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Operation Amistad: वेनेजुएला की मदद के लिए भारत ने क्यों शुरू किया ‘ऑपरेशन अमिस्ताद’? जानिए नाम का मतलब और दोनों देशों के रिश्तों की पूरी कहानी

भीषण भूकंप से तबाह वेनेजुएला की मदद के लिए भारत ने एक बड़े मानवीय राहत अभियान ‘ऑपरेशन अमिस्ताद’ की शुरुआत की है। इस मिशन के तहत राहत सामग्री, मेडिकल टीम और बचाव विशेषज्ञों को भारतीय वायुसेना के विशेष विमानों से भेजा गया है। ‘अमिस्ताद’ नाम सिर्फ एक ऑपरेशन का शीर्षक नहीं, बल्कि भारत और वेनेजुएला के बीच दोस्ती, भरोसे और मानवीय सहयोग का संदेश भी है। आइए जानते हैं कि इस अभियान का नाम ‘ऑपरेशन अमिस्ताद’ क्यों रखा गया और भारत के लिए वेनेजुएला कितना महत्वपूर्ण साझेदार है।

क्या है ‘ऑपरेशन अमिस्ताद’ और क्यों रखा गया यह नाम?

वेनेजुएला में आए विनाशकारी भूकंप के बाद राहत एवं बचाव कार्यों के लिए भारत सरकार ने ‘ऑपरेशन अमिस्ताद’ शुरू किया है। ‘अमिस्ताद’ स्पेनिश भाषा का शब्द है, जिसका अर्थ ‘दोस्ती’ होता है। इस नाम के जरिए भारत ने स्पष्ट संदेश दिया है कि संकट की इस घड़ी में वह वेनेजुएला के साथ मजबूती से खड़ा है। विदेश मंत्रालय के अनुसार यह मिशन केवल राहत सामग्री भेजने तक सीमित नहीं है, बल्कि दोनों देशों के बीच वर्षों पुराने मैत्रीपूर्ण संबंधों और मानवीय सहयोग की भावना का प्रतीक भी है। भारत ने पहले भी कई देशों में प्राकृतिक आपदाओं के दौरान इसी तरह के राहत अभियान चलाकर वैश्विक जिम्मेदारी निभाई है।

भूकंप ने मचाई भारी तबाही, राहत मिशन में जुटा भारत

24 जून 2026 को वेनेजुएला में 7.2 और 7.5 तीव्रता के दो शक्तिशाली भूकंप आए, जिन्हें पिछले सौ वर्षों के सबसे भीषण भूकंपों में गिना जा रहा है। इस आपदा में हजारों लोग प्रभावित हुए, जबकि मृतकों की संख्या करीब एक हजार तक पहुंचने और तीन हजार से अधिक लोगों के घायल होने की जानकारी सामने आई। हालात की गंभीरता को देखते हुए भारत ने तत्काल राहत अभियान शुरू किया। विदेश मंत्रालय ने कहा कि मानवीय मूल्यों के तहत भारत हर संभव सहायता उपलब्ध कराने के लिए प्रतिबद्ध है और प्रभावित लोगों तक तेजी से मदद पहुंचाने के प्रयास किए जा रहे हैं।

भारतीय वायुसेना के विमानों से भेजी गई राहत सामग्री और मेडिकल टीम

ऑपरेशन अमिस्ताद के तहत भारतीय वायुसेना के दो C-17 ग्लोबमास्टर विमान राहत सामग्री लेकर वेनेजुएला रवाना हुए। मिशन में 41 सदस्यीय विशेषज्ञ टीम भी शामिल है, जिसमें प्रशिक्षित बचावकर्मी, डॉक्टर और मेडिकल स्टाफ मौजूद हैं। राहत सामग्री में भारतीय सेना का फील्ड हॉस्पिटल, दो पोर्टेबल BHISHM अस्पताल, लगभग 30 टन राहत सामग्री, छह टन दवाइयां और अत्याधुनिक चिकित्सा उपकरण शामिल हैं। यह टीम स्थानीय प्रशासन के साथ मिलकर खोज एवं बचाव अभियान, आपातकालीन चिकित्सा सेवाएं और प्रभावित लोगों को राहत उपलब्ध कराने का कार्य करेगी।

भारत और वेनेजुएला के रिश्ते क्यों हैं खास?

भारत और वेनेजुएला के बीच लंबे समय से मित्रतापूर्ण और सहयोगात्मक संबंध रहे हैं। दोनों देश ऊर्जा सुरक्षा, व्यापार, स्वास्थ्य, विकास और ‘ग्लोबल साउथ’ जैसे वैश्विक मुद्दों पर एक-दूसरे का समर्थन करते रहे हैं। वेनेजुएला ने संयुक्त राष्ट्र सुरक्षा परिषद में भारत की स्थायी सदस्यता की दावेदारी का भी समर्थन किया है। हाल ही में वेनेजुएला की कार्यवाहक राष्ट्रपति डेल्सी रोड्रिग्ज ने भारत को भरोसेमंद साझेदार बताया था। दोनों देशों के बीच राजनीतिक संवाद के साथ-साथ बहुपक्षीय मंचों पर भी सहयोग लगातार मजबूत हुआ है।

ऊर्जा और व्यापार में लगातार बढ़ रही साझेदारी

भारत और वेनेजुएला के आर्थिक संबंध भी लगातार मजबूत हो रहे हैं। वर्ष 2025-26 में दोनों देशों के बीच द्विपक्षीय व्यापार लगभग 679 मिलियन अमेरिकी डॉलर तक पहुंच गया। मई 2026 में वेनेजुएला भारत को कच्चा तेल आपूर्ति करने वाला तीसरा सबसे बड़ा देश बनकर उभरा। वहीं भारत से दवाइयों, स्वास्थ्य सेवाओं, डिजिटल तकनीक और आयुष क्षेत्र में सहयोग लगातार बढ़ रहा है। ONGC विदेश लिमिटेड और वेनेजुएला की राष्ट्रीय तेल कंपनी के बीच संयुक्त परियोजनाएं भी संचालित हैं। इसके अलावा दोनों देश महत्वपूर्ण खनिज, ऑटोमोबाइल, फार्मास्यूटिकल और निवेश के क्षेत्रों में सहयोग बढ़ाने की दिशा में भी काम कर रहे हैं।

भारत की वैश्विक मानवीय नीति का नया उदाहरण

ऑपरेशन अमिस्ताद केवल राहत मिशन नहीं बल्कि भारत की ‘मानवता पहले’ नीति का एक और उदाहरण है। हाल के वर्षों में भारत ने दुनिया के कई देशों में प्राकृतिक आपदाओं और संकट के समय राहत पहुंचाकर खुद को एक भरोसेमंद वैश्विक साझेदार के रूप में स्थापित किया है। वेनेजुएला के लिए शुरू किया गया यह अभियान भी इसी सोच को आगे बढ़ाता है, जिसमें मानवीय सहायता के साथ-साथ दोनों देशों के बीच रणनीतिक और आर्थिक साझेदारी को भी नई मजबूती मिलने की उम्मीद है।

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