि संबंधित प्रशासनिक रिकॉर्ड से होना बाकी है। लोगों का कहना है कि उनकी आपत्ति का निष्पक्ष तरीके से समाधान किया जाना चाहिए।
345 मतदाताओं वाले वार्ड में बनी बहिष्कार की रणनीति
बैठक में गठित बहिष्कार कमेटी के अध्यक्ष मनदीप सिंह ने बताया कि वार्ड 19 में कुल 345 मतदाता हैं। उनके अनुसार आरक्षण लॉटरी के बाद वार्डवासियों ने प्रशासन के समक्ष अपनी आपत्ति रखने और सीट की पुनः लॉटरी कराने की मांग उठाई है। लगातार विरोध के बावजूद समाधान नहीं होने पर रविवार को बैठक आयोजित की गई, जिसमें मौजूद लोगों ने चुनाव बहिष्कार का सामूहिक निर्णय लिया। वार्डवासियों ने स्पष्ट किया कि उनकी मांग पर प्रशासन की ओर से सकारात्मक कार्रवाई होने तक वे अपने निर्णय पर कायम रहेंगे। इसके लिए गठित कमेटी आगे की रणनीति और आंदोलन से जुड़े कार्यक्रमों को तय करेगी।
सामान्य या OBC आरक्षण की मांग, प्रशासन से हस्तक्षेप की अपील
वार्डवासियों ने प्रशासन से वार्ड 19 की आरक्षण स्थिति पर पुनर्विचार करने की मांग की है। उनका कहना है कि यदि वार्ड की सीट सामान्य अथवा OBC वर्ग के लिए आरक्षित की जाती है तो वे चुनाव प्रक्रिया में भाग लेने पर विचार कर सकते हैं। लोगों ने कहा कि उनकी आपत्ति किसी वर्ग के खिलाफ नहीं है, बल्कि वे आरक्षण लॉटरी की प्रक्रिया और वार्ड की स्थिति को लेकर अपनी बात प्रशासन तक पहुंचाना चाहते हैं। इसी मांग को लेकर पिछले कुछ दिनों से प्रदर्शन भी किए जा रहे हैं। अब रविवार की बैठक के बाद चुनाव बहिष्कार का ऐलान होने से मामला और गंभीर हो गया है।
सीताराम मंदिर परिसर में हुई बैठक, बड़ी संख्या में लोग रहे मौजूद
रविवार को सीताराम मंदिर परिसर में आयोजित बैठक में वार्ड के बड़ी संख्या में मतदाता और स्थानीय लोग शामिल हुए। बैठक में आरक्षण विवाद पर विस्तार से चर्चा की गई और आगे की रणनीति पर सहमति बनाई गई। इस दौरान नवीन भारद्वाज, मयंक, पवन जैन, रामस्वरूप शर्मा, गगन, अनिल तिवाड़ी, महेश जैन, नेमी खंडेलवाल, प्रिंस, विक्की और हरमिन्दर सिंह सहित कई वार्डवासी मौजूद रहे। बैठक में लोगों ने एकजुट होकर अपनी मांग प्रशासन के समक्ष रखने का निर्णय लिया। वार्डवासियों का कहना है कि यदि उनकी मांग पर सुनवाई नहीं हुई तो चुनाव बहिष्कार के फैसले को प्रभावी रूप से लागू किया जाएगा।
प्रशासनिक निर्णय पर टिकी अब आगे की दिशा
वार्ड 19 का आरक्षण विवाद अब प्रशासन के अगले कदम पर निर्भर दिखाई दे रहा है। वार्डवासियों ने लॉटरी दोबारा कराने और सीट को सामान्य या OBC वर्ग के लिए निर्धारित करने की मांग रखी है। दूसरी ओर, आरक्षण व्यवस्था में बदलाव का अंतिम निर्णय संबंधित प्रशासनिक एवं निर्वाचन प्राधिकरण के नियमों और आधिकारिक रिकॉर्ड के आधार पर ही होगा। ऐसे में वार्डवासियों की आपत्ति पर प्रशासन क्या रुख अपनाता है, यह महत्वपूर्ण होगा। फिलहाल चुनाव बहिष्कार के ऐलान के बाद वार्ड 19 का यह विवाद नौगांवा नगरपालिका चुनाव में प्रमुख मुद्दा बन गया है।