राजस्थान में मानसून की विदाई का दौर शुरू, 23% कम बारिश
जयपुर: सितंबर शुरू होते ही राजस्थान में मानसून की विदाई का दौर भी शुरू हो गया है। तीन महीने बीतने के बावजूद प्रदेश में इस मानसून सीजन अब तक सामान्य से 23 फीसदी कम बारिश दर्ज की गई है। मौसम विभाग के आंकड़ों के मुताबिक 1 जून से 31 अगस्त तक राजस्थान में 282.6 मिमी बारिश हुई, जबकि सामान्य बारिश 368.3 मिमी मानी जाती है। पूर्वी राजस्थान में सप्ताहांत के दौरान बारिश की संभावना बनी हुई है, लेकिन पश्चिमी राजस्थान के ज्यादातर हिस्सों में फिलहाल अच्छी बारिश के संकेत नहीं हैं। मारवाड़ के कई जिलों में बारिश की कमी 20 से 50 फीसदी तक पहुंच गई है।
सितंबर से शुरू होती है मानसून की विदाई
राजस्थान में सितंबर का महीना मानसून की वापसी के लिहाज से महत्वपूर्ण माना जाता है। मौसम चक्र के अनुसार देश में सबसे आखिर में मानसून जैसलमेर और बाड़मेर जैसे पश्चिमी इलाकों तक पहुंचता है और वापसी का दौर भी यहीं से शुरू होता है। पश्चिमी राजस्थान से मानसून की सामान्य विदाई की तारीख 17 सितंबर मानी जाती है। हालांकि, मानसून की वापसी हर साल मौसम की परिस्थितियों के अनुसार आगे-पीछे हो सकती है। ऐसे में सितंबर की शुरुआत के साथ ही प्रदेश में बारिश के बचे हुए दौर और मानसून की विदाई पर नजर बनी हुई है।
राजस्थान में सामान्य से 23 फीसदी कम बारिश
मानसून सीजन के पहले तीन महीनों के आंकड़े प्रदेश के लिए चिंता बढ़ाने वाले हैं। 1 जून से 31 अगस्त के बीच राजस्थान में कुल 282.6 मिलीमीटर बारिश रिकॉर्ड की गई, जबकि इस अवधि में सामान्य बारिश 368.3 मिलीमीटर होती है। यानी प्रदेश में सामान्य से करीब 23 फीसदी कम बारिश हुई है। बारिश की यह कमी केवल एक क्षेत्र तक सीमित नहीं है। पूर्वी राजस्थान में भी सामान्य से कम बारिश दर्ज की गई है, जबकि पश्चिमी राजस्थान की स्थिति और कमजोर रही है। आने वाले दिनों की बारिश इस कमी को कुछ हद तक कम कर सकती है।
पूर्वी राजस्थान में सप्ताहांत पर बारिश के आसार
मौसम विभाग के अनुसार पूर्वी राजस्थान में सप्ताहांत के दौरान एक बार फिर बारिश का दौर देखने को मिल सकता है। इससे उन इलाकों को राहत मिलने की उम्मीद है, जहां मानसून के दौरान अपेक्षित बारिश नहीं हुई। हालांकि, बारिश की तीव्रता और इसका दायरा जिले-दर-जिले अलग हो सकता है। दूसरी ओर पश्चिमी राजस्थान के अधिकांश हिस्सों में फिलहाल व्यापक बारिश की संभावना नजर नहीं आ रही है। बीकानेर के आसपास कुछ गतिविधियां देखने को मिल सकती हैं, लेकिन पूरे पश्चिमी क्षेत्र में बारिश का मजबूत सिस्टम बनने के संकेत फिलहाल नहीं हैं।
पश्चिमी राजस्थान में 25 फीसदी बारिश कम
पश्चिमी राजस्थान में इस मानसून सीजन बारिश की कमी अधिक दर्ज की गई है। 1 जून से 31 अगस्त के बीच यहां 179.7 मिलीमीटर बारिश हुई, जबकि सामान्य आंकड़ा 250.5 मिलीमीटर है। इस तरह पश्चिमी राजस्थान में सामान्य से करीब 25 फीसदी कम बारिश दर्ज की गई। मारवाड़ के कई हिस्सों में स्थिति और खराब रही है। अलग-अलग जिलों में बारिश की कमी 20 से 50 फीसदी तक बताई जा रही है। इससे किसानों और जल स्रोतों पर मानसून की कमजोर स्थिति का असर पड़ सकता है, खासकर उन क्षेत्रों में जहां बारिश पर खेती काफी निर्भर रहती है।
जालोर में सबसे ज्यादा बारिश की कमी
पश्चिमी राजस्थान के जिलों में जालोर की स्थिति सबसे ज्यादा कमजोर नजर आ रही है। यहां सामान्य से करीब 59 फीसदी कम बारिश रिकॉर्ड की गई है। मारवाड़ के अन्य कई हिस्सों में भी बारिश का आंकड़ा सामान्य से काफी नीचे है। लगातार कम बारिश का असर खेती, भूजल स्तर और स्थानीय जल स्रोतों पर पड़ सकता है। हालांकि मानसून की विदाई से पहले होने वाली बारिश से कुछ इलाकों में स्थिति सुधरने की उम्मीद रहती है। अब सितंबर में होने वाली बारिश यह तय करने में महत्वपूर्ण होगी कि मानसून सीजन की कुल बारिश का आंकड़ा कितनी भरपाई कर पाता है।
पूर्वी राजस्थान भी बारिश की कमी से अछूता नहीं
पूर्वी राजस्थान को आमतौर पर मानसून के दौरान पश्चिमी हिस्से की तुलना में अधिक बारिश मिलती है, लेकिन इस बार यहां भी सामान्य से कम बारिश दर्ज हुई है। 1 जून से 31 अगस्त तक पूर्वी राजस्थान में 411.8 मिलीमीटर बारिश हुई, जबकि सामान्य आंकड़ा 528.8 मिलीमीटर है। यानी यहां भी बारिश करीब 22 फीसदी कम रही। सप्ताहांत में संभावित बारिश से इस क्षेत्र में कुछ सुधार हो सकता है। हालांकि मानसून की वापसी का समय नजदीक होने के कारण अब हर बारिश का दौर प्रदेश के जल संकट और बारिश की कमी को कम करने में अहम भूमिका निभाएगा।
प्रदेश का मानसून रिपोर्ट कार्ड
1 जून से 31 अगस्त तक बारिश के आंकड़े:
| क्षेत्र | वास्तविक बारिश | सामान्य बारिश | कमी |
|---|---|---|---|
| राजस्थान | 282.6 मिमी | 368.3 मिमी | 23% |
| पूर्वी राजस्थान | 411.8 मिमी | 528.8 मिमी | 22% |
| पश्चिमी राजस्थान | 179.7 मिमी | 250.5 मिमी | 25% |