सरिस्का में वन्यजीव नियमों की अनदेखी पर सख्त एक्शन, फ्लाइंग स्क्वाड ने वसूला जुर्माना
राजस्थान के सरिस्का टाइगर रिजर्व में वन्यजीव संरक्षण नियमों के उल्लंघन पर प्रशासन ने सख्त रुख अपनाते हुए फ्लाइंग स्क्वाड के जरिए कार्रवाई की है। गश्त के दौरान दो अलग-अलग स्थानों पर नियमों की अनदेखी सामने आई, जिसके तहत पांच वाहनों पर जुर्माना लगाया गया। प्रशासन ने स्पष्ट किया है कि इस तरह की लापरवाही वन्यजीवों और श्रद्धालुओं दोनों के लिए जोखिमपूर्ण है।
पांडुपोल मार्ग पर नियमों की खुलेआम अवहेलना
सरिस्का टाइगर रिजर्व के पांडुपोल मंदिर मार्ग पर गश्त के दौरान फ्लाइंग स्क्वाड को कई श्रद्धालु निर्धारित नियमों की अनदेखी करते मिले। कुछ लोग वाहन से नीचे उतरकर जंगल क्षेत्र में घूमते दिखाई दिए, जबकि कई वाहनों को मुख्य मार्ग से हटाकर कच्चे रास्तों पर ले जाया जा रहा था। सबसे चिंताजनक बात यह रही कि वन्यजीवों को खाद्य सामग्री खिलाने की घटनाएं भी सामने आईं। यह न केवल नियमों का उल्लंघन है, बल्कि वन्यजीवों के स्वाभाविक व्यवहार को भी प्रभावित करता है। प्रशासन ने मौके पर ही सख्त कार्रवाई करते हुए संबंधित वाहनों को चिन्हित किया।
बांदीपूल क्षेत्र में भी सामने आया उल्लंघन
इसी प्रकार बांदीपूल मंदिर के आसपास के क्षेत्र में भी वन्यजीवों को खाद्य सामग्री डालने की घटनाएं पाई गईं। फ्लाइंग स्क्वाड की टीम ने यहां भी निरीक्षण के दौरान लोगों को नियमों की अनदेखी करते हुए पकड़ा। अधिकारियों ने बताया कि बार-बार जागरूकता के बावजूद इस तरह की लापरवाही चिंता का विषय है। वन्यजीवों को भोजन देने से वे मानव पर निर्भर होने लगते हैं, जिससे उनका प्राकृतिक आहार चक्र बिगड़ता है। साथ ही, इससे जंगली जानवरों के आक्रामक होने और मानव-वन्यजीव संघर्ष की संभावना भी बढ़ जाती है।
पांच वाहनों पर कार्रवाई, 5000 रुपये जुर्माना
दोनों स्थानों पर पाए गए उल्लंघनों के आधार पर कुल पांच वाहनों के खिलाफ कार्रवाई की गई और उनसे कुल 5000 रुपये का जुर्माना वसूला गया। अधिकारियों ने स्पष्ट किया कि यह कार्रवाई सिर्फ दंडात्मक नहीं, बल्कि चेतावनी के रूप में भी है ताकि भविष्य में इस तरह की घटनाओं को रोका जा सके। फ्लाइंग स्क्वाड लगातार रिजर्व क्षेत्र में निगरानी रख रहा है और किसी भी प्रकार की लापरवाही पर तत्काल कार्रवाई सुनिश्चित की जा रही है।
प्रशासन की अपील और सख्त चेतावनी
सरिस्का प्रशासन ने सभी श्रद्धालुओं और पर्यटकों से अपील की है कि वे वन्यजीवों को भोजन न दें, वाहन से नीचे न उतरें और केवल निर्धारित मार्गों का ही पालन करें। अधिकारियों ने चेतावनी दी है कि यदि भविष्य में नियमों का उल्लंघन जारी रहा तो और भी कड़ी कार्रवाई की जाएगी। उन्होंने कहा कि वन्यजीवों की सुरक्षा और श्रद्धालुओं की सुरक्षित यात्रा सुनिश्चित करना सभी की साझा जिम्मेदारी है, और इसमें जनसहयोग बेहद जरूरी है।