झालावाड़ में दुर्लभ प्रसव: महिला ने एक साथ चार बच्चों को दिया जन्म, नवजात आईसीयू में भर्ती
राजस्थान के झालावाड़ जिले के हीरा कुंवर बा महिला चिकित्सालय में एक दुर्लभ चिकित्सकीय मामला सामने आया है। शहर की एक महिला ने सिजेरियन ऑपरेशन के जरिए एक साथ चार बच्चों को जन्म दिया, जिनमें तीन बेटियां और एक बेटा शामिल हैं। समयपूर्व जन्म और कम वजन के कारण चारों नवजातों को विशेष निगरानी में नवजात गहन चिकित्सा इकाई (NICU) में भर्ती किया गया है, जबकि मां की हालत फिलहाल स्थिर और सामान्य बताई जा रही है
सिजेरियन से हुआ चार बच्चों का जन्म
अस्पताल प्रशासन के अनुसार शहर के भोई मोहल्ला निवासी ज्योति कश्यप ने बुधवार को सिजेरियन ऑपरेशन के माध्यम से चार बच्चों को जन्म दिया। प्रसव के बाद अस्पताल में यह मामला चर्चा का विषय बन गया। एक साथ तीन बेटियों और एक बेटे के जन्म को चिकित्सक दुर्लभ घटना मान रहे हैं। मां को सुरक्षित प्रसव के बाद गायनी वार्ड में भर्ती किया गया है, जहां उनकी स्वास्थ्य स्थिति सामान्य बनी हुई है। चिकित्सकों की टीम लगातार मां और नवजातों की निगरानी कर रही है।
समयपूर्व जन्म के कारण आईसीयू में भर्ती नवजात
शिशु रोग विशेषज्ञों के अनुसार चारों बच्चों का जन्म गर्भावस्था के लगभग 29 सप्ताह पूरे होने पर हुआ। समय से पहले जन्म लेने के कारण उनका वजन सामान्य से काफी कम है और फेफड़े पूरी तरह विकसित नहीं होने से उन्हें सांस लेने में कठिनाई हो रही है। इसी वजह से चारों नवजातों को नवजात गहन चिकित्सा इकाई (NICU) में भर्ती कर विशेषज्ञों की निगरानी में उपचार दिया जा रहा है। डॉक्टरों का कहना है कि शुरुआती कुछ दिन बच्चों के स्वास्थ्य के लिए बेहद महत्वपूर्ण होंगे।
चारों बच्चों का वजन सामान्य से कम
चिकित्सकों के मुताबिक तीन नवजातों का वजन लगभग 1.1 किलोग्राम है, जबकि एक बच्ची का वजन करीब 1.2 किलोग्राम दर्ज किया गया। सामान्य परिस्थितियों में 2.5 किलोग्राम या उससे अधिक वजन वाले नवजात को स्वस्थ माना जाता है। कम वजन और समयपूर्व प्रसव को देखते हुए बच्चों को विशेष चिकित्सकीय देखभाल, पोषण और श्वसन संबंधी सहायता दी जा रही है। अस्पताल की विशेषज्ञ टीम उनकी स्थिति पर लगातार नजर बनाए हुए है।
डॉक्टरों ने बताया बेहद दुर्लभ मामला
अस्पताल के चिकित्सकों का कहना है कि एक मां द्वारा एक साथ चार बच्चों को जन्म देने के मामले बेहद कम देखने को मिलते हैं। विशेषज्ञों के अनुसार ऐसे प्रसव हजारों मामलों में किसी एक में सामने आते हैं। डॉक्टरों ने बताया कि यह महिला की दूसरी डिलीवरी है और इससे पहले उसकी एक बेटी है। फिलहाल मां पूरी तरह सुरक्षित हैं, जबकि चारों नवजातों का इलाज विशेषज्ञ चिकित्सकों की निगरानी में जारी है। अस्पताल प्रशासन को उम्मीद है कि उचित देखभाल और उपचार से बच्चों के स्वास्थ्य में धीरे-धीरे सुधार होगा।