🔴 Pakistan News: कराची कोर्ट में सिद्धू मूसेवाला को ‘गुरु’ मानने वाले यूट्यूबर रजब बट्ट की पिटाई, कपड़े तक फाड़े गए
कराची की अदालत में हंगामा, यूट्यूबर पर हमला
पाकिस्तान के चर्चित यूट्यूबर रजब बट्ट एक बार फिर विवादों के केंद्र में आ गए हैं। कराची की सेशन कोर्ट में पेशी के दौरान उनकी जमकर पिटाई कर दी गई। हमलावरों ने न सिर्फ उन पर थप्पड़ बरसाए, बल्कि उनके कपड़े तक फाड़ डाले। इस घटना ने पाकिस्तान की न्यायिक सुरक्षा व्यवस्था पर भी सवाल खड़े कर दिए हैं।
सिद्धू मूसेवाला को मानते हैं ‘उस्ताद’
रजब बट्ट पंजाबी सिंगर सिद्धू मूसेवाला को अपना गुरु मानते हैं। यही वजह है कि वे भारत और पाकिस्तान—दोनों देशों में चर्चा में रहते हैं। मूसेवाला से जुड़ा उनका यह जुड़ाव कई बार विवाद का कारण भी बन चुका है।
कट्टरपंथियों के लगातार निशाने पर
रजब बट्ट सोशल मीडिया पर बेहद लोकप्रिय हैं और उनके यूट्यूब चैनल पर 80 लाख से ज्यादा सब्सक्राइबर हैं। बीते कुछ महीनों से वे पाकिस्तान में कट्टरपंथी संगठनों और मौलवियों के निशाने पर हैं। सिद्धू मूसेवाला के नाम से जुड़े उनके कंटेंट को लेकर उन पर बार-बार आपत्तियां उठती रही हैं।
‘295’ परफ्यूम लॉन्च से भड़का था विवाद
रजब बट्ट ने हाल ही में अपना परफ्यूम ब्रांड ‘295’ लॉन्च किया था। इस नाम को लेकर पाकिस्तान में भारी विवाद खड़ा हो गया था। कट्टरपंथी समूहों ने इसे ईशनिंदा से जोड़कर देखा, जिसके बाद रजब को सार्वजनिक रूप से कुरान हाथ में लेकर माफी मांगनी पड़ी थी।
295 नाम के पीछे सिद्धू मूसेवाला कनेक्शन
रजब बट्ट ने खुद बताया था कि ‘295’ नाम उन्होंने अपने गुरु सिद्धू मूसेवाला से प्रेरित होकर रखा। उनके अनुसार, मूसेवाला पर भारतीय दंड संहिता की धारा 295 लगी थी और उनके खिलाफ भी यही धारा दो बार लग चुकी है। इसी वजह से उन्होंने परफ्यूम का नाम 295 रखा।
कोर्ट में क्या हुआ?
सोमवार को रजब बट्ट ईशनिंदा से जुड़े एक मामले में पेशी के लिए कराची सेशन कोर्ट पहुंचे थे। डॉन की रिपोर्ट के मुताबिक, मामला संवेदनशील होने के कारण वकीलों ने उन्हें घेरकर कोर्ट परिसर में प्रवेश कराया। इसी दौरान वकीलों के ही एक दूसरे गुट ने उन पर हमला कर दिया।
वकीलों के गुट ने की पिटाई
अचानक हुए हमले में रजब बट्ट को थप्पड़ मारे गए और उनके कपड़े फाड़ दिए गए। उन पर ‘काफिर’ होने जैसे आरोप भी लगाए गए। घटना का वीडियो खुद रजब के वकील ने सोशल मीडिया पर साझा किया, जो तेजी से वायरल हो रहा है।
वकीलों में नाराज़गी की वजह
दरअसल, रजब बट्ट की पिटाई के पीछे एक पुराना विवाद बताया जा रहा है। आरोप है कि एक वीडियो में उन्होंने वकीलों के लिए कथित तौर पर आपत्तिजनक भाषा का इस्तेमाल किया था। इसी वीडियो को लेकर पिछले साल दिसंबर में उनके खिलाफ एफआईआर भी दर्ज की गई थी।
नमाज वाले वीडियो से भी जुड़ा है मामला
एक अन्य वीडियो में रजब बट्ट को बैकग्राउंड म्यूजिक के साथ नमाज पढ़ते हुए दिखाया गया था। इस वीडियो को लेकर भी धार्मिक भावनाएं आहत करने के आरोप लगे थे और कानूनी कार्रवाई शुरू हुई थी।
लंदन से लौटते ही बढ़ीं मुश्किलें
रजब बट्ट 10 दिसंबर को ही लंदन से पाकिस्तान लौटे थे। अपने खिलाफ कई मामलों के चलते वे पहले ब्रिटेन चले गए थे। पाकिस्तान वापसी पर इस्लामाबाद हाईकोर्ट ने उन्हें 20 दिसंबर तक अंतरिम जमानत दी थी।
जमानत बढ़वाने पहुंचे थे कोर्ट
इसी अंतरिम जमानत को आगे बढ़वाने के लिए रजब बट्ट सोमवार को कराची कोर्ट पहुंचे थे, लेकिन कोर्ट परिसर में ही उनके साथ यह हिंसक घटना हो गई।
रजब बट्ट का मामला पाकिस्तान में सोशल मीडिया, धार्मिक कट्टरता और अभिव्यक्ति की आज़ादी के टकराव को दिखाता है। अदालत परिसर में खुलेआम हिंसा यह सवाल खड़ा करती है कि संवेदनशील मामलों में आरोपियों की सुरक्षा कितनी मजबूत है। सिद्धू मूसेवाला से जुड़ा नाम और ‘295’ जैसे प्रतीक रजब बट्ट के लिए लोकप्रियता के साथ-साथ खतरे का कारण भी बनते जा रहे हैं।