E20 पर सरकार को घेरने की तैयारी, अरविंद केजरीवाल ने बुलाया ‘नेशनल टाउन हॉल’
NEET विवाद के बाद अब आम आदमी पार्टी (AAP) ने E20 ईंधन नीति को लेकर केंद्र सरकार के खिलाफ मोर्चा खोल दिया है। पार्टी के राष्ट्रीय संयोजक अरविंद केजरीवाल ने प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी से E20 नीति पर पुनर्विचार की अपील करते हुए कहा कि यदि समय रहते समाधान नहीं निकाला गया तो यह मुद्दा और बड़ा हो सकता है। इसी को लेकर AAP ने ‘नेशनल टाउन हॉल अगेंस्ट E20’ आयोजित करने का ऐलान किया है।
E20 नीति पर सरकार से पुनर्विचार की मांग
सोमवार को आयोजित प्रेस वार्ता में अरविंद केजरीवाल ने दावा किया कि E20 मिश्रित ईंधन के इस्तेमाल से कई वाहन मालिकों को इंजन संबंधी समस्याओं और माइलेज में कमी जैसी दिक्कतों का सामना करना पड़ रहा है। उन्होंने कहा कि सरकार को लोगों की शिकायतों को गंभीरता से लेते हुए इस नीति की समीक्षा करनी चाहिए। केजरीवाल ने प्रधानमंत्री से अपील की कि मामला बड़ा विवाद बनने से पहले समाधान निकालने की दिशा में कदम उठाए जाएं।
‘नेशनल टाउन हॉल अगेंस्ट E20’ का ऐलान
केजरीवाल ने बताया कि शनिवार को दोपहर 12 बजे दिल्ली के कॉन्स्टिट्यूशन क्लब में ‘नेशनल टाउन हॉल अगेंस्ट E20’ का आयोजन किया जाएगा। इस कार्यक्रम में दिल्ली-एनसीआर के लोग प्रत्यक्ष रूप से भाग ले सकेंगे, जबकि देशभर के नागरिक ऑनलाइन जुड़ सकेंगे। पार्टी का कहना है कि कार्यक्रम के जरिए E20 नीति से जुड़े मुद्दों पर विशेषज्ञों और आम लोगों की राय सामने लाई जाएगी।
विशेषज्ञ और वाहन मालिक साझा करेंगे अनुभव
AAP के अनुसार, टाउन हॉल में ऑटोमोबाइल विशेषज्ञ, तकनीकी जानकार, वाहन मालिक और E20 नीति से प्रभावित लोग अपने अनुभव साझा करेंगे। पार्टी का कहना है कि चर्चा के बाद आगे की रणनीति तय की जाएगी और यदि जरूरत पड़ी तो नीति में बदलाव या पुनर्विचार की मांग को लेकर अभियान और तेज किया जाएगा। केजरीवाल ने अधिक से अधिक लोगों से इस कार्यक्रम में भाग लेने की अपील की।
ऑनलाइन अभियान भी रहेगा जारी
अरविंद केजरीवाल ने बताया कि E20 नीति के खिलाफ चलाया जा रहा ऑनलाइन अभियान भी जारी रहेगा। उनके अनुसार, प्रधानमंत्री के नाम शुरू की गई ऑनलाइन याचिका को अब तक दो लाख से अधिक लोगों का समर्थन मिल चुका है। उन्होंने कहा कि अगले सप्ताह इस याचिका को प्रधानमंत्री कार्यालय तक पहुंचाने की भी योजना है। पार्टी का मानना है कि यह अभियान केवल राजनीतिक नहीं, बल्कि आम उपभोक्ताओं और वाहन मालिकों की समस्याओं से जुड़ा विषय है।
छात्रों और पेपर लीक के मुद्दे पर भी सरकार पर निशाना
प्रेस वार्ता के दौरान केजरीवाल ने छात्रों पर कथित पुलिस कार्रवाई का मुद्दा भी उठाया। उन्होंने आरोप लगाया कि सरकार ने आंदोलन में शामिल छात्रों के खिलाफ कार्रवाई न करने का आश्वासन दिया था, लेकिन कई राज्यों में उनके खिलाफ मामले दर्ज किए जा रहे हैं। वहीं, पेपर लीक पर पूछे गए सवाल के जवाब में उन्होंने कहा कि केवल नए कानून बनाने से समस्या का समाधान नहीं होगा, बल्कि मौजूदा कानूनों को प्रभावी ढंग से लागू करना भी जरूरी है।
पंजाब को लेकर आरोपों का किया खंडन
पंजाब में पेपर लीक के आरोपों पर प्रतिक्रिया देते हुए केजरीवाल ने कहा कि जिस घटना का जिक्र किया जा रहा है, वह पेपर लीक नहीं बल्कि परीक्षा के दौरान कथित नकल की कोशिश का मामला था। उन्होंने दावा किया कि पंजाब और दिल्ली में उनकी सरकार के कार्यकाल के दौरान कोई पेपर लीक नहीं हुआ है। साथ ही उन्होंने कहा कि पंजाब शिक्षा के क्षेत्र में लगातार बेहतर प्रदर्शन कर रहा है और विपक्ष राजनीतिक कारणों से आरोप लगा रहा है।