सोशल मीडिया से खरीदे नकली नोट, राजस्थान में खपाने आया MP का युवक गिरफ्तार
राजस्थान के कोटा जिले में पुलिस ने नकली नोटों के जरिए बाजार में खरीदारी करने की साजिश को नाकाम कर दिया। बपावरकलां थाना पुलिस ने मध्यप्रदेश के एक युवक को गिरफ्तार कर उसके पास से 59,300 रुपये के कथित नकली नोट बरामद किए हैं। प्रारंभिक पूछताछ में आरोपी ने सोशल मीडिया के माध्यम से एक व्यक्ति से नकली नोट खरीदने की बात स्वीकार की है। पुलिस अब पूरे नेटवर्क की जांच में जुटी है।
संदिग्ध गतिविधि पर पुलिस की नजर, बैग से मिले नकली नोट
कोटा जिले के बपावरकलां थाना क्षेत्र में पुलिस गश्त के दौरान एक संदिग्ध युवक की सूचना मिली। जानकारी के अनुसार युवक एसबीआई बैंक के पास छबड़ा रोड पर मध्यप्रदेश नंबर की बाइक और एक बैग के साथ घूम रहा था। पुलिस ने मौके पर पहुंचकर उसे हिरासत में लिया और बैग की तलाशी ली। तलाशी के दौरान बड़ी संख्या में कथित नकली नोट बरामद हुए। बरामद नोटों को जब्त कर पुलिस ने आरोपी को गिरफ्तार कर लिया।
59,300 रुपये के कथित नकली नोट बरामद
पुलिस के अनुसार आरोपी के पास से 200 रुपये मूल्य के 285 नोट और 100 रुपये मूल्य के 23 नोट मिले। बरामद नोटों की कुल राशि 59,300 रुपये है। शुरुआती जांच में ये नोट नकली पाए गए हैं। पुलिस ने सभी नोट जब्त कर उन्हें जांच के लिए सुरक्षित रखा है। अधिकारियों का कहना है कि नोटों की तकनीकी और फोरेंसिक जांच भी कराई जाएगी ताकि पूरे मामले की पुष्टि हो सके।
पूछताछ में सोशल मीडिया से खरीदने की बात आई सामने
गिरफ्तार आरोपी की पहचान आनंद कुशवाह (50) निवासी पिपरोदा खुर्द, थाना गुना कैंट, मध्यप्रदेश के रूप में हुई है। पुलिस पूछताछ में आरोपी ने बताया कि उसने सोशल मीडिया पर संपर्क में आए एक व्यक्ति से 20 हजार रुपये देकर कथित नकली नोट खरीदे थे। उसका उद्देश्य इन नोटों के जरिए स्थानीय बाजार में सामान खरीदकर नकली मुद्रा को चलाना था। पुलिस आरोपी के बयान के आधार पर संबंधित व्यक्ति और पूरे सप्लाई नेटवर्क की जांच कर रही है।
नकली नोट सप्लाई करने वाले गिरोह की तलाश में पुलिस
कोटा ग्रामीण पुलिस अधीक्षक सुजीत शंकर ने बताया कि सांगोद डीएसपी नरेंद्र जैन के निर्देशन में एसआई रामप्रकाश के नेतृत्व में विशेष टीम गठित की गई थी। सूचना के आधार पर कार्रवाई करते हुए आरोपी को पकड़ा गया। पुलिस अब यह पता लगाने का प्रयास कर रही है कि नकली नोट कहां तैयार किए गए, सोशल मीडिया के जरिए उनका सौदा कैसे हुआ और इस नेटवर्क में कितने लोग शामिल हैं। मामले में आगे की जांच जारी है।