पेपर लीक आरोपी सुरेश ढाका से जुड़ी 20 करोड़ की बजरी लीज पर संकट, खान विभाग ने जारी किया नोटिस
राजस्थान के चर्चित पेपर लीक मामलों के आरोपी सुरेश ढाका से जुड़ी बजरी खनन लीज पर खान विभाग ने बड़ी कार्रवाई की है। ब्यावर जिले की रायपुर तहसील के मेसिया गांव में संचालित करीब 20 करोड़ रुपये की बजरी लीज में निरीक्षण के दौरान कई अनियमितताएं सामने आने का दावा किया गया है। विभाग ने संबंधित फर्म को कारण बताओ नोटिस जारी किया है। अधिकारियों के अनुसार, यदि जवाब संतोषजनक नहीं मिला तो लीज निरस्त करने की कार्रवाई की जा सकती है।
मेसिया गांव की खनन साइट पर खान विभाग की जांच
खान विभाग की विजिलेंस और स्थानीय टीम ने मेसिया गांव स्थित बजरी खनन क्षेत्र का निरीक्षण किया। यह लीज पेपर लीक मामलों के आरोपी सुरेश ढाका के परिवार से जुड़ी फर्म के नाम होने के कारण पहले से चर्चा में थी। जैतारण के सहायक खान अभियंता के नेतृत्व में हुई जांच के दौरान विभागीय टीम ने खनन क्षेत्र में नियमों के उल्लंघन से जुड़ी कई कमियां मिलने की जानकारी दी। इसके बाद संबंधित कंपनी को नोटिस जारी किया गया है।
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खनन क्षेत्र में मिली कई अनियमितताएं
विभागीय निरीक्षण के अनुसार, खनन स्थल पर पांच स्थानों पर गहरे गड्ढों में पानी भरा हुआ मिला। इसके अलावा खनन क्षेत्र की पहचान के लिए जरूरी सीमा स्तंभ भी मौके पर नहीं पाए गए। अधिकारियों का कहना है कि खनन नियमों के तहत निर्धारित सीमा और सुरक्षा मानकों का पालन जरूरी है। टीम ने मौके पर क्षेत्रफल और स्टॉक की तकनीकी जांच कर बजरी निकासी की मात्रा का आकलन भी किया।
89 हजार टन से ज्यादा बजरी निकासी का दावा
खान विभाग की जांच में सामने आया कि लीज क्षेत्र से करीब 89,014 टन बजरी की अनियमित निकासी हुई है। अधिकारियों के अनुसार, बजरी खनन की अनुमति निर्धारित गहराई तक ही होती है, लेकिन निरीक्षण में तय मानकों से अधिक गहराई तक खनन किए जाने की बात सामने आई है। विभाग अब कंपनी के जवाब का इंतजार कर रहा है। जवाब संतोषजनक नहीं मिलने पर आगे की कार्रवाई की जाएगी।
20 करोड़ की लीज को लेकर पहले से विवाद
मेसिया गांव की यह बजरी लीज पिछले कुछ समय से चर्चा में रही है। जानकारी के अनुसार, वर्ष 2024 में बजरी खनन के लिए ई-टेंडर प्रक्रिया आयोजित की गई थी, जिसमें ढाका कंस्ट्रक्शन ने सबसे ऊंची बोली लगाकर ठेका हासिल किया था। यह फर्म सुरेश ढाका के पिता मांगीलाल ढाका से जुड़ी बताई जा रही है। लीज मिलने के बाद क्षेत्र में खनन गतिविधियां शुरू हुईं, लेकिन स्थानीय स्तर पर इसका विरोध भी सामने आया।
SOG भी कर रही है मामले की जांच
पेपर लीक प्रकरण में जांच कर रही राजस्थान पुलिस की स्पेशल ऑपरेशन ग्रुप (SOG) भी सुरेश ढाका से जुड़े मामलों की पड़ताल कर रही है। जांच एजेंसी पहले से ही पेपर लीक और कथित अवैध आर्थिक गतिविधियों से जुड़े पहलुओं की जांच कर रही है। हालांकि, बजरी लीज में निवेश को लेकर लगाए गए आरोपों की आधिकारिक पुष्टि जांच पूरी होने के बाद ही हो सकेगी।
ग्रामीणों ने भी जताया था विरोध
मेसिया और आसपास के कई गांवों के ग्रामीण बजरी खनन परियोजना का विरोध करते रहे हैं। ग्रामीणों ने पर्यावरण और जल स्रोतों पर संभावित असर को लेकर आपत्ति जताई थी। अब खान विभाग की जांच में सामने आई अनियमितताओं के बाद यह मामला फिर चर्चा में आ गया है। विभाग का कहना है कि नियमों का उल्लंघन पाए जाने पर नियमानुसार सख्त कार्रवाई की जाएगी।
नोटिस के जवाब पर टिकी आगे की कार्रवाई
खान विभाग की ओर से जारी नोटिस के बाद संबंधित फर्म को अपना पक्ष रखने का मौका दिया गया है। अधिकारियों के मुताबिक, यदि कंपनी की ओर से दिया गया जवाब संतोषजनक नहीं पाया गया तो करीब 20 करोड़ रुपये की बजरी लीज निरस्त करने की प्रक्रिया शुरू की जा सकती है। फिलहाल विभागीय जांच और जवाब की प्रक्रिया जारी है।