गोलगप्पे खाने के बाद 115 लोग बीमार, स्वास्थ्य विभाग अलर्ट, सैंपल जांच के लिए भेजे गए
राजस्थान के कोटा जिले के पोलाई खुर्द गांव में ठेले पर गोलगप्पे खाने के बाद करीब 115 लोगों की तबीयत बिगड़ने से हड़कंप मच गया। प्रभावित लोगों में बड़ी संख्या बच्चों की है। उल्टी, दस्त और पेट दर्द की शिकायत के बाद 12 लोगों को अस्पताल में भर्ती कराया गया, जबकि स्वास्थ्य विभाग ने गांव में मेडिकल कैंप लगाकर इलाज शुरू कर दिया है। खाद्य सुरक्षा विभाग ने गोलगप्पों और पानी के नमूने जांच के लिए भेज दिए हैं।
गोलगप्पे खाने के बाद एक साथ बिगड़ी तबीयत, गांव में मची अफरा-तफरी
कोटा जिले के दीगोद उपखंड के सिमलिया क्षेत्र स्थित पोलाई खुर्द गांव में मंगलवार रात एक ठेले से गोलगप्पे खाने के कुछ समय बाद लोगों की तबीयत अचानक खराब होने लगी। देखते ही देखते बच्चों, महिलाओं और अन्य ग्रामीणों में उल्टी, दस्त और पेट दर्द जैसी शिकायतें सामने आने लगीं। कुछ ही घंटों में प्रभावित लोगों की संख्या बढ़कर लगभग 115 तक पहुंच गई। एक साथ बड़ी संख्या में लोगों के बीमार होने से गांव में अफरा-तफरी का माहौल बन गया और परिजन उन्हें तत्काल अस्पताल एवं स्वास्थ्य केंद्र लेकर पहुंचे।
12 मरीज अस्पताल में भर्ती, गांव में लगाया गया विशेष मेडिकल कैंप
घटना की सूचना मिलते ही चिकित्सा विभाग सक्रिय हो गया। प्रशासन के निर्देश पर दो मेडिकल टीमें और 108 एम्बुलेंस मौके पर भेजी गईं। गंभीर हालत वाले 12 मरीजों को सिमलिया सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र में भर्ती कराया गया, जबकि अन्य प्रभावित लोगों का गांव में लगाए गए विशेष स्वास्थ्य शिविर में उपचार किया जा रहा है। डॉक्टर लगातार मरीजों की निगरानी कर रहे हैं और आवश्यक दवाइयों के साथ प्राथमिक उपचार उपलब्ध कराया जा रहा है।
घर-घर सर्वे कर रही स्वास्थ्य टीम, हर मरीज पर रखी जा रही नजर
स्वास्थ्य विभाग ने एहतियात के तौर पर गांव में व्यापक सर्वे अभियान शुरू कर दिया है। एएनएम और आशा कार्यकर्ता घर-घर जाकर लोगों के स्वास्थ्य की जानकारी जुटा रही हैं ताकि किसी भी नए मरीज की तुरंत पहचान कर इलाज शुरू किया जा सके। जिला स्वास्थ्य अधिकारियों ने भी मौके पर पहुंचकर चिकित्सा व्यवस्थाओं का जायजा लिया और अधिकारियों को लगातार निगरानी बनाए रखने के निर्देश दिए हैं।
खाद्य सुरक्षा विभाग ने लिए गोलगप्पों और पानी के सैंपल
प्रारंभिक जांच में सामने आया कि गोलगप्पे बेचने वाला ठेला पास के शोली गांव के एक विक्रेता का था। घटना के बाद खाद्य सुरक्षा विभाग की टीम ने मौके पर पहुंचकर गोलगप्पों में इस्तेमाल किए गए मसाले, पानी और अन्य खाद्य सामग्री के नमूने एकत्र किए। जिस स्रोत से गोलगप्पों के लिए पानी लिया गया था, वहां से भी पानी का सैंपल लेकर प्रयोगशाला जांच के लिए भेजा गया है। जांच रिपोर्ट के आधार पर आगे की कार्रवाई तय की जाएगी।
जांच रिपोर्ट के बाद होगी कार्रवाई, अधिकांश मरीजों की हालत स्थिर
प्रशासन का कहना है कि पूरे मामले की हर पहलू से जांच की जा रही है। यदि जांच में खाद्य सामग्री की गुणवत्ता में कमी या लापरवाही सामने आती है तो संबंधित विक्रेता के खिलाफ नियमानुसार कार्रवाई की जाएगी। स्वास्थ्य विभाग के अनुसार फिलहाल अधिकांश मरीजों की हालत स्थिर है और किसी की स्थिति गंभीर नहीं बताई गई है। प्रशासन ने लोगों से बाहर खुले में बिकने वाले खाद्य पदार्थों का सेवन करते समय सावधानी बरतने की भी अपील की है।