चित्तौड़गढ़ में डूबने से 4 मौतें: डैम-तालाब में हादसे, शादियों में मातम
राजस्थान के चित्तौड़गढ़ जिले में दो अलग-अलग जगहों पर पानी में डूबने से चार लोगों की दर्दनाक मौत हो गई। निम्बाहेड़ा और कपासन क्षेत्र में हुए इन हादसों ने शादी वाले घरों की खुशियों को मातम में बदल दिया। शुरुआती जानकारी में नहाते समय पैर फिसलना हादसे की वजह बताया जा रहा है।
गम्भीरी डैम में मामा-भांजी की दर्दनाक मौत
पहली घटना गम्भीरी डैम की है, जहां 25 वर्षीय कन्हैया लाल भील अपनी 8 साल की भांजी पलक के साथ नहाने गया था। इसी दौरान अचानक दोनों का पैर फिसल गया और वे गहरे पानी में चले गए। आसपास मौजूद लोगों ने उन्हें बचाने की कोशिश की, लेकिन सफल नहीं हो सके। सूचना मिलने पर सिविल डिफेंस की टीम मौके पर पहुंची और काफी मशक्कत के बाद दोनों के शव बाहर निकाले गए। इस घटना से परिवार में गहरा सदमा छा गया।
राजेश्वर तालाब में जीजा-साला डूबे
दूसरी घटना राजेश्वर तालाब की है, जहां शादी समारोह में आए 21 वर्षीय प्रकाश कालबेलिया और उसका साला 25 वर्षीय राकेश तालाब में नहाने उतरे थे। दोनों को तैरना नहीं आता था, जिससे वे अचानक गहरे पानी में डूब गए। किनारे पर खड़ी प्रकाश की पत्नी ने जब उन्हें डूबते देखा तो चीख-पुकार मच गई। मौके पर पहुंची SDRF टीम ने रेस्क्यू ऑपरेशन चलाकर दोनों के शव बरामद किए।
शादी की खुशियां मातम में बदलीं
दोनों घटनाओं ने उन परिवारों को गहरे दुख में डाल दिया, जहां शादी की खुशियां चल रही थीं। एक तरफ मामा-भांजी की मौत ने परिवार को झकझोर दिया, तो दूसरी ओर जीजा-साले की मौत से शादी का माहौल मातम में बदल गया। घटनास्थल पर पहुंचे प्रशासनिक अधिकारियों और पुलिस ने हालात को संभाला और आवश्यक कार्रवाई शुरू की। स्थानीय लोगों में भी इन हादसों को लेकर गहरा दुख और चिंता देखी गई।
प्रशासन की अपील: जल स्रोतों में बरतें सावधानी
प्रशासन ने लोगों से अपील की है कि डैम, तालाब या अन्य जल स्रोतों में नहाते समय विशेष सावधानी बरतें। खासकर जहां गहराई ज्यादा हो, वहां बिना सुरक्षा उपायों के उतरना खतरनाक हो सकता है। अधिकारियों ने कहा कि गर्मी के मौसम में ऐसे हादसे बढ़ जाते हैं, इसलिए सतर्क रहना बेहद जरूरी है।