झालावाड़ में विवाहिता की संदिग्ध मौत पर बवाल, दहेज हत्या के आरोप में थाने के बाहर 4 घंटे प्रदर्शन
झालावाड़ जिले के डग थाना क्षेत्र में विवाहिता तारा कंवर की संदिग्ध मौत के बाद माहौल तनावपूर्ण हो गया। परिजनों ने पति और ससुराल पक्ष पर दहेज प्रताड़ना व हत्या का आरोप लगाते हुए आरोपियों की गिरफ्तारी की मांग की। बड़ी संख्या में ग्रामीणों ने डग थाने के बाहर करीब चार घंटे तक धरना-प्रदर्शन और जाम लगाया। पुलिस अधीक्षक के मौके पर पहुंचकर निष्पक्ष जांच और कार्रवाई का भरोसा देने के बाद प्रदर्शन समाप्त हुआ। फिलहाल पुलिस मामले की विभिन्न पहलुओं से जांच कर रही है।
दहेज प्रताड़ना के आरोप ने बढ़ाया विवाद
मृतका तारा कंवर के परिजनों का आरोप है कि विवाह के बाद से ही उसे दहेज की मांग को लेकर लगातार मानसिक और शारीरिक रूप से प्रताड़ित किया जाता था। उनका कहना है कि कई बार समझौते की कोशिश भी की गई, लेकिन हालात नहीं बदले। परिजनों के मुताबिक हाल ही में तारा संदिग्ध परिस्थितियों में गंभीर रूप से घायल मिली, जिसके बाद उसे अस्पताल ले जाया गया। इलाज के दौरान उसकी मौत हो गई। परिवार का आरोप है कि यह सामान्य घटना नहीं बल्कि दहेज प्रताड़ना का गंभीर मामला है, इसलिए दोषियों के खिलाफ हत्या का मुकदमा दर्ज कर कड़ी कार्रवाई की जानी चाहिए।
थाने के बाहर चार घंटे तक चला प्रदर्शन
घटना से आक्रोशित परिजन और ग्रामीण बड़ी संख्या में डग थाने पहुंचे और आरोपियों की तत्काल गिरफ्तारी की मांग को लेकर धरना शुरू कर दिया। प्रदर्शन के दौरान थाने के बाहर जाम की स्थिति बन गई, जिससे यातायात भी प्रभावित हुआ। प्रदर्शनकारियों ने पुलिस प्रशासन के खिलाफ नारेबाजी करते हुए निष्पक्ष जांच की मांग उठाई। स्थिति को देखते हुए अतिरिक्त पुलिस बल तैनात किया गया। करीब चार घंटे तक चले इस प्रदर्शन के कारण क्षेत्र में तनावपूर्ण माहौल बना रहा, हालांकि पुलिस अधिकारियों ने लगातार लोगों से संवाद बनाए रखा।
एसपी ने दिया निष्पक्ष जांच का भरोसा
प्रदर्शन की सूचना मिलने पर पुलिस अधीक्षक अमित कुमार स्वयं मौके पर पहुंचे और परिजनों से बातचीत की। उन्होंने भरोसा दिलाया कि मामले की जांच पूरी निष्पक्षता और पारदर्शिता के साथ की जाएगी। पुलिस के अनुसार प्रकरण की जांच विशेष अधिकारी योजना के तहत कराई जाएगी तथा अतिरिक्त पुलिस अधीक्षक भागचंद मीणा के निर्देशन में विशेष टीम गठित की गई है। अधिकारियों ने कहा कि सभी साक्ष्यों, पोस्टमार्टम रिपोर्ट और गवाहों के बयान के आधार पर आगे की कार्रवाई की जाएगी। किसी भी दोषी को बख्शा नहीं जाएगा।
इसे भी पढ़ें – RTE बकाया भुगतान को लेकर बीकानेर में निजी स्कूलों का प्रदर्शन, शिक्षा निदेशालय का घेराव
घायल होने के बाद इंदौर में हुई मौत
जानकारी के अनुसार तारा कंवर कुछ दिन पहले गंभीर रूप से घायल अवस्था में मिली थी। पहले उसे डग अस्पताल ले जाया गया, जहां प्राथमिक उपचार के बाद झालावाड़ रेफर किया गया। हालत गंभीर होने पर परिजन उसे मध्य प्रदेश के उज्जैन और बाद में इंदौर के एक निजी अस्पताल लेकर पहुंचे। कई दिनों तक इलाज चलने के बावजूद उसकी जान नहीं बचाई जा सकी। मौत के बाद परिजनों ने पूरे मामले को संदिग्ध बताते हुए ससुराल पक्ष पर गंभीर आरोप लगाए, जिसके बाद पुलिस ने जांच तेज कर दी है।
आश्वासन के बाद खत्म हुआ धरना
पुलिस अधिकारियों द्वारा निष्पक्ष जांच और आरोपियों के खिलाफ कानूनी कार्रवाई का भरोसा दिए जाने के बाद परिजन और ग्रामीण शांत हुए तथा धरना समाप्त कर दिया। पुलिस का कहना है कि मामले के हर पहलू की गहन जांच की जा रही है और यदि जांच में दहेज प्रताड़ना या अन्य अपराध से जुड़े पर्याप्त साक्ष्य मिलते हैं तो कानून के अनुसार सख्त कार्रवाई की जाएगी। प्रशासन ने लोगों से अफवाहों से बचने और जांच पूरी होने तक संयम बनाए रखने की अपील भी की है।